UP: सरकार की इस योजना से परेशान हो रहे किसान,जानिए क्या है योजना
सरकार एक तरफ जहां किसानों को राहत देने के लिए कई योजनाएं चला रही हैं,वहीं सरकार की एक योजना से किसान परेशान हैं। परेशानी का कारण बना हुआ है बीज खरीद का प्रमाण पत्र ।
Gorakhpur News: सरकार एक तरफ जहां किसानों को राहत देने के लिए कई योजनाएं चला रही हैं,वहीं सरकार की एक योजना से किसान परेशान हैं। परेशानी का कारण बना हुआ है बीज खरीद का प्रमाण पत्र । जी हां,जब किसान बीज खरीद का प्रमाण पत्र देंगे तब किसानों का धान बिकेगा। विस्तार से बताते हैं क्या है योजना और किसानों को क्या समस्या आ रही है।

धान खरीद को लेकर सरकार की योजना
सरकार की योजना के तहत क्रय केंद्रों पर हाईब्रिड धान बेचने के लिए धान बीज खरीद का बिल लगाना अनिवार्य हो गया है। जितनी मात्रा में बीज खरीद की गयी होगी उसी मात्रा में धान की खरीद भी की जाएगी।
किसानों की समस्या
सरकार की इस नयी क्रय नीति से किसान परेशान हैं। हाईब्रिड धान बेचने के लिए खरीद का रिकार्ड जमा करना अनिवार्य किए जाने से किसानों को धान क्रय करने में समस्या आ रही है। हाईब्रिड धान बेचने के लिए किसानों से बिल लिया जाएगा। उस बिल को आनलाइन अपलोड किया जाएगा। जिससे उन्हें एक प्रक्रिया से गुजरना पड़ रहा है। पहले ऐसा नहीं था।
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धान खरीद में आ रही गिरावट
सरकार की इस योजना ने किसानों के साथ केन्द्र प्रभारियों की चिंता बढ़ा दी है। योजना के चलते धान की कम खरीद हो पा रही है। जनपद के अधिकांश किसानों के पास बीज खरीद प्रमाण पत्र नहीं है।
सरकार का लक्ष्य
गोरखपुर कृषि विभाग के आंकड़ों पर नजर डाले तो पता चलता है कि धान का उत्पादन पैदावार का 45 प्रतिशत ही है। इस बार सरकार ने क्रय केंद्रों से अधिकतम 35 प्रतिशत हाइब्रिड धान खरीदने का लक्ष्य रखा गया है। जिले में अभी तक 2500 मीट्रिक टन धान की खरीद हुई है। जिला खाद्य विपणन अधिकारी राकेश मोहन पांडेय ने बताया कि धान खरीद में अभी तेजी आएगी। बहुत जगह पर अभी धान की कटाई चल रही है। धान खरीद नीति का पालन किया जा रहा है।
किसानों ने कहा गुलरिहा के रहने वाले किसान हेमन्त बताते हैं कि सरकार की इस योजना से हम किसानों को दिक्कत हो रही है। जहां पहले सीधे धान का क्रय कर लिया जाता था अब बीज खरीद का प्रमाण पत्र मांगा जा रहा है। जब हम बीज खरीदते हैं तो बहुत बार ऐसा होता है कि रशीद नहीं लेते हैं।
पिपराइच के रहने वाले आलोक बताते है कि सरकार की इस नीति की मुझे कोई जानकारी नही थी। हमारे पास बीज खरीद की कोई रशीद नहीं है। यह योजना किसानों को परेशान करने वाली है।












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