ओलंपिक में भारत फिसड्डी क्यों? 144 करोड़ की आबादी वाले देश ने 124 साल में जीते सिर्फ 38 पदक
India in Olympic History in Hindi: पेरिस ओलंपिक 2024 में भारतीय रेसलर विनेश फोगाट 7 अगस्त को एनवक्त पर डिसक्वालीफाई हो गईं। विनेश फोगाट ने 50 KG श्रेणी कुश्ती के फाइनल में पहुंचकर पेरिस ओलंपिक में भारत के लिए पहले स्वर्ण पदक के उम्मीद जगाई थी।
विनेश फोगाट के पेरिस ओलंपिक 2024 से बाहर होने पर 144 करोड़ भारतीयों का दिल टूट गया। वैसे भी खेलों के महाकुंभ ओलंपिक में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन अन्य देशों की तुलना में हमेशा से ही निराशाजनक रहा है।
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ओलंपिक खेलों के 124 साल के इतिहास में पेरिस 1900 से लेकर पेरिस 2024 तक भारत ने अब तक 25 ओलंपिक खेल में हिस्सा लेते हुए सिर्फ 38 पदक जीते हैं। इनमें 10 स्वर्ण, नौ रजत व 19 कांस्य पदक शामिल हैं।
ओलंपिक इतिहास में भारत की स्थिति दयनीय है, मगर मगर UAS, चीन, फ्रांस व ग्रेट ब्रिटेन जैसे देशों ने भारत के अब तक के कुल पदों से ज्यादा तो अकेले पेरिस ओलंपिक 2024 में जीत लिए हैं।
पेरिस ओलंपिक 2024 में रेसलर विनेश फोगाट से डिसक्वालीफाई होने तक भारत पदक तालिका में 3 कांस्य पदक हासिल करके 63वें नंबर पर है। पेरिस ओलंपिक 2024 पदक तालिका में ऐसे-ऐसे देश भी भारत से ऊपर हैं, जो आबादी, क्षेत्रफल व ताकत समेत कई लिहाज से भारत के राज्यों से भी छोटे हैं।
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ओलंपिक में भारत के पिछड़ने की वजह
क्रिकेट के प्रति दीवानगी: यह कहना गलत नहीं होगा कि भारत में क्रिकेट की दीवानगी ओलंपिक पदकों पर भारी पड़ रही है। भारत में क्रिकेट की लोकप्रियता इस कदर है कि अन्य खेलों के प्रति ऐसा माहौल ही नहीं बन पा रहा कि हमारे यहां ओलंपिक में पदकों की झड़ी लगाने वाले एथलीट तैयार हो सकें।
खेलों में सियासी दखल: भारतीय खेलों में सियासी दखल से भी इनकार नहीं किया जा सकता है। जनवरी 2023 को विभिन्न मांगों को लेकर भारतीय पहलवानों को दिल्ली में धरना देकर प्रदर्शन तक करना पड़ा था।
धरना देने वाले पहलवानों में साक्षी मलिक व बजरंग पूनिया समेत पेरिस ओलंपिक 2024 में फाइनल तक पहुंचकर डिसक्वालीफाई हुईं विनेश फोगाट भी शामिल थीं। पहलवानों ने भारतीय कुश्ती संघ पूर्व अध्यक्ष और बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ यौनशोषण तक के आरोप लगाए थे।

खेल हरियाणा तक सीमित: भारत में ओलंपिक खिलाड़ी हरियाणा तक ही सीमति हैं। इसकी एक बानगी पेरिस ओलंपिक 2024 भी है। पेरिस ओलंपिक में भारतीय दल में 117 एथलीट्स गए हैं। इनमें से ज्यादा 24 एथलीट अकेले हरियाणा से हैं जबकि 19 एथलीट भेजकर पंजाब दूसरे व 13 एथलीट भेजकर तमिलनाडु तीसरे स्थान पर है।
पेरिस ओलंपिक 2024 में किस राज्य से कितने एथलीट्स?
- हरियाणा-24
- पंजाब-19
- तमिलनाडु-13
- कर्नाटक-7
- उत्तर प्रदेश-7
- केरल-6
- महाराष्ट्र-5
- उत्तराखंड-4
- दिल्ली-4
- आंध्रप्रदेश-4
- तेलंगाना-4
- पश्चिम बंगाल-3
- चंडीगढ़-2
- गुजरात-2
- ओडिशा-2
- राजस्थान-2
- मणिपुर-2
- मध्य प्रदेश-2
- असम-1
- बिहार-1
- गोवा-1
- झारखंड-1
- सिक्किम-1

