Balakot Air Strike: ताकती रह गई पाकिस्तानी वायुसेना! कैसे तबाह हो गया JeM का 'सबसे बड़ा' ट्रेनिंग कैंप

Balakot Air Strike Reality: पांच साल पहले ठीक आज ही के दिन भारतीय वायुसेना ने अपनी उस जांबाजी का परिचय दिया था, जो हमेशा के लिए भारतवासीयों के गौरव की वजह बन चुका है। भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान की वायु सीमा में काफी अंदर तक घुसकर पुलवामा हमले का जोरदार बदला लिया था।

भारतीय वायुसेना के इस 100 फीसदी सफल एयरस्ट्राइक को 'ऑपरेशन बंदर' का नाम दिया गया था। यह ऑपरेशन 14 फरवरी, 2019 को जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में सीआरपीएफ काफिले पर पाकिस्तानी आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के आत्मघाती हमले के खिलाफ किया गया था। इस घटना में सीआरपीएफ के 40 वीर जवान शहीद हो गए थे।

balakot air strike

जैश के सबसे बड़े आतंकी ट्रेनिंग कैंप पर हुई थी एयरस्ट्राइक
इस घटना के लिए जिम्मेदार आतंकी संगठन जैश को सजा देने के लिए ही भारतीय वायुसेना ने उसके सबसे बड़े आतंकी ट्रेनिंग कैंप को निशाना बनाया था।

'बंदर मारा गया'
ऑपरेशन सफल होने के बाद तत्कालीन वायुसेना प्रमुख बीएस धनोहा ने 26 फरवरी, 2019 के तड़के 3.45 बजे राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोवाल को सूचना दी 'बंदर मारा गया।' आगे डोवाल ने यह जानकारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक पहुंचाई, जो बेसब्री से सफल ऑपरेशन की खुशखबरी का इंतजार कर रहे थे।

तब पाकिस्तान में इमरान खान की हुकूमत थी। पाकिस्तान की सेना या वहां की सरकार ने इससे पहले कभी नहीं सोचा होगा कि भारत अपने शहीदों की शहादत का बदला लेने के लिए ऐसा तरीका भी अपना सकता है। उसके वायु क्षेत्र में घुसकर एयरस्ट्राइक कर भी सकता है। पाकिस्तानी सेना को शायद खुद से ज्यादा अपने आकाओं पर यकीन था।

पाकिस्तान डिफेंस के नाम से एक ट्वीट का स्क्रीन शॉट वायरल
आज भी पाकिस्तान डिफेंस के नाम से उस रात हुए एक ट्वीट का स्क्रीन शॉट वायरल हो रहा है, जिससे पाकिस्तानी सेना को उसकी क्षमता का पता चल सकता है।

जागती रह गई पाकिस्तानी वायुसेना!
डिफेंसडॉटपाक नाम के हैंडल से 26 फरवरी, 2019 की रात 12:06 मिनट पर लिखा जाता है- 'आराम से सो जाओ, क्योंकि पाकिस्तान एयर फोर्स जगी है।' उसके बाद जो हुआ, उसके बारे में पूरी दुनिया को पता है।

balakot air strike

मिराज 2000 विमानों से हुई एयरस्ट्राइक
बालाकोट में जैश का आतंकी कैंप नियंत्रण रेखा(LoC) से करीब 80 किलोमीटर भीतर था। लेकिन, भारतीय वायुसेना अपने मिराज 2000 विमानों के साथ घुसी और टारगेट को अधिकतम नुकसान पहुंचाने के लिए ठीक उसकी छतों के ऊपर से इजराइल में बने पांच स्पाइस 2000 बम गिराए।

300 से ज्यादा आतंकियों के सफाए की आई थी खबर
बालाकोट में जैश के जिन तीन टारगेट को निशाना बनाया गया, वह पूरी तरह से तबाह हो गए। 1000 किलो के बम गिराने का मकसद साफ था कि कैंप में मौजूद आतंकियों के बचने की कोई भी गुंजाइश न रह जाए। हमले 300 से ज्यादा दहशतगर्दों के सफाए की जानकारियां सामने आई थी।

