• search
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

टोयोटा मोटर्स ने भारत में 2000 करोड़ निवेश की घोषणा की, भारत के प्रति जताई अपनी प्रतिबद्धता

|

नई दिल्ली। उच्च टैक्स दरों का हवाला देकर भारत में निवेश को विस्तार नहीं देने की खबरों के बीच मंगलवार को टोयोटा मोटर कॉर्प ने भारत के स्थानीय ईकाईयों में 2000 करोड़ रुपए से अधिक के निवेश की घोषणा की है। कंपनी ने जारी बयान में कहा कि वह भारतीय बाजार के लिए प्रतिबद्ध है। हालांकि पहले कंपनी के एक शीर्ष अधिकारी के हवाले से छपी एक रिपोर्ट में कहा गया था कि भारत में कारों पर उच्च करों के चलते अपनी विस्तार योजनाओं को रोक देगी।

कोरोना वैक्सीन: ऑक्सफोर्ड ही नहीं, ये 6 वैक्सीन भी पहुंच चुकी हैं थर्ड फेज के ट्रायल में

toyota

कोरोना वैक्सीन के लिए अभी करना पड़ सकता है लंबा इंतजार, टीका बनाने वालीं कंपनी ने बताई ये वजह?

हम भारत में 2000 से अधिक करोड़ रुपए का निवेश कर रहे हैं: टोयोटा

हम भारत में 2000 से अधिक करोड़ रुपए का निवेश कर रहे हैं: टोयोटा

इस संबंध में टोयोटा की स्थानीय इकाई टोयोटा किर्लोस्कर मोटर्स के उपाध्यक्ष विक्रम किर्लोस्कर ने एक ट्वीट पोस्ट में कहा, भारत में टिकाऊ गतिशीलता का भविष्य मजबूत है और टोयोटा इस यात्रा का हिस्सा बनने पर गर्व करती है। हम भारत में वाहनों के विद्युतीकरण के लिए 2000 से अधिक करोड़ रुपए का निवेश कर रहे हैं।

भारत में कारों पर उच्च करों के कारण कंपनी विस्तार नहीं करेगीः रिपोर्ट

भारत में कारों पर उच्च करों के कारण कंपनी विस्तार नहीं करेगीः रिपोर्ट

दरअसल, टोयोटा किर्लोस्कर के वाइस-चेयरमैन, शेखर विश्वनाथन का हवाला देते हुए एक दिन पहले ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट में कहा गया था कि कंपनी ने भारत में कारों पर उच्च करों के कारण और विस्तार नहीं करने का निर्णय किया है, जिससे वाहन निर्माताओं के लिए कारोबारी लक्ष्य का हासिल करना मुश्किल हो जाता है। कंपनी के बेंगलुरु के उपनगरों में दो संयंत्र हैं, जहां वह कार और उनके यूटीलिटी व्हीकिल बनाती है। इनमें एटिओस, इनोवा और फॉरच्यूनर जैसे मॉडल शामिल हैं।

परस्पर विरोधी बयान के बाद कंपनी ने भारत के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई

परस्पर विरोधी बयान के बाद कंपनी ने भारत के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई

गौरतलब है भारत में कारोबारी विस्तार को लेकर कंपनी के रूख में अचानक बदलाव आया और परस्पर विरोधी बयान के बाद पहले टोयोटा किर्लोस्कर ने भारत के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई और बाद में किर्लोस्कर ने निवेश योजनाओं को सार्वजनिक कर दिया है। यह कहते हुए कि भारत उसकी वैश्विक रणनीति का एक अभिन्न अंग "है, जापानी ऑटो दिग्गज ने कहा कि वह भारत सरकार से टैक्स कटौती के माध्यम से ऑटो उद्योग के समर्थन में कदम उठाने की उम्मीद करता है।

भारत में परिचालन हमारी वैश्विक रणनीति का एक अभिन्न अंग है: टोयोटा

भारत में परिचालन हमारी वैश्विक रणनीति का एक अभिन्न अंग है: टोयोटा

कंपनी ने बयान जारी कर कहा कि टोयोटा किर्लोस्कर मोटर यह बताना चाहेगी कि हम भारतीय बाजार के लिए प्रतिबद्ध हैं और भारत में परिचालन हमारी वैश्विक रणनीति का एक अभिन्न अंग है। हमें हमारे द्वारा जनरेट की गई नौकरियों की रक्षा करने की जरूरत है और हम इसे हासिल करने के लिए हर संभव प्रयास करेंगे। कंपनी ने आगे कहा, भारत में अपने दो दशकों के संचालन के दौरान हमने एक मजबूत, प्रतिस्पर्धी स्थानीय आपूर्तिकर्ता पारिस्थितिकी तंत्र बनाने और मजबूत सक्षम मानव संसाधनों के विकास के लिए अथक प्रयास किए हैं।

कंपनी ने कोरोना से पैदा हुई मंदी के मद्देनजर टैक्स संरचना का अनुरोध किया

कंपनी ने कोरोना से पैदा हुई मंदी के मद्देनजर टैक्स संरचना का अनुरोध किया

टोयोटा किर्लोस्कर ने कहा, हमने जो भी बनाया है, उसकी पूरी क्षमता का उपयोग सुनिश्चित करने में समय लगेगा। कोविद -19 प्रभावों से पैदा हुई मंदी के मद्देनजर ऑटो उद्योग सरकार से यथोचित कर संरचना व्यवहार का समर्थन का अनुरोध कंपनी कर रही है, जिसके माध्यम से उद्योग को बनाए स्थिर बनाए रखा जा सके और हमें भरोसा है कि सरकार उद्योग और रोजगार का समर्थन करने के लिए हर संभव कोशिश करेगी।

प्रकाश जावड़ेकर ने ट्वीट में ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट को

प्रकाश जावड़ेकर ने ट्वीट में ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट को "गलत" करार दिया था

उल्लेखनीय है निवेश योजनाओं पर विक्रम किर्लोस्कर का ट्वीट पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन के केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर के एक ट्वीट के जवाब में सामने आया था। जावड़ेकर ने अपनी ट्वीट में ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट को "गलत" करार देते हुए कहा कि टोयोटा अगले 12 महीने भारत में 2,000 करोड़ से अधिक का निवेश करेगी।

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
On Tuesday, Toyota Motor Corp announced an investment of over Rs 2000 crore in India's local units amid reports of not expanding investment in India citing high tax rates. The company said in a statement that it is committed to the Indian market. However, a report earlier quoted by a top company official said that it would stop its expansion plans due to high taxes on cars in India.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X