बंदर अपने दिमाग का प्रयोग करके खेल सकेंगे वीडियो गेम, जानें कैसे?

बंदर अपने दिमाग का प्रयोग करके खेल सकेंगे वीडियो गेम, जानें कैसे?

नई दिल्‍ली। बंदर हमारे पूर्वज कहलाते हैं लेकिन अब आने वाले दिनों में बंदर अपने दिमाग का प्रयोग करते हुए वीडियो गेम भी खेलते नजर आएंगे। इतना ही नहीं टेस्ला (Tesla) के CEO एलॉन मस्क (Elon Musk) ने एक ऐसी माइंड रीडिंग चिप तैयार की है जिससे आपके दिमाग में क्या चल रहा इसका भी पता लगाया जा सकेगा। टेस्ला (Tesla) के CEO एलॉन मस्क (Elon Musk) ह्यूमन कंप्यूटर इंटरफेस कंपनी, न्यूरालिंक (Neuralink) माइंड रीडिंग चिप बनाने जा रही है।

बंदर अपने दिमाग का प्रयोग करते हुए वीडियो गेम खेल सकता है

बंदर अपने दिमाग का प्रयोग करते हुए वीडियो गेम खेल सकता है

न्यूरेलिंक एक कंपनी है जो लोगों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के लिए मानव-कंप्यूटर इंटरफेस पर केंद्रित है। एलॉन मस्क ने दावा किया कि अधिकारियों ने बंदर की खोपड़ी में एक कंप्यूटर चिप लगाई है और इसे "छोटे तारों" का इस्तेमाल किया है। दरअसल न्यूरालिंक सालों से जानवरों पर न्यूरल इंटरफेस का टेस्ट कर रही है। एलॉन मस्‍क ने बताया कि उनकी कंपनी ने इस चिप की टेस्टिंग शुरू कर दी है। इस चिप की टेस्टिंग के लिए बंदर के सिर में एक वायरलेस कंप्यूटर चिप लगाई गई है, जिसे छोटी-छोटी तारों के जरिए उसके दिमाग से जोड़ा गया है, जिसके बाद बंदर अपने दिमाग का प्रयोग करते हुए वीडियो गेम खेल सकता है। मस्क ने कहा कि हम जानने की कोशिश कर रहे हैं कि क्या भविष्य में हम बंदरों के साथ वीडियो गेम खेल सकते हैं। अगर ऐसा संभव हुआ तो बहुत ही बड़ी सफलता होगी।

सुअर पर किया गया था ये प्रयोग

सुअर पर किया गया था ये प्रयोग

दरअसल न्यूरालिंक पिछले कई वर्षों से न्यूरल इंटरफेस का टेस्ट कर रही है। विगत वर्ष न्यूरेलिंक ने गर्ट्रूड नाम के एक सुअर पर अपनी खोज की टेस्टिंग भी की थी जिसका एक वीडियो भी साझा किया था। उस वीडियो में न्यूरेलिंक ने गर्ट्रूड के दिमाग में लगाई गई एक वायर्ड चिप के आधार पर रिकॉर्ड करने और एक्शन की भविष्यवाणी करने की अपनी क्षमता को दिखाया था।

चिप लगाने के बाद बंदर न तो असहज है और न ही अजीब दिखता है

चिप लगाने के बाद बंदर न तो असहज है और न ही अजीब दिखता है

वीडियो-गेम खेलने वाले बंदर को एक वायरलेस चिप लगाई गई है, जिसने केवल उसके अपने दिमाग के साथ एक इलेक्ट्रॉनिक इंटरफेस को कंट्रोल करने में सक्षम बनाया है। मस्क ने कहा चिप लगाने के बाद बंदर न तो असहज है और न ही अजीब दिखता है, क्योंकि आप यह भी पता नहीं लगा पाएंगे कि चिप उसके दिमाग में कहां से लगाई गई है। न्यूरालिंक अमेरिका के नियमों के आधार पर काम कर रही है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+