छत्तीसगढ़: नवा रायपुर किसान आंदोलन पर सरकारी कार्रवाई, राकेश टिकैत के आने से पहले उखाड़ा गया किसानों का पंडाल
रायपुर, 24 अप्रैल। छत्तीसगढ़ के नवा रायपुर में लम्बे से समय जारी किसान आंदोलन पर प्रशासन का बुलडोजर चला है। रविवार तड़के किसानो का पंडाल उखाड़कर उन्हें आंदोलन स्थल से खदेड़ दिया गया है। गौरतलब है कि 03 जनवरी 2022 से नवा रायपुर में 27 गांवों के किसान बेहतर पुनर्वास और मुआवजे समेत अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। इस किसान आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर भी समर्थन मिला है। राष्ट्रीय किसान नेता राकेश टिकैत भी किसानों के आंदोलन को समर्थन देने 27 अप्रैल को नवा रायपुर पहुंचने वाले थे।
Recommended Video

उखड़ा गया पंडाल, किसानों को आंदोलन स्थल से हटाया
नवा रायपुर के किसान आंदोलन की अगुवाई करने वाले किसान नेता रूपन चंद्राकर ने सन्देश भेजकर बताया कि प्रशासन ने सुबह करीब 4 बजे के आस पास नई राजधानी प्रभावित किसान कल्याण समिति का पंडाल उखाड दिया गया है और धरना स्थल पर मौजूद किसानों को पुलिस फोर्स उठा कर ले गई है। रूपं चंद्राकर ने कहा कि सरकार ने अपनी दमनकारी नीति से सोये हुए किसानों पर यह कार्रवाई की है। उन्होंने कहा कि आज सभी किसानों को मत भेद भूलकर एक होकर लड़ना होगा, नही तो आज नवा रायपुर के किसानों के साथ हुआ है,कल सबके साथ होने से कोई नही रोक पायेगा।

राकेश टिकैत का कार्यक्रम यथावत
वहीं छत्तीसगढ़ संयुक्त किसान मोर्चा के प्रवक्ता वैगेन्द्र सोनबेर ने बताया कि नवा रायपुर में कल रात से ही पुलिस फोर्स तैनात होने लगी थी। प्रशासन किसी भी तरह किसानों का आंदोलन खत्म करना चाहता है। किसान प्रशासन की दमनकारी नीतियों के आगे झुकने वाले नहीं हैं ,हमने इस घटना की पूरी जानकारी राष्ट्रीय स्तर के किसान नेताओं तक पहुंचा दी है। 27 अप्रैल को राकेश टिकैत जी की अगुवाई में होने का आंदोलन होकर रहेगा।

किसान की हुई थी मौत
गौरतलब है कि नवा रायपुर में भूमि अधिग्रहण से प्रभावित किसानों के विरोध प्रदर्शन के दौरान एक बुजुर्ग किसान की आंदोलन के दौरान मौत भी हो गई थी। जिसके बाद किसानों ने आंदोलन जारी रखते हुए राष्ट्रीय स्तर के किसानों से समर्थन मांगा था। इधर नवा रायपुर में पिछले महीने किसान आंदोलन के दौरान मृत हुए किसान की दंडाधिकारी जांच पूरी हो चुकी है। जांच रिपोर्ट में किसान की मौत के लिए किसान आंदोलन का आयोजन करने वालों को जिम्मेदार माना गया है।

किसानो से आंदोलन खत्म करने की अपील
जांच रिपोर्ट में किसानों से आंदोलन खत्म करने की करने की अनुशंसा की गई है। दंडाधिकारी जांच समिति के मुताबिक है कि नवा रायपुर में आंदोलन सरकार के बिना अनुमति के चल रहा है ,इसलिए इस किसान आंदोलन को तुरंत बंद करना चाहिए। नया रायपुर प्रभावित किसान कल्याण समिति की तरफ से अपनी आठ सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं,जिसमे से सरकार के मुताबिक किसानों की आठ सूत्रीय मांगों में से 6 मांगे पूरी कर ली गई है।

कार्रवाई पर सरकार ने जारी किया बयान
सरकार की तरफ से एक प्रेस विज्ञप्ति जारी करके बताया गया है कि नया रायपुर में एनआरडीए परिसर में नया रायपुर संघर्ष समिति द्वारा 3 महीने से अधिक समय से अनाधिकृत रूप से टेंट इत्यादि लगाकर धरना आंदोलन किया जा रहा है। समय समय पर लोगों को बुलाकर बड़ी संख्या में रैली निकालकर सामान्य व्यवस्था को बाधित भी किया जाता रहा है। संघर्ष समिति की कई माँगो पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर कई सकारात्मक निर्णय लिए जाकर इम्प्लमेंटेशन भी प्रारम्भ किया जा चुका है। संघर्ष समिति के पदाधिकारियों के साथ पूर्व में कई लेवल पर चर्चा कर धरना समाप्त करने भी मौखिक और लिखित रूप से कहा गया है।
बयान में आगे लिखा गया है कि पिछले दिनों आंदोलन के दौरान एक ग्रामीण की मृत्यु हुई थी। दंडाधिकारी जाँच में यह पाया गया कि पदाधिकारियों के द्वारा बिना अनुमति, बिना पर्याप्त व्यवस्था के प्रदर्शन आयोजित करने एवं लापरवाही पूर्ण एवं ग़ैर ज़िम्मेदाराना रवैए के कारण ही किसान की मृत्यु हुई है। बिना अनुमति के चल रहे धरने को समाप्त कराने की अनुशंसा भी की गयी है। 2 दिवस पूर्व भी एनआरडीए परिसर से धरना समाप्त करने हेतु पदाधिकारियों को नोटिस दिया गया है।
सरकार ने बयान में कहा है कि एनआरडीए के कर्मचारियों द्वारा भी रोज़ रोज़ सुबह से शाम तक प्रदर्शनकारियों द्वारा बिना अनुमति लाउड्स्पीकर बजाने से परेशान होकर कई बार धरना हटाने का निवेदन किया गया है।आज सुबह प्रशासन एवं पुलिस की टीम द्वारा एनआरडीए परिसर जाकर संघर्ष समिति के उपस्थित सदस्यों को अनाधिकृत रूप से परिसर में लगाए गए टेंट एवं लाउडस्पीकर को हटाने कहा गया। स्वयं से टेंट हटाने की समझाईश दी गयी परंतु सदस्यों द्वारा मना किया गया। मैजिस्ट्रेट की उपस्थिति में अमले द्वारा अनाधिकृत टेंट को हटाया गया और सामग्री जप्त की गयी है।
सरकार की प्रेस विज्ञप्ति ने आगे लिखा है कि पूर्व में मंत्री रवींद्र चौबे की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल के 3 सदस्यों की समिति द्वारा नया रायपुर संघर्ष समिति के साथ कई दौर की बैठके की गयी। मुख्य सचिव एवं अतिरिक्त मुख्य सचिव के स्तर पर, एवं ज़िला प्रशासन के अधिकारियों के साथ भी अलग अलग समय पर पदाधिकारियों के साथ मीटिंग एवं चर्चा की जा चुकी है। समिति की 8 में 6 मांगे मानी जा चुकी है परंतु फिर भी समिति द्वारा हठ करते हुए शासकीय परिसर में अनाधिकृत रूप से धरना कर और न्यायालय के आदेश का उल्लंघन करते हुए बिना अनुमति शासकीय कार्यालय के परिसर में सुबह से शाम लाउड स्पीकर बजाया जा रहा है। जिसे रविवार सुबह प्रशासन एवं पुलिस की टीम द्वारा हटाया गया है ।
यह भी पढ़ें युवक ने किया अपनी ही मां के साथ रेप, उठी फांसी देने की मांग
-
Khamenei Last Photo: मौत से चंद मिनट पहले क्या कर रहे थे खामनेई? मिसाइल अटैक से पहले की तस्वीर आई सामने -
38 साल की फेमस एक्ट्रेस को नहीं मिल रहा काम, बेच रहीं 'ऐसी' Photos-Videos, Ex-विधायक की बेटी का हुआ ऐसा हाल -
Uttar Pradesh Petrol-Diesel Price: Excise Duty कटौती से आज पेट्रोल-डीजल के दाम क्या? 60 शहरों की रेट-List -
KBC वाली तहसीलदार गिरफ्तार, कहां और कैसे किया 2.5 करोड़ का घोटाला? अब खाएंगी जेल की हवा -
Lockdown का PM मोदी ने क्या सच में ऐलान किया? संकट में भारत? फिर से घरों में कैद होना होगा?- Fact Check -
साथ की पढ़ाई, साथ बने SDM अब नहीं मिट पा रही 15 किलोमीटर की दूरी! शादी के बाद ऐसा क्या हुआ कि बिखर गया रिश्ता? -
Kal Ka Mausam: Delhi-Noida में कल तेज बारिश? 20 राज्यों में 48 घंटे आंधी-तूफान, कहां ओलावृष्टि का IMD अलर्ट? -
27 की उम्र में सांसद, अब बालेन सरकार में कानून मंत्री, कौन हैं सोबिता गौतम, क्यों हुईं वायरल? -
'मेरा पानी महंगा है, सबको नहीं मिलेगा', ये क्या बोल गईं Bhumi Pednekar? लोगों ने बनाया ऐसा मजाक -
Gajakesari Yoga on Ram Navami 2026: इन 4 राशियों की बदलेगी किस्मत, पैसा-सम्मान सब मिलेगा -
Uttar Pradesh Weather Alert: यूपी में 6 दिन का IMD अलर्ट! 36 जिलों में बारिश-आंधी, Lucknow में कैसा रहेगा मौसम -
IPS Success Love Story: एसपी कृष्ण ने अंशिका को पहनाई प्यार की 'रिंग', कब है शादी? कहां हुई थी पहली मुलाकात?












Click it and Unblock the Notifications