Delhi riots 2020: हेड कांस्टेबल रतन लाल की हत्या की आरोपी महिला नोएडा से गिरफ्तार
NorthEast Delhi riots 2020: 2020 में उत्तरपूर्वी दिल्ली में हुए दंगों के दौरान दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल रतन लाल की हत्या की आरोपी महिला को राजधानी से सटे यूपी के नोएडा से गिरफ्तार किया गया है। दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को इसकी जानकारी दी है। गिरफ्तार की गई महिला की उम्र 27 साल है। पुलिस ने कहा है कि दिल्ली में हुई सांप्रदायिक हिंसा में रतन लाल का तो कत्ल कर ही दिया गया था, उनके अलावा शाहदरा के डीसीपी अमित शर्मा और तत्कालीन एसीपी गोकुलपुरी अनुज कुमार भी उपद्रवियों के हमले में गंभीर रूप से घायल हुए थे। इनके अलावा 50 और पुलिस वाले भी उस हिंसा में जख्मी हो गए थे।

हेड कांस्टेबल रतन लाल की हत्या की आरोपी महिला गिरफ्तार
दिल्ली के पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने आरोपी महिला की गिरफ्तारी के बारे में बताया कि तकनीकी निगरानी के दौरान पता चला था कि आरोपी का मोबाइल इस्तेमाल में नहीं है। लेकिन, जब पूरे कॉल डिटेल रिकॉर्ड का विश्लेषण किया गया तो उसके एक रिश्तेदार के मोबाइल नंबर के बारे में पाया गया कि उससे नोएडा स्थित एक खास कंपनी के कस्टमर केयर नंबर पर लगातार कॉल किया जाता है, जिससे संदेह पैदा हुआ।

सीएए विरोधी प्रदर्शन में सक्रिय थी हत्या की आरोपी
उत्तरपूर्वी दिल्ली के डीसीपी संजय कुमार ने कहा कि इसी आधार पर नोएडा के सेक्टर-63 स्थित एक इमारत के पास गुरुवार को पुलिस ने जाल बिछाया और करीब 5.30 बजे भजनपुरा के सुभाष मोहल्ला की निवासी महिला को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि महिला ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और खुलासा किया है कि फरवरी 2020 के दंगों के दौरान वह सीएए और एनआरसी के खिलाफ प्रदर्शन में सक्रिय तौर पर शामिल रही थी।
इंटरनेट कॉलिंग से परिवार से संपर्क में थी आरोपी
बाद में आरोपी महिला अपना घर छोड़कर भाग गई थी और किराए के अलग-अलग ठिकानों पर रह रही थी। डीसीपी ने कहा कि इसी दौरान उसने एक व्यक्ति से शादी भी कर ली, जिसने नोएडा की एक कंपनी में उसके लिए कस्टमर केयर एग्जिक्यूटिव की नौकरी का इंतजाम करवाया। उसने यह भी बताया है कि उसने कभी भी अपना मोबाइल फोन इस्तेमाल नहीं किया और सिर्फ इंटरनेट कॉलिंग से ही काम चलाती रही। पुलिस के मुताबिक वह अपने रिश्तेदारों और परिवार वालों से संपर्क के लिए कस्टमर केयर नंबर का ही इस्तेमाल करती थी।
आरोपी महिला पर 50,000 रुपए का इनाम घोषित था
5 सितंबर, 2020 को उस महिला को भगोड़ा घोषित कर दिया गया था और उसपर 50,000 रुपए का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस के मुताबिक हेड कांस्टेबल रतन लाल को उस दिन हल्का बुखार था और उनके साथियों ने उन्हें आराम करने की सलाह दी थी, लेकिन उन्होंने इलाके में भारी तनाव को देखते हुए बीमार रहने के बावजूद ड्यूटी ज्वाइन की थी। उन्होंने भीड़ को शांत करने और तेजी से बिगड़ रहे हालात को नियंत्रित करने में तत्कालीन डीसीपी और एसीपी की मदद की थी। जब भीड़ ने उनकी टीम पर हमला करना शुरू कर दिया तो अधिकारियों की रक्षा करते हुए उन्हें दंगाइयों ने उनके शरीर को 24 जख्म देकर छलनी कर दिया था, जिसकी वजह से उन्होंने वीरगति प्राप्त किया था।
इसी महीने पुलिस ने इसी घटना के संबंध में अलीगढ़ से 33 साल के एक शख्स को गिरफ्तार किया था। मोहम्मद वसीम उर्फ बबलू उर्फ सलमान दो दिल्ली हाई कोर्ट ने 'प्रोक्लेम्ड ऑफेंडर' घोषित किया था। आरोपी दिल्ली के चांद बाग का रहने वाला था। उधर आईबी के अधिकारी की हत्या के मामले में एक आरोपी को तेलंगाना से भी पकड़ा गया था। (इनपुट-पीटीआई)












Click it and Unblock the Notifications