आम बजट से टूट सकती है गरीब व मध्यम वर्ग की कमर

बता दें कि कांग्रेस ने अपने 10 साल के कार्यकाल के दौरान पेट्रोल, डीजल, गैस, दवाई समेत दैनिक दिनचर्या की सभी वस्तुओं को बार-बार मंहगा किया। उस दौरान भाजपा विपक्ष मेंं बैठी थी और इस मंहगाई का पुरजोर विरोध कर रही थी। विरोध किए जाने के दौरान एक नारा और भी दिया गया था कि हमारी सरकार आने के बाद मंहगाई कम होगी। मंहगाई कम करना कांग्रेस के बस की बात नहीं है।
नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद वित्त मंत्री अरुण जेटली अपना पहला आम बजट 10 जुलाई को पेश करेंगे। यह बजट सिर्फ एक भाषण मात्र नहीं होगा बल्कि लाखों-करोड़ों गरीबों की आशाओंं का भाषण होगा। सूत्रों की मानें तो 10 जुलाई को पेश किया जाने वाला आम बजट गरीब और मध्यम वर्ग पर भारी पड़ सकता है। हालांकि आम बजट से पहले पेश किए गए रेलवे बजट ने पहले से ही गरीबों की कमर तोड़ दी है।
आम बजट में बढ़ सकते हैं दाम:
1. सीएनजी के दाम 7.50 रुपए प्रति किलोग्राम बढ़ाए जा सकते हैं।
2. चीनी के दामों में 10 रुपए तक की बढ़ोतरी हो सकती है।
3. रसोईगैस के दाम बढ़ेंगे लेकिन सब्सिडी सिलंडर के नहीं।
4. पेट्रोल और डीजल से सब्सिडी हटाने के कारण निश्चित ही दामों में बढ़ोतरी होगी।
5. आईटी और आईटीईएस क्षेत्रों में न्यूनतम वैकल्पिक कर और लाभांश वितरण में कर की कमी को घोषित किया जा सकता है।
6. निर्माण के क्षेत्र में बजट को प्राथमिकता दी जाएगी।
7. घरेलू वस्तुएं महंगी हाेंगी।












Click it and Unblock the Notifications