जम्मू-कश्मीर विधान चुनावों की उल्टी गिनती शुरू! लोकसभा चुनावों से कितनी अलग होगी तैयारी

Jammu & Kashmir Vihan Sabha Chunav: जम्मू और कश्मीर विधानसभा चुनावों को लेकर चुनाव आयोग और केंद्र सरकार की गतिविधियों से लगता है कि अब इसकी तैयारियों की उल्टी गिनती शुरू हो गई है। पिछले कुछ समय में वहां सुरक्षा के हालात जिस तरह से बिगड़े हैं, उसके बाद से इसको लेकर कुछ संदेह उठ रहे थे।

जम्मू-कश्मीर में संभावित चुनाव तारीखों की घोषणा से पहले तैयारियों पर चर्चा के लिए बुधवार को मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार की अगुवाई में चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और सुखबीर संधु ने केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला से मुलाकात की थी।

jammu kashmir election

जम्मू-कश्मीर विधान चुनावों की उल्टी गिनती शुरू!
ईटी की एक रिपोर्ट के मुताबिक बातचीत के दौरान जम्मू और कश्मीर के विभिन्न हिस्सों में हालिया आतंकी घटनाओं की वजह से सुरक्षा चिंता का मुद्दा तो जरूर उठा, लेकिन जहां तक चुनाव करवाने की बात है तो इसको लेकर रुख सकारात्मक रहा। कुल मिलाकर इस बातचीत के बाद यही भावना पैदा हुई कि कोई भी चुनौती ऐसी नहीं होती, जिसका 'समाधान' न हो।

जब केंद्र सरकार मौजूदा हालात में जम्मू और कश्मीर में सुरक्षा चुनौतियों के बावजूद चुनाव को लेकर आमतौर पर सहमत दिख रही है तो संभावना है कि आने वाले दिनों में इससे जुड़ी गतिविधियां बढ़ने वाली हैं।

लोकसभा चुनावों से कितनी अलग होगी तैयारी
इस साल अप्रैल-मई लोकसभा चुनावों के दौरान खासकर कश्मीर घाटी में भारी मतदान प्रतिशत की काफी वाहवाही हुई है। तब अभी के मुकाबले सुरक्षा के हालात फिर भी काफी बेहतर थे। तब भी चुनाव के लिए वहां अर्धसैनिक बलों की 635 कंपनियां तैनात की गई थीं।

ऐसे में विधानसभा चुनावों के लिए इनकी तैनाती बहुत ज्यादा बढ़ानी पड़ सकती है। क्योंकि, एक तो सुरक्षा की चुनौती बढ़ी हुई है और दूसरा, लोकसभा चुनावों के मुकाबले विधानसभा चुनावों में उम्मीदवारों और राजनीतिक दलों का संघर्ष उससे ज्यादा जोरदार होता है। चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों की सुरक्षा भी एक बड़ी चिंता रहती है।

चुनाव आयोग अन्य बारीकियों की छानबीन के बाद घोषित कर सकता है तारीख
सूत्रों का कहना है कि केंद्र सरकार की भावना को परखने के बाद चुनाव आयोग अन्य बारीकियों की पड़ताल शुरू कर देगा और उसके बाद किसी भी वक्त चुनाव तारीखों की घोषणा हो सकती है। वैसे सुप्रीम कोर्ट ने इसके लिए 30 सितंबर की डेडलाइन दे रखी है।

कैसी है राजनीतिक दलों की स्थिति
जम्मू और कश्मीर में लोकसभा की कुल 5 सीटें हैं। इस बार लोकसभा चुनाव में इनमें से कश्मीर की तीन सीटों में से दो नेशनल कांफ्रेंस और एक निर्दलीय ने जीती है, जबकि जम्मू डिविजन की दोनों सीटें लगातार तीसरी बार बीजेपी ने जीती है। इस बार इन सीटों पर यहां के मतादाताओं ने रिकॉर्ड 58% मतदान किया है। संभावना है कि विधानसभा चुनावों में यह रिकॉर्ड भी टूट सकता है।

इसे भी पढ़ें- महाराष्ट्र में उद्धव अभी से कांग्रेस को दिखाने लगे हैं बीजेपी वाला डर? MVA के सामने रख दी ये शर्त!

अगर वोट शेयर की बात करें तो बीजेपी को 24.36%,नेशनल कांफ्रेंस को 22.3%,कांग्रेस को 19.38% और पीडीपी को 8.48% मत मिले हैं। परिसीमन आयोग की अंतिम रिपोर्ट के अनुसार यहां विधानसभा की 90 सीटें होंगी, जिसमें रियासी जिले की वैष्णो देवी और कटरा नई विधानसभा भी शामिल हैं।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+