Satyapal Malik Death: 4 राज्यों के गवर्नर, बीजेपी उपाध्यक्ष, ऐसा रहा राजनीतिक जीवन का सफरनामा
Satyapal Malik Profile: जम्मू-कश्मीर के पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक का निधन हो गया है। एक वक्त में बीजेपी के कद्दावर नेताओं में शुमार थे और उन्हें पार्टी ने उपाध्यक्ष बनाया था। वह चार राज्यों के राज्यपाल भी रहे, लेकिन पिछले कुछ सालों में उनके रिश्ते मोदी सरकार से बिगड़ते गए। अपने आखिरी दिनों में उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह को पुलवामा हमले के लिए सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया था।
अपने लंबे राजनीतिक जीवन में वह बेहद विवादित भी रहे और कई पार्टियों में उन्होंने अपना राजनीतिक ठौर तलाशा था।

BJP में भ्रष्टाचार के लगाए थे गंभीर आरोप
उन्होंने बीजेपी में भारी भ्रष्टाचार का भी दावा किया था। 50 साल के लंबे सियासी करियर में उन्होंने कई पार्टियां बदलीं, लेकिन हमेशा खुद को जाट समाज और किसान नेता के तौर पर ही बताते रहे। वह खुद को लोहियावादी मानते थे और अपना राजनीतिक गुरु चौधरी चरण सिंह को बताते थे। जानें उनका सियासी सफरनामा।
Satyapal Malik की राजनीतिक यात्रा
- उत्तर प्रदेश में बागपत के हिसावदा गांव में 24 जुलाई 1946 को जन्म हुआ था और उन्होंने महज दो साल की उम्र में अपने पिता को खो दिया था। वह छात्र जीवन में ही राजनीति की तरफ मुड़ गए। उन्हें सक्रिय राजनीति में लाने का श्रेय चौधरी चरण सिंह को जाता है।
यह भी पढ़ें: Satyapal Malik Passed Away: नहीं रहे जम्मू-कश्मीर के पूर्व गवर्नर सत्यपाल सिंह मलिक, जानें निधन की अहम वजह?
- 1974 में चौधरी चरण सिंह के भारतीय क्रांति दल की टिकट पर बागपत विधानसभा का चुनाव लड़ा था और 28 साल की उम्र में विधानसभा पहुंच गए थे। 1980 में लोकदल के टिकट पर वह राज्यसभा पहुंचे थे। इमर्जेंसी के दौरान कांग्रेस का पुरजोर विरोध किया था और जेल भी गए थे। हालांकि, 1984 में उन्होंने पाला बदल लिया और कांग्रेस में शामिल हो गए।
- कांग्रेस छोड़ सत्यपाल मलिक ने जन मोर्चा पार्टी बनाई और साल 1988 में अपनी पार्टी का जनता दल में विलय कर दिया। 1989 में वह अलीगढ़ से सांसद भी बने थे। मुलायम सिंह यादव के राजनीतिक उभार के दिनों में समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए और 1996 में सपा के टिकट से अलीगढ़ से चुनाव लड़े, लेकिन हार गए।
- 2004 में बीजेपी में शामिल हुए, लेकिन बागपत से चुनाव नहीं जीत पाए। हालांकि, पार्टी ने उन्हें 2012 में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष का पद जरूर दिया था।
-2017 में उन्हें बिहार का राज्यपाल बनाया गया, 2018 में उन्हें जम्मू-कश्मीर का, 2019 में गोवा और 2020 में मेघालय का राज्यपाल बनाया था।
यह भी पढ़ें: Satyapal Malik: कभी जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल रहे, अब क्यों बोलना पड़ा 'मैं बागी हो सकता हूं, गद्दार नहीं'
किसान आंदोलन को लेकर दिया था विवादित बयान
सत्यपाल मलिक और बीजेपी के साथ रिश्तों में खटास किसान आंदोलन के बाद शुरू हुई। मलिक 2022 में मेघालय के गवर्नर थे और इस दौरान उन्होंने कहा था कि दिल्ली की सीमाओं पर 700 किसान मर गए...कुत्ता भी मरता है तो दर्द होता है, लेकिन किसानों के लिए संवेदना की एक चिट्ठी दिल्ली से नहीं आई। उन्होंने पुलवामा हमले को लेकर भी आरोप लगाया था कि केंद्र सरकार की अनदेखी की वजह से यह हमला हुआ। इतना ही नहीं उन्होंने यह भी कहा था कि बीजेपी ने पुलवामा का चुनावों में फायदा उठाया था।
-
Bengal Election: न्याय की लड़ाई से राजनीति तक—RG Kar पीड़िता की मां अब BJP उम्मीदवार, चुनाव में बड़ा ट्विस्ट -
Akhilesh Yadav Critiques Pooja Pal's 'Dhurandhar' Comment as BJP Responds to SP's History -
Balen Shah Cabinet: टीवी छोड़ 27 की उम्र में बनीं सांसद, अब बालेन सरकार में कानून मंत्री, कौन हैं सोबिता गौतम? -
Bengal Chunav 2026 BJP Candidates Third List: बीजेपी की तीसरी लिस्ट जारी, 19 उम्मीदवारों में कौन-कौन? -
Madhya Pradesh: इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज हुआ सिंधिया का फ्री मेगा मेडिकल कैंप, गांवों में फ्री इलाज -
TN Election 2026: कमल हासन की पार्टी चुनावी मैदान से बाहर, विधानसभा चुनाव में किसके साथ खड़ी है MNM? -
Delhi: गैस किल्लत पर भड़कीं आम आदमी पार्टी, दिल्ली विधानसभा के बाहर विधायकों ने किया प्रदर्शन -
Gold Rate Today: सोने के दामों में मामूली उछाल, निवेशक हैरान, कहां पहुंचा 24, 22 और 18 कैरट का भाव? -
LPG Cylinder Price Today: आज बदल गए रसोई गैस के दाम? सिलेंडर बुक करने से पहले चेक करें नई रेट लिस्ट -
'शूटिंग सेट पर ले जाकर कपड़े उतरवा देते थे', सलमान खान की 'हीरोइन' का सनसनीखेज खुलासा, ऐसे बर्बाद हुआ करियर -
Delhi NCR Weather Today: दिल्ली-NCR में होगी झमाझम बारिश, दिन में छाएगा अंधेरा, गिरेगा तापमान -
युद्ध के बीच ईरान ने ट्रंप को भेजा ‘बेशकीमती तोहफा’, आखिर क्या है यह रहस्यमयी गिफ्ट












Click it and Unblock the Notifications