जल्द टोल प्लाजा से मिलेगी निजात, नितिन गडकरी ने बताया कैसे काम करेगा नया GPS सिस्टम

नई दिल्ली, 24 अगस्त। भारत सरकार जल्द ही देशभर के नेशनल हाईवे पर टोल प्लाजा से लोगों को आजादी देने की योजना बना रही है। अब नेशनल हाईवे पर टोल प्लाजा की बजाए गाड़ियों की नंबर प्लेट के जरिए ही टोल कट जाएगा। इसके लिए हाईवे पर कैमरे लगाए जाएंगे तो नंबर प्लेज को रीड करेंगे और अपने आप गाड़ी का टोल कट जाएगा। इसके लिए गाड़ी स्वामी को अपने नंबर प्लेट को बैंक खाते से जोड़ना होगा जैसा कि फास्ट टैग के लिए किया जाता है। इस स्कीम को को लागू करने के लिए तमाम प्रयास किए जा रहे हैं। इसके लिए कानूनी संशोधन भी किए जा रहे हैं। केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने इस योजना की जानकारी देते हुए कहा कि हमने इसके लिए 2019 में एक नियम बनाया है कि अब गाड़ियों में कंपनी फिटेड नंबर प्लेट लगकर आएगी।

जुर्माने का नहीं है प्रावधान

जुर्माने का नहीं है प्रावधान

नितिन गडकरी ने कहा कि पिछले चार साल में जो गाड़ियां आई हैं उनका नंबर प्लेट अलग है। अब योजना यह है कि टोल प्लाजा को हटाकर कैमरे लगाए जाए, जोकि नंबर प्लेट को रीड करेगा और अपने आप टोल काट लेगा। हम इस योजना को पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर कर रहे हैं। हालांकि इसमे एक दिक्कत यह है कि कानूनी तौर पर इसके जुर्माने का कोई कानून नहीं है। हम जल्द ही इसको लेकर एक प्रस्ताव ला सकते हैं कि जिसके तहत अगर एक निश्चित समय सीमा के भीतर हर किसी को यह नंबर प्लेट अपनी गाड़ी में लगवानी होगी। हमे यह बिल लाना होगा।

97 फीसदी फास्ट टैग से भुगतान

97 फीसदी फास्ट टैग से भुगतान

फिलहाल देश में अभी 97 फीसदी टोल कलेक्शन फास्ट टैग के जरिए हो रहा है, जोकि तकरीबन 40 हजार करोड़ रुपए है। बाकी के 3 फीसदी टोल का कलेक्शन फास्ट टैग से इतर हो रहा है जोकि तुलनात्मक तौर पर महंगा है। फास्ट टैग से गाड़ियों का तकरीबन 47 सेकेंड में टोल प्लाजा पर टोल कट जाता है। एक घंटे के भीतकर 260 से अधिक वाहन टोल प्लाजा पर फास्ट टैग की सुविधा ले सकते हैं। सरकारी आंकड़ो के अनुसार अगर मानवीय टोल प्लाजा है तो यहां से एक घंटे के भीतर 112 वाहन पार हो सकते हैं।

टोल प्लाजा पर होगी सहूलियत

टोल प्लाजा पर होगी सहूलियत

फास्ट टैग के आने से लोगों को हाईवे पर टोल प्लाजा पर लगने वाली भीड़ से जरूर मुक्ति मिली है, लेकिन कई जगहों पर अभी भी लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। कई बार गाड़ियों के ऑथेंटिकेशन में दिक्कत होती है। फास्ट टैग काम नहीं करता है। गौर करने वाली बात है क 16 फरवरी 2021 से फास्ट टैग को अनिवार्य कर दिया गया है। अगर गाड़ी पर फास्ट टैग नहीं लगा होता है कि गाड़ी मालिक को सामान्य शुल्क से दो गुना शुल्क देना होता है। लेकिन अब नई व्यवस्था के आने के बाद लोगों को हाईवे पर और भी कम समय लगेगा।

ये है दिक्कत

ये है दिक्कत

ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रीडर के लग जाने के बाद इसे कैमरे खुद से रीड कर लेंगे और टोल प्लाजा पर भीड़ और भी कम लगेगी। हालांकि यह सबकुछ इस सिस्टम के सुचारू तौर पर काम करने पर निर्भर करता है। इस मामले के जानकार एख एक्सपर्ट का कहना है कि एक से एधिक सिस्टम की इसके लिए जरूरत होगी ताकि इसे फुल प्रूफ बनाया जा सके और किसी भी तरह की कोई गड़बड़ी ना हो। अगर नंबर प्लेट पर कुछ और लिखा होगा तो कैमरा उसे पढ़ नहीं पाएगा। जैसा की आप सभी जानते हैं कि लोग नंबर प्लेट पर बहुत कुछ लिखवाते हैं।

 सिर्फ इलेक्ट्रॉनिक प्लेट से नहीं चलेगा काम

सिर्फ इलेक्ट्रॉनिक प्लेट से नहीं चलेगा काम

एक्सपर्ट का कहना है कि टेस्ट में यह बात सामने आई है कि कैमरा तकरीबन 10 फीसदी कारों को नहीं पकड़ पा रहा है। उनकी नंबर प्लेट पर 9 शब्द से अधिक लिखा होता है या अतिरिक्त अंक दर्ज होते हैं। इस तरह के सिस्टम के साथ फास्ट टैग को भी फिलहाल लगाने की जरूरत है। फास्ट टैग और जीपीएस दोनों को ही लगाना होगा। भारत जैसे देश में हमे एक से अधिक सिस्टम की जरूरत होगी ताकि राजस्व का घाटा ना हो।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+