भारत का पहला ओलंपिक व पदक
- भारत ने आजादी मिलने के 47 साल पहले से ही ओलंपिक खेलों में हिस्सा लेना शुरू कर दिया था।
- भारत ने साल 1900 में पेरिस में आयोजित ओलंपिक में पहली बार हिस्सा लिया। अब तक भारत को ओलंपिक में सबसे ज्यादा स्वर्ण पदक हॉकी ने दिलाए हैं।
- एम्स्टर्डम ओलंपिक 1928 से लांस एंजिल्स 1932, बर्लिन 1936, लंदन 1948, हेल्सिंकी 1952 व मेलबर्न 1956 भारतीय हॉकी स्वर्णिम युग रहा।
- पेरिस ओलंपिक 1900 में एथलीट नॉर्मन प्रिचर्ड ने भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए 200 मीटर दौड़ में 2 रजत पदक जीते थे। ये भारत का पहला ओलंपिक पदक था।

भारतीय ओलंपिक पदक विजेताओं की सूची
- नॉर्मन प्रिचर्ड रजत पुरुषों का 200 मीटर पेरिस 1900
- नॉर्मन प्रिचर्ड रजत पुरुषों का 200 मीटर बाधा दौड़ (हर्डल रेस) पेरिस 1900
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी एम्स्टर्डम 1928
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी लॉस एंजिल्स 1932
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी बर्लिन 1936
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी लंदन 1948
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी हेल्सिंकी 1952
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी मेलबर्न 1956
- केडी जाधव कांस्य पुरुषों की बेंटमवेट कुश्ती हेल्सिंकी 1952
- भारतीय हॉकी टीम रजत पुरुष हॉकी रोम 1960
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी टोक्यो 1964
- भारतीय हॉकी टीम कांस्य पुरुष हॉकी मेक्सिको सिटी 1968
- भारतीय हॉकी टीम कांस्य पुरुष हॉकी म्यूनिख 1972
- भारतीय हॉकी टीम स्वर्ण पुरुष हॉकी मास्को 1980
- लिएंडर पेस कांस्य पुरुष एकल टेनिस अटलांटा 1996
- कर्णम मल्लेश्वरी कांस्य भारोत्तोलन (महिलाओं का 54 किग्रा) सिडनी 2000
- राज्यवर्धन सिंह राठौड़ रजत पुरुषों का डबल ट्रैप शूटिंग एथेंस 2004
- अभिनव बिंद्रा स्वर्ण पुरुषों का 10 मीटर एयर राइफल शूटिंग बीजिंग 2008
- विजेंदर सिंह कांस्य पुरुषों का मिडिलवेट बॉक्सिंग (मुक्केबाजी) बीजिंग 2008
- सुशील कुमार कांस्य पुरुषों का 66किग्रा कुश्ती बीजिंग 2008
- सुशील कुमार रजत पुरुषों का 66 किग्रा कुश्ती लंदन 2012
- विजय कुमार रजत पुरुषों का 25मी रैपिड पिस्टल शूटिंग लंदन 2012
- साइना नेहवाल कांस्य महिला एकल बैडमिंटन लंदन 2012
- मैरी कॉम कांस्य महिला फ्लाइवेट मुक्केबाजी लंदन 2012
- योगेश्वर दत्त कांस्य पुरुष 60 किग्रा कुश्ती लंदन 2012
- गगन नारंग कांस्य पुरुष 10 मीटर एयर राइफल शूटिंग लंदन 2012
- पीवी सिंधु रजत महिला एकल बैडमिंटन रियो 2016
- साक्षी मलिक कांस्य महिला 58किग्रा कुश्ती रियो 2016
- मीराबाई चानू रजत महिला 49 किग्रा भारोत्तोलन (वेटलिफ्टिंग) टोक्यो 2020
- लवलीना बोरगोहेन कांस्य महिला वेल्टरवेट (64-69 किग्रा) टोक्यो 2020
- पीवी सिंधु कांस्य महिला एकल बैडमिंटन टोक्यो 2020
- रवि कुमार दहिया रजत पुरुष फ्रीस्टाइल 57 किग्रा कुश्ती टोक्यो 2020
- भारतीय हॉकी टीम कांस्य पुरुष हॉकी टोक्यो 2020
- बजरंग पुनिया कांस्य पुरुष 65 किग्रा कुश्ती टोक्यो 2020
- नीरज चोपड़ा स्वर्ण पुरुषों का भाला फेंक टोक्यो 2020
- मनु भाकर कांस्य महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल शूटिंग पेरिस 2024
- मनु भाकर-सरबजोत सिंह कांस्य मिश्रित टीम 10 मीटर एयर पिस्टल शूटिंग पेरिस 2024
- स्वप्निल कुसाले कांस्य पुरुषों की 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन शूटिंग पेरिस 2024
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