Flash Back 2022: कुछ इस तरह बदल गई सीएम सिटी गोरखपुर की सूरत
साल का अंतिम माह चल रहा है। इन एक सालों में गोरखपुर ने विकास के कई कीर्तिमान स्थापति किए हैं। शिक्षा,स्वास्थ्य,रोजगार,उद्योग,पर्यटन सहित कई क्षेत्रों में तेजी के साथ कार्य हुए हैं।

Flash Back 2022 Gorakhpur : उत्तर प्रदेश का गोरखपुर जिला जो कभी अपराध व गैंगवार के लिए जाना जाता था,आज बहुत कुछ बदल चुका हैं। पहले गोरखपुर का नाम लेते ही डर जाने वाले लोग अब इसके प्रति सम्मान रखते हैं। यहां आना चाहते हैं,रहना चाहते हैं और रोजगार से जुड़ना चाहते हैं। आखिर क्यों ? यह परिर्वतन क्यूं? इन सबका जबाव यही है कि यहां तेजी के साथ विकास कार्य किए गए हैं। शिक्षा,स्वास्थ्य,उद्योग,सड़क,बिजली,पानी,आवास,कृषि सहित सभी क्षेत्रों में तेजी से सुधार हुआ है। इस सुधार होने की सबसे बड़ी वजह है गोरक्षपीठ के पीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ का उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनना। जी हां,योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री बनने के बाद से ही यहां विकास कार्यों को गति मिली और इसका पूरा स्वरुप बदल चुका है। साल 2022 का आखिरी माह चल रहा है। हम जानेंगे इस साल क्या बड़े कार्य हुए जिसने गोरखपुर को नया आयाम दिया।
देश ही नहीं विदेशी कंपनियों ने भी दिखाई रुचि
गोरखपुर औद्योगिक गलियारे के रुप में तेजी से विकसित हो रहा है। वर्तमान समय में बहुत सारे कार्य इसे लेकर किए जा रहे हैं तो उद्योग के क्षेत्र में कुछ बड़े कार्य भी हुए हैं। पेप्सिकों कंपनी यहां हजार करोड़ रुपए से अधिक के प्रोजेक्ट पर काम कर रही है। कोका कोला कंपनी दो सौ करोड़ रुपए से निर्मित होने वाले बॉटलिंग प्लांट लगाने की तैयारी में है। सीमेंट फैक्ट्ररी गैलेंट समूह गीडा में 865 करोड़ रुपये का निवेश कर रहा है। अंकुर उद्योग की ओर से 300 करोड़ रुपये के निवेश से स्टील फैक्ट्री स्थापित की जा रही है। इसके साथ ही गीडा में वर्तमान समय में सैकड़ों की संख्या में फैक्ट्रीयां स्थापित हुई है जो गोरखपुर के आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इसके साथ ही यहां कई हजार लोगों को रोजगार भी मिला है। गोरखपुर नगर निगम के साथ मिलकर ब्रिटेन की कंपनी ने हाल में कई बड़े प्लांट लगाने की तैयारी शुरु कर दी है।
सड़कों का बिछा जाल
किसी भी जगह का विकास तभी संभव है जब वहां की सड़कें अच्छी हो। जिससे उस जगह देश के अन्य हिस्सों से संपर्क आसानी से स्थापित किया जा सके। इसी को ध्यान में रखते हुए सीएम योगी ने अपने ग़ह जनपद में सड़कों का जाल बिछाया है। गोरखपुर में प्रवेश करने वाले सभी मार्ग फोर लेन हैं। इसके साथ ही आवागमन को और सुगम बनाने के लिए सिक्सलेन का निर्माण भी किया जा रहा है। जो मार्ग टू लेन हैं उन्हें भी फोरलेन के रुप में बदला जा रहा है। इसके साथ ही शहर में कई जगहों पर फ्लाईओवर का निर्माण किया जा रहा है।
पर्यटन का बना हब
गोरखपुर में पर्यटन के क्षेत्र में तेजी से कार्य हुए हैं। आज गोरखपुर का गोरखनाथ मंदिर, रामगढ़ताल,राप्ती नदी तट,कुसम्ही जंगल,गीता प्रेस,गीता वाटिका,विष्णु मंदिर पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बन गए हैं। रामगढ़ताल पर बोटिंग सहित कई सुविधा होने की वजह से प्रतिदिन यहां हजारों की संख्या में पर्यटक आते हैं। इसके साथ ही आस-पास के जिलों के प्राचीन मंदिरों ,गुरुद्वारों का भी स्वरुप बदला है जो लोगों को आकर्षित कर रहे हैं। गोरखनाथ मंदिर की सुदंरता मन मोहने वाली है। चौरी -चौरा शहीद स्मारक का सुदंरीकरण वीर सपूतों को सलामी देता है।
खाद कारखाना किसानों को दे रहा राहत
हिन्दुस्तान उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड का खाद कारखाना आज तेजी के साथ खाद का उत्पादन कर रहा है। जिससे सिर्फ गोरखपुर ही नहीं बल्कि देश के अन्य किसानों को खाद की आपूर्ति हो रही है। इस साल इसका उत्पादन बढ़ा है।
टेराकोटा को मिली नई पहचान
गोरखपुर का टेराकोटा आज विश्व के कई देशों में लोकप्रिय हो चुका है। विदेशों में भी इसकी मांग बढ़ी है। सरकार के वन डिस्ट्रिक वन प्रोडक्ट में शामिल टेराकोटा के लिए यह साल काफी अच्छा रहा। आय को अच्छा श्रोत साबित हुआ।
फिल्म शूटिंग का बना हब
गोरखपुर में पर्यटन का तेजी से विकास होने से इसका सीधा असर फिल्मों की शूटिंग पर हुआ है। यहां के अच्छे लोकेशन निर्माता-निर्देशक को पसंद आ रहे हैं और आज भोजपुर,हिन्दी सहित दक्षिण भारत की फिल्मों की भी शूटिंग यहां हो रही है। गोरखपुर के सांसद रवि किशन ने इस क्षेत्र में सराहनीय कार्य किया है। सासंद का कहना है कि गोरखपुर व आस-पास की प्रतिभाओं को बाहर न जाना पड़े इसके लिए यहीं पर शूटिंग का काम किया जा रहा है। इसके साथ की यहां के कलाकारों को आसानी से अवसर उपलब्ध हो,रोजगार मिले यहीं प्रयास रहता है।
रेडीमेड गारमेंट का बना हब
गोरखपुर तेजी से रेडीमेड गारमेंट का हब बना है। यहां फ्लैटेड फैक्ट्री बनाने की तैयारी जोरों पर है। गीडा में गारमेंट पार्क स्थापित किया जा रहा है। इससे इस उद्योग को और बढ़ावा मिलेगा।
शिक्षा में हुआ व्यापक परिवर्तन
सीएम योगी का ड्रीम प्रोजेक्ट है गोरखपुर को एजुकेशन हब बनाने का । इस दिशा में सराहनीय प्रयास भी हो चुके हैं और आज गोरखपुर शिक्षा के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है। यहां छात्र- छात्राओं के लिए एक नहीं बल्कि चार विश्वविद्यालय मौजूद हैं। दीनदयाल उपध्याय विश्वविद्यालय, मदन मोहन मालवीय प्रोद्यौगिकी विश्वविद्यालय,आयुष विश्वविद्यालय,गुरु गोरक्षनाथ विश्ववद्यालय सभी शिक्षा के क्षेत्र में नया कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications