• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

लक्षद्वीप में नए कानूनों के विरोध में आए 93 शीर्ष पूर्व नौकरशाह, PM Modi को लिखा खत

|

नई दिल्ली, 6 जून। देश भर के रिटायर हो चुके 93 टॉप ब्यूरोक्रेट्स ने लक्षद्वीप के प्रशासक प्रफुल्ल पटेल के विवादास्पद फैसलों के खिलाफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में उन पूर्व सिविल प्रशासकों ने कहा है कि वे किसी भी राजनीतिक दल से संबंद्ध नहीं हैं लेकिन भारतीय संविधान के प्रति तटस्थता और प्रतिबद्धता में विश्वास करते हैं।

    Lakshadweep मामले पर 93 Former Bureaucrats ने PM Modi को लिखा खत, कही ये बात | वनइंडिया हिंदी

    lakshadweep

    पत्र में पूर्व ब्यूरोक्रेट्स ने कहा है "विकास के नाम पर लक्षद्वीप के प्राचीन केंद्र शासित प्रदेश में हो रही परेशान करने वाली घटनाओं पर अपनी गहरी चिंता दर्ज करने के लिए हम आज आपको लिख रहे हैं।"

    लक्षद्वीप प्रशासक के फैसलों का विरोध
    केंद्र शासित प्रदेश लक्षद्वीप में पिछले दिनों प्रशासक प्रफुल्ल पटेल के फैसलों के चलते विवाद खड़ा हो गया है। लक्षद्वीप के निवासी बड़ी संख्या में इसे उनकी संस्कृति पर हमला बताते हुए विरोध कर रहे हैं।

    इन्हीं फैसलों को लेकर पूर्व नौकरशाहों ने पत्र में कहा है "यह स्पष्ट है कि इनमें से प्रत्येक मसौदा एक बड़े एजेंडे का हिस्सा है जो द्वीपों और द्वीपों पर रहने वालों के लोकाचार और हितों के खिलाफ है।"

    पत्र में लक्षद्वीप में किए जा रहे बदलावों को बाहर से थोपने वाला और मनमाना बताते हुए इसे लक्षद्वीप के पर्यावरण और समाज का सम्मान करने वाली स्थापित प्रथाओं का उल्लंघन कहा गया है। इसमें कहा गया है कि द्वीपवासियों के साथ बिना परामर्श के लक्षद्वीप प्रशासक के कार्य और आने वाले समय के लिए लाए गए प्रस्ताव लक्षद्वीप के समाज, अर्थव्यवस्था और परिदृश्य के ताने-बाने पर एक हमला करते हैं। यह ऐसा मालूम पड़ता है कि यह द्वीप बाहरी निवेशकों, पर्यटकों और पर्यटन के लिए टुकड़ा भर है।

    93 पूर्व नौकरशाहों के इस पत्र में फैसलों को वापस लेने और लक्षद्वीप के लिए पूर्णकालिक और लोगों के प्रति संवेदनशील व उत्तरदायी प्रशासक की नियुक्ति की मांग की है।

    लक्षद्वीप के लिए सोशल मीडिया पर अभियान
    बता दें कि पिछले कुछ समय से लक्षद्वीप के लोगों समेत कई लोगों ने सोशल मीडिया पर सेव लक्षद्वीप जैसे ऑनलाइन अभियान चलाया जा रहा है। लक्षद्वीप के सांसद मोहम्मद फैजल के चिंता जताने के बाद केरल के निर्वाचित प्रतिनिधियों (कांग्रेस और लेफ्ट दोनों) ने इस मसौदे का विरोध किया है।

    केंद्र सरकार से लक्षद्वीप के प्रशासक को वापस बुलाने की मांग, केरल विधानसभा में पास किया गया प्रस्तावकेंद्र सरकार से लक्षद्वीप के प्रशासक को वापस बुलाने की मांग, केरल विधानसभा में पास किया गया प्रस्ताव

    लक्षद्वीप के कलेक्टर के आस्कर अली ने मई के अंतिम सप्ताह में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी जिसमें प्रशासक प्रफुल पटेल के मसौदे के आदेशों का समर्थन करते हुए इसे "लक्षद्वीप के विकास के लिए बहुत आवश्यक सुधार" के रूप में बताया था। अली ने मसौदे को लेकर हो रहे ऑनलाइन विरोध को "भ्रामक प्रचार" कहा था।

    English summary
    lakshadweep row 93 top ex civil servants wrote to pm
    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    For Daily Alerts
    तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
    Enable
    x
    Notification Settings X
    Time Settings
    Done
    Clear Notification X
    Do you want to clear all the notifications from your inbox?
    Settings X
    X