अस्पताल में जन्म के वक्त बदल गए दो परिवारों के बच्चे, अब सगा बच्चा वापस लेने से इनकार
असम के दरांग में इंसानियत की एक ऐसी मिसाल देखने को मिली है, जो हमेशा के लिए याद रखी जाएगी। दरांग में एक मुस्लिम परिवार और बोडो परिवार के बच्चे अस्पताल में बदल दिए गए। तीन साल बाद जब दोनों परिवार को सच्चाई मालूम चली तो उन्होंने वापस बच्चे बदलने से इनकार कर दिया।
नई दिल्ली। असम के दरांग में इंसानियत की एक ऐसी मिसाल देखने को मिली है, जो हमेशा के लिए याद रखी जाएगी। दरांग में एक मुस्लिम परिवार और बोडो परिवार के बच्चे अस्पताल में बदल दिए गए। तीन साल बाद जब दोनों परिवार को सच्चाई मालूम चली तो उन्होंने वापस बच्चे बदलने से इनकार कर दिया। ये कदम इसलिए भी अलग है क्योंकि असम में मुस्लिम और बोडो के बीच हमेशा से अंतर रहे हैं। दोनों समुदाय एक-दूसरे के बीच कभी शांति नहीं रही, ऐसे में इन दो परिवारों का ये कदम सराहनीय है।

एनडीटीवी की खबर के अनुसार दरांग जिले के मंगलदाई सिविल अस्पताल 11 मार्च, 2015 को एक मुस्लिम परिवार में बेटा जन्मा था। 48 वर्षीय मुस्लिम स्कूल टीचर की पत्नी ने बेटे को जन्म दिया था लेकिन उसके कुछ दिनों में ही उन्हें अपने खून पर शक होने लगा। उन्हें अपने बेटे की शकल परिवार से अलग एक बोडो महिला से मिलती -जुलती लग रही थी। उनके ऑपरेशन के दिन ही बोडो महिला को अस्पताल में भर्ती करया गया था। उन्होंने अपनी चिंता अपने पति को बताई जिसे अस्पताल से इस बारे में बात की लेकिन अस्पताल ने उनकी बात खारिज तक दी।
उन्होंने अस्पताल में उस दिन जन्में सभी बच्चों की जानकारी पाने के लिए आरटीआई दाखिल की। उसी दिन बोडो महिला ने भी बच्चे को जन्म दिया था लेकिन जब मुस्लिम परिवार उनके पास ये बात लेकर गया तो उन्होंने इसे मानने से मना कर दिया। इसके बाद उन्होंने अपना और बेटे का डीएनए टेस्ट कराया जिसमें सच्चाई सामने आई।
उन्होंने फिर पुलिस में एफआईआर दर्ज कराई जिसके बाद दोनों बच्चों और परिवारों का डीएनए टेस्ट कराया गया। डीएनए में वही सच्चाई निकलकर आई जिसका शक मुस्लिम महिला को पहले हफ्ते में ही हो गया था। दोनों परिवारों ने कोर्ट में अर्जी दी और 4 जनवरी का समय बच्चों की अदला-बदली के लिए तय किया गया। जब परिवार मिले और बच्चों को एक-दूसरे के हवाले किया तो वो इसके लिए तैयार ही नहीं हुए। अपने मां-बाप से बिछड़कर दोनों बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। इसके बाद दोनों परिवारों ने फैसला लिया कि वो उसी बच्चे को पालेंगे जिसे वो पिछले तीन सालों से पालते आएंगे। अब 24 जनवरी को दोनों परिवार फिर कोर्ट का रुख करेंगे, लेकिन सगे बच्चे से मिलने के लिए नहीं, बल्कि उन्हीं बच्चों की कस्टडी मांगने के लिए।
ये भी पढ़ें: ममता बनर्जी के साथ लंदन गए भारतीय पत्रकारों ने होटल में चुराए चांदी के चम्मच, धरे गए
-
Ravindra Kaushik Wife: भारत का वो जासूस, जिसने PAK सेना के अफसर की बेटी से लड़ाया इश्क, Viral फोटो का सच क्या? -
Iran Vs America: ईरान की 'सीक्रेट मिसाइल' या सत्ता जाने का डर, अचानक ट्रंप ने क्यों किया सरेंडर -
US Iran War: 5 दिन के सीजफायर की बात, 10 मिनट में Trump का पोस्ट गायब! ईरान ने कहा- 'हमारे डर से लिया फैसला’ -
Iran War Impact: क्या महंगे होंगे पेट्रोल-डीजल और LPG सिलेंडर? संसद में PM मोदी ने दिया बड़ा अपडेट -
Bangalore Gold Silver Rate Today : सोना-चांदी धड़ाम, बैंगलोर में कहां पहुंचा ताजा भाव? -
US Iran War: ईरान ने की Trump की घनघोर बेइज्जती, मिसाइल पर फोटो, लिखी ऐसी बात कि लगेगी मिर्ची- Video -
LPG Crisis: 14.2 किलो के सिलेंडर में अब सिर्फ इतनी KG ही मिलेगी गैस! LPG किल्लत के बीच सरकार ले सकती है फैसला -
Petrol Shortage In Ahmedabad: अहमदाबाद में पेट्रोल पंप पर लगी लंबी लाइन, प्रशासन ने जारी किया अलर्ट -
Ravindra Kaushik कौन थे? Dhurandhar क्यों कहलाए? Pakistan में कैसे मेजर बना भारत का जासूस? जेल में गुमनाम मौत -
PM Modi Speech Highlights: संसद में गरजे PM मोदी, Hormuz Strait पर दिया बड़ा बयान, भारत का बताया प्लान -
West Bengal Election 2026: बंगाल की ये 7 सीटें बना सकती हैं नया CM! जहां हार-जीत का अंतर 1000 वोट से भी था कम -
Anjali Arora Net Worth: 'काचा बादाम गर्ल' ने शुरू किया ये बिजनेस, कैसे छापेंगी नोट? कितनी संपत्ति की मालकिन?












Click it and Unblock the Notifications