शताब्दी वर्ष को भव्य और ऐतिहासिक बनाने की अभी से शुरू करें तैयारी: सीएम योगी
Gorakhpur News: समीक्षा और भावी कार्ययोजना को लेकर आहुत इस बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद के शताब्दी वर्ष 2032 को भव्य और ऐतिहासिक बनाने के लिए अभी से तैयारी शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद की स्थापना 1932 में पूर्वी उत्तर प्रदेश में शैक्षिक पुनर्जागरण और राष्ट्रीय मूल्यों के संरक्षण को लेकर की गई थी। यह परिषद अपने संस्थापक युगपुरुष ब्राह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ जी महाराज और विस्तारक राष्ट्रसंत ब्राह्मलीन महंत अवेद्यनाथ जी महाराज के मूल्यों, आदर्शों को संजोते हुए निरंतर प्रगतिमान है। आठ साल बाद यह अपनी यात्रा के शताब्दी वर्ष में होगी। शताब्दी वर्ष तक हमें परिषद की संस्थाओं को एक प्रतिमान के रूप में स्थापित करना है। इसके लिए सभी संस्थाओं के प्रमुख को एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार करके अभी से जुट जाना होगा।

महायोगी गोरखनाथ विवि परिसर का सघन निरीक्षण किया सीएम योगी ने
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय परिसर का सघन निरीक्षण किया आैर अवस्थापना के साथ अन्य सुविधाओं को लेकर जरूरी दिशानिर्देश भी दिए। उन्होंने परिसर में बन रहे मेडिकल कॉलेज को गुणवत्तापूर्ण बनाने तथा भवन को भारतीय संस्कृति के प्रतिरूप में दर्शाने की बात कही। सीएम ने परिसर में आडिटोरियम, स्टेडियम, फार्मेसी कालेज आदि का भी सघन निरीक्षण किया।
महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद के अध्यक्ष प्रो. यूपी सिंह, सदस्यगण प्रमथनाथ मिश्र, एसपी सिंह, रामजन्म सिंह, महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलसचिव डा. प्रदीप कुमार राव, गुरु श्री गोरक्षनाथ चिकित्सालय के निदेशक ब्रिागेडियर डा. डीसी ठाकुर, महंत दिग्विजयनाथ आयुर्वेद चिकित्सालय के अधीक्षक डॉ. डीपी सिंह, डीवीएन पीजी कॉलेज सिविल लाइंस की कार्यवाहक प्राचार्य डॉ. शशिप्रभा सिंह, एमपीपीजी कॉलेज जंगल धूसड़ के उप प्राचार्य डॉ. विजय कुमार चौधरी, दिग्विजयनाथ एलटी प्रशिक्षण महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजय कुमार पांडेय, गोरक्षनाथ संस्कृत विद्यापीठ के प्राचार्य डॉ. अरविंद कुमार चतुर्वेदी, महाराणा प्रताप कृषक इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य संदीप कुमार, महाराणा प्रताप इंटर कॉलेज सिविल लाइंस के प्रधानाचार्य डॉ. अरुण कुमार सिंह, महाराणा प्रताप बालिका इंटर कॉलेज सिविल लाइंस की कार्यवाहक प्रधानाचार्या स्नेहलता सिंह, एमी पॉलीटेक्निक के प्रधानाचार्य डॉ. अनिल प्रकार सिंह, महाराणा प्रताप सीनियर सेकेंडरी स्कूल बेतियाहाता के प्रधानाचार्य पंकज कुमार, दुलहिन जगन्नाथ कुंअरि इंटर कॉलेज रमदत्तपुर के कार्यवाहक प्रधानाचार्य राजेंद्र सिंह, महाराणा प्रताप महिला पीजी कॉलेज रमदत्तपुर की प्राचार्या डॉ. सीमा श्रीवास्तव, महाराणा प्रताप कन्या इंटर कॉलेज रमदत्तपुर की प्रधानाचार्या हर्षिता सिंह, गुरु गोरखनाथ विद्यापीठ भरोहिया के प्रधानाचार्य मनीष कुमार दूबे, महायोगी गोरखनाथ कृषि विज्ञान केंद्र चौक माफी के अध्यक्ष डा. आरके सिंह, दिग्विजयनाथ इंटर कॉलेज चौक माफी के प्रधानाचार्य केशव प्रसाद तिवारी, आदिशक्ति मां पाटेश्वरी चिकित्सालय देवीपाटन के निदेशक कर्नल डॉ. हिमांशु दीक्षित, आदिशक्ति मां पाटेश्वरी पब्लिक स्कूल तुलसीपुर के प्रधानाचार्य डॉ. धीरेंद्र प्रताप सिंह, आदिशक्ति मां पाटेश्वरी विद्यापीठ नंदमहरी के प्रधानाचार्य विनोद कुमार द्विवेदी, गोरक्षपीठाधीश्वर महंत अवेद्यनाथ महाविद्यालय चौक बाजार के प्राचार्य डॉ. बसंत नारायण सिंह, दिग्विजयनाथ इंटर कॉलेज चौक बाजार के प्रधानाचार्य डॉ. हरेंद्र यादव, दिग्विजयनाथ कन्या इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्या सपना सिंह, प्रताप आश्रम गोलघर के अधीक्षक डॉ. अभय सिंह, महंत दिग्विजयनाथ आयुर्वेद चिकित्सालय के प्रबंधक गिरिजेश कुमार मिश्र।
एमपी इंटर कॉलेज में निर्माण कार्यों का जायजा लिया मुख्यमंत्री ने
महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय में महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद की समीक्षा बैठक करने से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोलघर स्थित महाराणा प्रताप इंटर कॉलेज में नई बिल्डिंग के निर्माण कार्यों का भी जायजा लिया। अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त नया भवन चार तल का बन रहा है। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों में विरासत के संरक्षण तथा गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए।












Click it and Unblock the Notifications