अमृतसर: टास्क फोर्स और सत्कार कमेटी के सदस्यों में हिंसक झड़प, गुरु ग्रंथ साहिब के गायब हुए 328 कॉपी पर विवाद
अमृतसर: टास्क फोर्स और सत्कार कमेटी के सदस्यों में हिंसक झड़प, गुरु ग्रंथ साहिब के गायब हुए 328 कॉपी पर विवाद
अमृतसर: पंजाब के अमृतसर (Amritsar) में शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) कार्यालय के बाहर धरना दे रहे श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार कमेटी (Guru Granth Sahib Satkar Committee) के कार्यकर्ताओं व एसजीपीसी की टास्क फोर्स के बीच शनिवार (24 अक्टूबर) हिंसक झड़प हो गई। इस झड़प का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें दोनों ही पक्ष उग्र दिख रहे हैं। असल में पूरा विवाद श्री गुरु ग्रंथ साहिब के गायब हुए 328 स्वरूपों को लेकर है। इस घटना में कई लोगों के घायल होने की सूचना है।

जानें किस बात पर हुआ विवाद
दरअसल, पिछले महीने से ही सत्कार कमेटी के कार्यकर्ता श्री गुरु ग्रंथ साहिब के गायब हुए 328 स्वरूपों की जानकारी देने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक सत्कार कमेटी के कार्यकर्ता लगभग 40 दिनों से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। एसजीपीसी पंजाब में गुरुद्वारों का प्रबंधन करने वाला संगठन है।
शनिवार (24 अक्टूबर) को सत्कार कमेटी के कार्यकर्ताओं के धरने के दौरान वहां एसजीपीसी की टास्क फोर्स के बीच किसी बात को लेकर विवाद हो गया। जिसके बाद दोनों पक्षों में झड़प हुआ। टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, हिंसक झड़पों के बाद एसजीपीसी टास्क फोर्स के सदस्यों सहित छह लोग घायल हो गए हैं और अस्पताल पहुंचे।
सत्कार कमेटी ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब के गायब हुए 328 स्वरूपों को लेकर एसजीपीसी कर्मचारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की गई थी।
पूरे मामले पर क्या बोलें SGPC के महासचिव
पूरे मामले पर एसजीपीसी के महासचिव हरजिंदर सिंह धामी ने कहा है, उन्होंने (सत्कार कमेटी) हमारे लोगों पर तलवारों से हमला किया। हमारे आदमियों को चोट लगने की सूचना मिली है, जिसमें दो लोग गंभीर रूप से घायल हैं। हमारे आदमियों के पास अपने बचाव में तलवार और लाठी दोनों नहीं थी। जो भी हुआ है, हम इसकी सिर्फ निंदा करते हैं।
एसजीपीसी के महासचिव हरजिंदर सिंह धामी ने प्रशासन से मांग की है कि सत्कार कमेटी के लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि ये सबकुछ सत्कार कमेटी द्वारा जानबूझकर किया गया था।
एसजीपीसी के उपाध्यक्ष गुरबख्श सिंह खालसा ने भी न्यूज एजेंसी एएनआई के हवाले से कहा, "हमने पुलिस से उन्हें राउंड अप करने के लिए शिकायत की थी। लेकिन पुलिस ने उन्हें सम्मानजनक तरीके से निकाल लिया जैसे कि उन्होंने बहुत बड़ा करतब किया हो। उनके जाने के बाद अन्य लोगों ने विरोध किया।'
सत्कार कमेटी का दावा- वह शांतिपूर्ण विरोध कर रहे थे
वहीं पूरे मामले सत्कार कमेटी के सदस्यों ने कहा कि वे शांतिपूर्वक विरोध कर रहे थे जब उनके विरोध को रोकने के लिए उन पर एसजीपीसी द्वारा बल का इस्तेमाल किया गया था।
एसजीपीसी एक संगठन है जो गुरुद्वारासीन तीन राज्यों पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश और चंडीगढ़ के केंद्र शासित प्रदेश के प्रबंधन के लिए जिम्मेदार है।












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