हेट स्पीच से जुड़े 2 अलग-अलग मामलों में अकबरुद्दीन ओवैसी को राहत, विशेष अदालत ने किया बरी
हैदराबाद, अप्रैल 13। AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी के छोटे भाई और पार्टी के नेता अकबरूद्दीन ओवैसी को नरफती भाषण देने के 2 अलग-अलग मामलों में बड़ी राहत मिली है। दरअसल, नामपल्ली जिले की एक विशेष अदालत ने बुधवार को अकबरुद्दीन ओवैसी को दो मामलों में बरी कर दिया। जिस अदालत से ओवैसी को राहत मिली है, वो सांसदों और विधायकों से जुड़े मामलों में विशेष सुनवाई करती है।
Recommended Video

2012 में ओवैसी पर दर्ज हुए थे यह मामले
जानकारी के मुताबिक, अकबरुद्दीन ओवैसी के खिलाफ हेट स्पीच के यह मामले साल 2012 में निर्मल और निजामाबाद जिले में दर्ज किए गए थे। इन मामलों में कोर्ट का फैसला कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच आया। आपको बता दें कि इन दोनों मामलों में अदालत का फैसला मंगलवार को आना था, लेकिन कोर्ट ने इसे बुधवार के लिए टाल दिया था। बुधवार को कोर्ट परिसर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच यह फैसला आया।
आपको बता दें कि अकबरुद्दीन ओवैसी के खिलाफ 2012 में आईपीसी की धारा 120-बी, 153-ए और अन्य धाराओं के तहत पहला मामला दर्ज किया गया था। इस मामले में उन्हें 40 दिन तक जेल में भी रहना पड़ा था। जेल से बाहर आने के बाद ओवैसी ने अपने ऊपर लगे आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था। वहीं इन मामलों में अदालत ने 38 गवाहों के बयान दर्ज किए थे। कोर्ट ने इस मामले में एक फॉरेंसिक रिपोर्ट को भी साक्ष्य मानकर फैसला तैयार किया।
अन्य दूसरे मामले में साल 2013 में अकबरुद्दीन ओवैसी के खिलाफ आईपीसी की धारा 153 (ए), 295 (ए) और इसी तरह की धाराओं के तहत केस दर्ज हुआ था। ओवैसी पर निजामाबाद-द्वितीय टाउन में हेट स्पीट देने का आरोप लगा था। इस मामले में कोर्ट ने ओवैसी को 40 दिन के बाद जेल से रिहा कर दिया था। बाद में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर एमपी/एमएलए मामलों की विशेष अदालत ने इस मामले में सुनवाई की थी। इस कोर्ट ने 30 गवाहों के बयान सुने थे, जिसके बाद फैसला सुनाया गया।












Click it and Unblock the Notifications