मजदूर की मौत पर CM शिवराज सिंह बोले- Covid-19 Vaccine को लेकर पैदा ना करें गलतफहमी
नई दिल्ली। कोरोना वायरस के खिलाफ ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (Drugs Controller General of India) द्वारा देश की दो वैक्सीन कोविशील्ड और कोवैक्सीन को इमरजेंसी अप्रूवल दिए जाने के बाद केंद्र सरकार द्वारा 16 जनवरी, 2020 से टीकाकरण अभियान शुरू किए जाने की घोषणा की गई है। इस बीच मध्य प्रदेश में एक परिवार के आरोप के बाद वैक्सीन की सुरक्षा को लेकर राजनीतिक बयानबाजी शुरू हो गई है।

Recommended Video
बता दें कि भोपाल में 47 वर्षीय दिहाड़ी मजदूर दीपक मरावी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद परिवार वालों का आरोप है कि उनकी मौत वैक्सीन के डोज से हुई है। परिवार का दावा है कि दीपक मरावी कोविड-19 वैक्सीन के प्रतिभागी (वॉलंटियर) थे और टीका लगने के बाद 21 दिसंबर को उनकी मौत हो गई। परिवार के इन आरोपों को खारिज करते हुए एमपी के स्वास्थ्य मंत्री प्रभु राम चौधरी ने कहा, टीकाकरण के बाद के प्रभाव 30 मिनट के भीतर एक व्यक्ति में दिखाई देते हैं। टीकाकरण के 24 और 48 घंटे के बीच भी कोई दुष्प्रभाव नहीं देखा गया, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जहर के संकेत मिले हैं।
Viscera sent for testing. I urge all to take this matter sensitively so that no unnecessary misconception on vaccine is formed that'll affect vaccination. Report will come but I'm confident that if there's after-effect it shows in 24 hrs or 2-3 days, not after several days: MP CM https://t.co/IAoaV4TmkP pic.twitter.com/dyoPlGJniS
— ANI (@ANI) January 9, 2021
दिग्विज सिंह ने कहा- 'मंत्री जी शर्म करो'
वहीं, इस मामले पर विपक्ष ने एक बार फिर वैक्सीन की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़ा किया है। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने वीडियो के माध्यम से जारी किए गए बयान ट्विटर पर पोस्ट किया है। इसके साथ उन्होंने कैप्शन में लिखा, 'आदीवासी युवा मजदूर दीपक मरावी ने 750 रुपए की लालच से भारत बायोटेक का वैक्सीन लगवा लिया और उसी दिन से उसकी तबियत खराब हो गई। मुझे इस बात का दुख है NDTV में रिपोर्ट आने के बाद भी उसकी प्रशासन ने कोई ख़बर नहीं ली। मंत्री जी ने उसे टुकड़े टुकड़े गैंग से जोड़ दिया। मंत्री जी शर्म करो।'
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह की अपील
दिहाड़ी मजदूर दीपक मरावी के निधन और वैक्सीन की सुरक्षा पर विपक्ष के बयान पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की भी प्रतिक्रिया सामने आई है। सीएम शिवराज सिंह ने कहा, 'मृतक की विसरा रिपोर्ट को परीक्षण के लिए भेजा गया है, मैं सभी से इस मामले को संवेदनशीलता से लेने का आग्रह करता हूं ताकि टीके पर कोई अनावश्यक गलतफहमी पैदा न हो जो टीकाकरण को प्रभावित करेगा। रिपोर्ट में सच सामने आएगा, मुझे विश्वास है कि वैक्सीन का साइड इफेक्ट डोज लेने के 24 घंटे या 2-3 दिनों में दिखता है, कई दिनों बाद नहीं।'












Click it and Unblock the Notifications