आजतक सच नहीं कबूल पाया पाकिस्तान
पाकिस्तान की सरकार और उससे भी ताकतवर उसकी सेना ने आजतक तबाही की सही तस्वीर दिखाने की हिम्मत नहीं जुटा पाई है। क्योंकि, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उसकी जो मिट्टी पलीद हुई थी, उसका सच वह पाकिस्तानी आवाम के सामने कभी नहीं आने देना चाहती।

मिराज 2000 फॉर्मेशन देखकर सहम गई पाकिस्तानी वायुसेना
उस रात मिराज 2000 लड़ाकू विमानों ने बालाकोट के लिए उड़ान तो ग्वालियर एयरबेस से भरी थी, लेकिन बरेली और आगरा एयरबेस भी पूरी तरह से अलर्ट मोड पर थे। मिराज 2000 फॉर्मेशन में शामिल फाइटर विमानों की संख्या 12 थी।

शानदार और पूरी तरह सटीक था 'ऑपरेशन बंदर'
'ऑपरेशन बंदर' इतना सटीक था कि भारतीय वायुसेना पाकिस्तान के भीतर 80 किलोमीटर तक गई और जबतक पाकिस्तानी वायुसेना को भनक लगी और उसने अमेरिका से मिले अपने दो एफ-16 विमानों को उड़ाने की सोची, भारतीय वायुसेना की तैयारी देखकर उलटे पांव वापस लौटने को मजबूर हो घई। बाद में जबतक तैयार होती, भारतीय वायुसेना के विमान जैश-ए-मोहम्मद के कैंप को तबाह करके भारतीय सीमा में लौट चुके थे।

डर से कांपने लगे थे पाकिस्तानी प्रधानमंत्री!
26 फरवरी, 2019 की वह रात हमेशा के लिए पाकिस्तानी सेना के लिए कत्ल की रात बन चुकी है। कहते हैं कि जब तत्कालीन पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान को इसकी सूचना मिली तो वह भारत के रुख को देखकर कांपने लगे थे। इसका जिक्र पाकिस्तानी संसद में भी हो चुका है, लेकिन बाद में पाकिस्तानी सरकार ने इसका खंडन करना शुरू कर दिया।

बालाकोट एयरस्ट्राइक के सबूत मिटाने में जुट गया था पाकिस्तान
बालाकोट एयरस्ट्राइक के बाद पाकिस्तान की सरकार और सेना के पास एक ही उपाय बची थी। उसने बालाकोट के सबूत मिटाने शुरू कर दिए। वह दुनिया से ज्यादा अपनी जनता से सच्चाई छिपाना चाहते थे।

इसलिए, जहां बम गिराए गए थे, उसकी साफ-सफाई करके उसके निशान मिटाने की कोशिशें की गईं। शवों को भी आनन-फानन में वहां से हटा दिया गया। बाद में अंतरराष्ट्रीय मीडिया को बुलाकर यह दिखाने की कोशिश की गई कि भारत ने जंगल में बम गिराए, वहां कोई आतंकी नहीं था।

बालाकोट के बाद भी पाकिस्तान ने की थी गुस्ताखी को कोशिश
इसी के बाद अगले ही दिन पाकिस्तानी वायुसेना ने भारतीय वायुक्षेत्र के उल्लंघन की कोशिश की थी। जिसके बाद इंडियन एयर फोर्स के पायलट विंग कमांडर अभिनमंदन वर्तमान पाकिस्तानियों के कब्जे में आ गए थे। वे अपने विमान के क्रैश लैंड के शिकार हो गए थे।

जब पीएम मोदी से बात करने के लिए छटपटाने लगे इमरान
जब पाकिस्तान ने सीधे तरीके से उन्हें वापस करने में ना-नुकर शुरू किया तो भारत ने दो टूक कह दिया कि 9 मिसाइलें तैयार हैं। यह खबर पाकर इमरान खान के होश उड़ गए।

उन्होंने पीएम मोदी से बात कराने के लिए पाकिस्तान में मौजूद भारतीय उच्चायुक्त से विनती शुरू कर दी। पाकिस्तान के पास कोई विकल्प नहीं था और उसने बिना देर किए अभिनंदन को ससम्मान भारत को सौंपकर अपनी और किरकिरी होने से बचाने की भरपूर कोशिश की।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+