Film 83: जानिए सैयद किरमानी ने कपिल देव से क्यों कहा- 'मारकर मरना है...'
नई दिल्ली, 23 दिसंबर। साल 1983 में भारत पहली बार क्रिकेट का विश्वविजेता बना था और इस जीत में अहम रोल प्ले किया था भारतीय टीम के उस वक्त के कप्तान कपिल देव ने। इस जीत के बाद विश्वपटल पर इंडियन क्रिकेट की दशा और दिशा दोनों ही बदल गई थी। भारत के उस सुनहरे पल को फिल्मी कैनवस पर कबीर खान लेकर आए हैं फिल्म '83' में, जिसमें कपिल का किरदार एक्टर रणवीर सिंह ने प्ले किया है। इस फिल्म के जरिए उस विश्व कप से जुड़ी बहुत सारी ऐसी बातें सामने आई हैं, जिनके बारे में लोगों को आज तक पता ही नहीं था।

कपिल देव ने 175 रनों की ऐतिहासिक पारी खेली
ऐसा ही एक किस्सा है कपिल देव और सैयद किरमानी का, जो उस वक्त हुआ था, जहां कपिल देव ने 175 रनों की ऐतिहासिक पारी खेलकर जीत का नया इतिहास लिखा था। बात टनब्रिज वेल्स की है, जहां इंडिया लगातार वेस्टइंडीज और ऑस्ट्रेलिया से शिकस्त खाने के बाद तीसरे मैच में जिम्बाब्वे से मुकाबला कर रही थी लेकिन उसकी शुरुआत बहुत ज्यादा खराब हुई थी,उसने शुरूआत में ही दो विकेट खो दिए थे और उस पर सीरीज से बाहर होने का खतरा मंडरा रहा था।

कपिल कहते हैं कि 'मैं नहाकर आता हूं
भारत की इस दयनीय स्थिति पर ड्रेसिंग रूम में कपिल को बताया जाता है कि हमारे दो वीर धराशाही हो चुके हैं, जिस पर कपिल कहते हैं कि 'मैं नहाकर आता हूं'।
क्रिकेट के इतिहास में अमिट पारी
और उसके बाद जब वो मैदान पर पहुंचते हैं तो ना केवल उनका बल्ला चलता है बल्कि उस मैदान पर वो 175 रन की ऐसी पारी खेलते हैं, जो वनडे क्रिकेट के इतिहास में अमिट हो जाती है और जिसे कोई कभी नहीं भूल सकता है। लेकिन इस पारी के दौरान उनका भरपूर साथ दिया था सैयद किरमानी ने, जिन्होंने उस मैदान में कपिल के साथ इतिहास लिखने में अहम रोल प्ले किया था।

'हमें मरना नहीं है, हमको मार के मारना है'
इस बारे में खुद किरमानी ने भी एक इवेंट में बताया था कि 'जब मैं मैदान पर उतरा तो कपिल थोड़ा अपसेट थे, इस पर मैंने उनसे कहा था कि 'हमारे लिए करो या मरो वाला मैच है और हमें मरना नहीं है, हमको मार के मारना है, मैं बॉल को हिट नहीं करूंगा, बस एक रन लूंगा,आप बस बॉल को हिट कीजिए क्योंकि आप बेस्ट हिटर हैं।'

'हमको और 35 ओवर खेलना है'
जिस पर कपिल ने कहा कि 'किरी भाई, हमको और 35 ओवर खेलना है, मैं पूरी कोशिश करूंगा और इसके बाद कपिल ने वो किया, जिसकी कल्पना किसी ने की ही नहीं थी।'
उन्हें बस उस वक्त हौसले की जरूरत थी
किरमानी ने कहा था कि 'कपिल वो इंसान हैं, जिन्होंने सबको एक सूत्र में बांधा था, उन्हें बस उस वक्त हौसले की जरूरत थी और हमें भारत को जीताना था और इसी वजह से मैंने वो शब्द उनसे कहे थे क्योंकि विश्व कप के पहले मैच के पहले कपिल ने पूरी टीम के साथ एक मीटिंग की थी।
आपको मेरा मार्गदर्शन करना होगा
जिसमें उन्होंने कहा था कि 'सुनो जेंटलमेन, आप सभी सीनियर हैं, आपको मेरे मार्गदर्शन की जरूरत नहीं है, आपको मेरा मार्गदर्शन करना होगा।' उनकी वो बातें हर दिल पर दस्तक दे गई थीं और हमें फिर भारत के लिए एकजुट होकर खेलना ही था और हमने वो कर डाला जिसे कोई कभी नहीं भूल सकता है।

फिल्म 83 है सुनहरे पल की कहानी
आपको बता दें कि कबीर खान निर्देशित फिल्म 83 में रणवीर सिंह के अलावा पंकज त्रिपाठी, ताहिर राज भसीन, जीवा, साकिब सलीम, जतिन सरना, चिराग पाटिल, दिनकर शर्मा, निशांत दहिया, हार्डी संधू, साहिल खट्टर, अम्मी विर्क, आदिनाथ कोठारे, दीपिका पादुकोण ने अहम रोल प्ले किया है।












Click it and Unblock the Notifications