Chhatarpur News: कथावाचक के चेले के साथ भागी यजमान की पत्नी का बयान, मंगलसूत्र उतार आई, पति को नहीं करती पसंद
Chhatarpur News: कथावाचक धीरेंद्र आचार्य ने अब यह स्पष्ट कर दिया है कि नरोत्तम दास उनका चेला नहीं था। आचार्य के मुताबिक जिस दिन से नरोत्तम के इस कृत्य की जानकारी मुझे लगी। उसके बाद से ही मैंने उससे मतलब रखना छोड़ दिया।

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Chhatarpur News: मध्यप्रदेश के छतरपुर में रामकथा संपन्न होने के बाद कथावाचक के चेले ने यजमान की पत्नी को भगा ले जाने वाले मामले में नई कहानी सामने आई है। अब इस मामले में यजमान की पत्नी ने अपने पति पर ही गंभीर आरोप लगा दिए हैं। महिला ने कहा कि पति राहुल तिवारी अपने साथी राहुल दुबे के साथ मिलकर जान से मारना चाहता है।
छतरपुर में यजमान ने रामकथा का कार्यक्रम कराया था। उसकी पत्नी कथा संपन्न होने के बाद कथावाचक के चेले के साथ घर से फरार हो गई थी। पत्नी के भागने के बाद पति ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई लेकिन इससे पहले की पुलिस महिला को ढूंढ पाती महिला ने खुद सोशल मीडिया के जरिए अपने पति पर गंभीर आरोप लगा दिए।अपनी मर्जी से घर छोड़कर आने की बात कही है। बता दें कि महिला का 8 वर्ष का एक बच्चा भी है।
छतरपुर के रहने वाले राहुल तिवारी नाम के युवक ने स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी पत्नी को कथावाचक धीरेन्द्र आचार्य का चेला नरोत्तम दास बहलाफुसलाकर अपने साथ भगा ले गया है।
राहुल ने जानकारी दी कि उसने व पत्नी ने धीरेन्द्र आचार्य से गुरु मंत्र लिया था और बाद में धीरेन्द्र आचार्य से रामकथा का आयोजन भी कराया था। इसी कार्यक्रम के दौरान पत्नी और धीरेन्द्र आचार्य के चेला नरोत्तम दास के बीच मोबाइल नंबर पर बातचीत शुरु हुई और कथा संपन्न होने के बाद पत्नी नरोत्तम के साथ घर से फरार हो गई। राहुल का आरोप है कि पत्नी घर से करीब 80 हजार नगद सहित ढ़ाई लाख रुपए के जेवरात अपने साथ ले गई है।
वहीं पति राहुल के द्वारा लगाए गए इन आरोपों के बाद पत्नी ने भी जवाब दिया है। उसका कहना है कि पति मुझे जान से खत्म करना चाहता है। मैं अपनी इच्छा से आई हूं। मैं अपने साथ कुछ भी लेकर नहीं आई मंगल सूत्र भी ससुराल में छोड़कर आई हूं। ससुराल में पति के द्वारा मुझे लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था। इसलिए अब मैं अपने पति के साथ नहीं रहना चाहती और नरोत्तमदास के साथ ही रहना चाहती हूं।
वहीं इस पूरे मामले के सामने आने के बाद कथावाचक धीरेंद्र अचार्य ने साफ कहा है कि नरोत्तम दास उनका शिष्य नहीं है। वो उनका काम काज देखा करता था, और जिस दिन से उसके इस कृत्य की जानकारी लगी है उसके बाद से ही नरोत्तम दास से मतलब रखना छोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि अब मेरा उससे कोई वास्ता नहीं और वह मेरे साथ कभी नहीं दिखाई देगा। वहीं इस मामले में एसपी ने कहा है कि पति पत्नि के बीच विवाद की वजह से पत्नी पति के साथ नहीं रहना चाहती है। इसलिए कोई केस नहीं बनता है फिर भी पुलिस जांच कर रही है।












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