चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने पीएम मोदी को दिया ढाई हजार साल पुराना तोहफा
नई दिल्ली। दो देशों के नेताओं के बीच गिफ्ट एक्सचेंज अक्सर अपने डिप्लोमेटिक रिलेशन में अहम भूमिक निभाते हैं। लेकिन, अगर डिप्लोमेटिक गिफ्ट एक्सचेंज ऐसा चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ होता है, तो दो पड़ोसी मुल्कों के लिए यह और भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो जाता है। पीएम मोदी 27 और 28 अप्रैल को चीन के वुहान शहर में थे, उस वक्त उन्होंने शी जिनपिंग से मुलाकात की थी। डोकलाम गतिरोध के बाद दोनों ही नेताओं के बीच यह पहली अनौपचारिक मुलाकात थी।

मोदी के लिए 2,400 साल पुराना गिफ्ट
वुहान में वन-टू-वन मीटिंग के दौरान शी जिनपिंग ने पीएम मोदी को एक सरप्राइज गिफ्ट दिया। शी जिनपिंग ने पीएम मोदी को 2,400 साल पुराना एक शानदार म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट दिया है। चीन में इस म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट को 'बियानझोंग' कहा जाता है और प्राचीन चीनी सभ्यता का प्रतीक है। इसे किसी खास डिप्लोमेटि गेस्ट के दौरान ही उनके वेलकम में बजाया जाता है, जिसे हुबेई म्यूजियम में रखा गया है। गौरतलब है कि पीएम मोदी-राष्ट्रपति जिनपिंग ने इसी म्यूजियम से वार्ता शुरू की थी।

मोदी ने पेंटिग की गिफ्ट
प्रधानमंत्री मोदी भी चीनी राष्ट्रपति के लिए कुछ उपहार लेकर गए थे। पीएम मोदी ने जिनपिंग को गिफ्ट में एक खास पेंटिग दी, जिसे पौराणिक चीनी चित्रकार जू बेहोंग ने बनाई थी। बेहोंग ने कुछ वक्त शांतिनिकेतन में बिताया था। बता दें कि जब शी जिनपिंग पिछले साल भारत आए थे, तब पीएम मोदी ने उन्हें अहमदाबाद में चीनी भाषा में लिखी गीता गिफ्ट की थी।

डोकलाम के बाद हार्ट-टू-हार्ट समिट
पिछले सप्ताह पीएम मोदी ने भारत-चीन संबंधों को मजबूत करने के लिए एक अभूतपूर्व दो दिवसीय अनौपचारिक समिट के दौरान चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की थी। इस बैठक में अपने देश के लोगों और दुनिया के भलाई के लिए व्यापक स्तर पर विचारों का आदान-प्रदान किया गया था। वुहान में 'हार्ट टू-हार्ट' समिट के दौरान चीनी क्रांतिकारी नेता माओ जेदांग के पसंदीदा हॉली डे स्पॉट पर डोकलाम गतिरोध के बाद भारत-चीन के बीच संबंधों में सुधार के लिए प्रयास देखा गया।












Click it and Unblock the Notifications