Balasore Train Accident: टक्कर रोधी उपकरण भी नहीं रोक पाता हादसा, ममता बनर्जी के उठाए सवाल पर बोले सुधांशु मणि

Coromandel Express Anti Collision Device: ट्रेन के विशेषज्ञ ने कहा कि टक्कर रोधी उपकरण भी हादसे को नहीं रोक सकता था। उन्होंने ममता बनर्जी द्वारा उठाए गए सवाल के जवाब में ये बात कही। कहा कि सरकार को इसकी जांच करानी चाहिए।

Train Accident: टक्कर रोधी उपकरण भी नहीं रोक पाता हादसा

Coromandel Express Anti Collision Device: ओडिशा के बालासोर ट्रेन हादसे पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के उठाए गए सवालों पर सुधांशु मणि ने जवाब दिया है। वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन के पीछे दिमाग देने वाले सुधांशु मणि ने शनिवार को कहा कि टक्कर रोधी उपकरण कवच (anti-collision device Kavach) भीषण हादसे को नहीं टाल सकता था। पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी सहित राजनेताओं के ने टक्कर रोधी उपकरण ट्रेन में नहीं लगाए जाने पर सवाल उठाए थे।

सुधांशु मनि ने कहा कि इस भीषण हादसे को टक्कर रोधी उपकरण भी नहीं रोक पाता। कहा कि एंटी कोलिजन डिवाइस भी हादसे को नहीं टाल सकता था। सुधांशु मणि ने कहा कि कवच इस दुर्घटना को नहीं रोक सकता था। प्रथम दृष्टया यह सिग्नलिंग विफलता का मामला नहीं लगता है। इसका मुख्य कारण ट्रेन के पटरी से उतरने जैसा लगता है।

उन्होंने कहा कि सरकार को पहले जांच करनी चाहिए कि ट्रेन क्यों पटरी से उतरी थी। उन्होंने कहा कि कोरोमंडल एक्सप्रेस के चालक ब्रेक नहीं लगा सकता था, क्योंकि ट्रेन तेज गति से चल रही थी। उन्होंने रेलवे ट्रैक के बुनियादी ढांचे में सुधार की आवश्यकता पर भी जोर दिया।

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    ममता बनर्जी ने कोरोमंडल एक्सप्रेस में टक्कर रोधी उपकरण नहीं होने पर सवाल उठाया और कहा कि इससे मौतों को रोका जा सकता था। उन्होंने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के सामने कहा कि अगर उन्होंने यहां टक्कर रोधी उपकरण लगाया होता तो इतने लोगों की मौत नहीं होती।

    मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि मैं तीन बार रेल मंत्री रह चुकी हूं। यह 21वीं सदी की सबसे बड़ी रेल दुर्घटना है। कोरोमंडल सबसे अच्छी एक्सप्रेस ट्रेनों में से एक है। इस तरह के मामले रेलवे के सुरक्षा आयोग को सौंपे जानी चाहिए। वे जांच कर एक अपनी रिपोर्ट देंगे। जहां तक​​​ ​मुझे पता है, ट्रेन में कोई टक्कर-रोधी उपकरण नहीं था। अगर डिवाइस ट्रेन में होता, तो ऐसा नहीं होता। मृतकों को वापस नहीं लाया जा सकता है, लेकिन अब हमारा काम बचाव अभियान और सामान्य स्थिति की बहाली है।

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