Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

सनसनी की तरह टीम इंडिया को मिलेंगे नवदीप सैनी!

''मुझे दिल्ली के रणजी ट्रॉफी फ़ाइनल में पहुंचने की बेहद ख़ुशी है. लेकिन अकेले मेरे दम पर दिल्ली फाइनल में नही पहुंची है, इसका श्रेय पूरी टीम को जाता है. हमारी युवा टीम है और सभी खिलाड़ियों ने काफ़ी मेहनत की जिसकी वजह से टीम दस साल बाद रणजी फाइनल में पहुंची है.''

यह कहना है इन दिनो चल रहे रणजी ट्रॉफी मुक़ाबलों में दिल्ली की पुणे में समाप्त हुए पहले सेमीफाइनल में बंगाल के ख़िलाफ़ मिली एक पारी और 26 रन से मिली जीत के बाद दिल्ली के तेज़ गेंदबाज़ नवदीप सैनी का. ये मुक़ाबला बीते मंगलवार को ख़त्म हुआ है.

नवदीप सैनी ने बंगाल के ख़िलाफ पहली पारी में 55 रन देकर तीन और दूसरी पारी में 35 रन देकर चार विकेट हासिल किए.

उनके प्रदर्शन ने अनुभवी और दिल्ली के पूर्व कप्तान गौतम गंभीर के पहली पारी में बनाए गए शतक को भी भूला दिया.

गंभीर ने शानदार 127 रन बनाए थे. प्रथम श्रेणी क्रिकेट में यह उनका 42वां शतक था.

अब इसे संयोग भी कहा जा सकता है कि गौतम गंभीर की वजह से ही नवदीप सैनी दिल्ली की रणजी टीम तक पहुंचे.

उन्होंने बीबीसी को ख़ास बातचीत में बताया कि वो हरियाणा के करनाल ज़िले में स्थानीय क्रिकेट खेलते थे.

उनके दोस्त करनाल के ही सुमित नरवाल उन्हें जब भी दिल्ली का रणजी मैचों के लिए अभ्यास सत्र होता उन्हें केवल नेट पर गेंदबाज़ी करने के लिए दिल्ली ले आते थे.

यह अभ्यास सत्र दस दिनों का होता था.

फिरोज़शाह कोटला
AFP
फिरोज़शाह कोटला

नेट पर ही तब दिल्ली के कप्तान रहे गौतम गंभीर ने कहा था कि अब जब भी दिल्ली का अभ्यास सत्र होगा तब आपको आना होगा.

इसके बाद गौतम गंभीर का फ़ोन आते ही नवदीप सैनी दिल्ली पहुंच जाते.

अब इसके बाद एक विवाद भी उठ खड़ा हुआ कि क्या दिल्ली में खिलाड़ियों की कमी है जो हरियाणा के गेंदबाज़ को मौक़ा दिया जा रहा है.

ख़ैर सब कुछ सही रहा और नवदीप सैनी के रास्ते दिल्ली के लिए खुल गए.

नवदीप सैनी ने दिल्ली के लिए अपना पहला रणजी ट्रॉफी मुक़ाबला साल 2013 में दिल्ली में ही विदर्भ के ख़िलाफ़ खेला.

इस मैच में उन्हें पहली पारी में दो विकेट मिले.

उस मुक़ाबलें में उनके साथ भारत के पूर्व तेज़ गेंदबाज़ आशीष नेहरा भी थे तो साथ ही दो अन्य तेज़ गेंदबाज़ परविन्दर अवाना और सुमित नरवाल भी थे.

मामला फिर गर्माया और अख़बारों में आने लगा कि हरियाणा का लड़का दिल्ली से कैसे खेल रहा है, लेकिन ड्रेसिंग रूम में गौतम गंभीर, वीरेंद्र सहवाग, आशीष नेहरा और मिथुन मिनहास के साथ ने उनकी राह आसान कर दी.

वैसे नवदीप सैनी ने इस सत्र में उत्तर प्रदेश के ख़िलाफ़ भी सात विकेट झटककर दिल्ली की जीत में अपनी अहम भूमिका निभाई.

उसके बाद महाराष्ट्र के ख़िलाफ़ भी नवदीप सैनी ने छह विकेट अपने नाम किए.

नवदीप सैनी अभी तक 29 प्रथम श्रेणी क्रिकेट मैचों में 91 विकेट हासिल कर चुके है.

अब ऐसा भी नही है कि नवदीप को किसी समस्या का सामना नही करना पड़ा.

गौतम गंभीर
Getty Images
गौतम गंभीर

नवदीप ने कहा कि दो साल पहले ख़राब फिटनेस के कारण वो दिल्ली के लिए रणजी ट्रॉफी का क्वॉर्टर फाइनल नही खेल सके.

अब नवदीप सैनी दिल्ली में ही रहते हैं और शनिवार, रविवार को हरियाणा के अपने घर जाते है.

अब दिल्ली अपना फाइनल मुक़ाबला 29 दिसंबर से इंदौर में खेलेगी जहां उसका सामना कोलकाता में खेले जा रहे दूसरे सेमीफाइनल की विजेता टीम से होगा. वहां विदर्भ और कर्नाटक आमने-सामने है.

अब लाख टके का सवाल कि क्या इस दमदार प्रदर्शन के दम पर नवदीप सैनी भारतीय टीम में आने का दमख़म रखते है या नही.

इसका जवाब देते हुए क्रिकेट समीक्षक और दिल्ली की क्रिकेट को बेहद नज़दीक से देखने वाले विजय लोकपल्ली कहते है कि इस समय नवदीप भारत के सबसे अच्छे पांच-छह गेंदबाज़ों में से एक हैं.

नवदीप लगातार 140 से ज़्यादा रफ्तार से अधिक गेंदबाज़ी कर रहे है.

भारत के पूर्व तेज़ गेंदबाज़ और दिल्ली के गेंदबाज़ी कोच रहे मनोज प्रभाकर से उन्हें काफ़ी कुछ सीखने को मिला है.

ट्वेंटी-20 और एकदिवसीय क्रिकेट में तो गेंदबाज़ आजकल बचकर गेंदबाज़ी करते है, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में नवदीप बेहद कामयाब हो सकते हैं.

भारत ए के लिए तो उनका चयन हो ही चुका है, अगर वह भारत के लिए भी खेलते नज़र आए तो बड़ी बात नहीं होगी.

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+