RJD Political Crisis: लालू के खास जगदानंद सिंह ने क्यों दिया इस्तीफ़ा, प्रदेश अध्यक्ष की रेस में 4 नाम
RJD Political Crisis: जगदानंद सिंह का राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को इस्तीफा मिल गया है। लालू प्रसाद यादव उनके इस्तीफ़ा पर फ़ैसला लेंगे। वहीं सूत्रों की मानें तो पार्टी आलाकमान ने जगदानंद सिंह से बात कर रही है।
RJD Political Crisis: बिहार में महागठबंधन की सरकार बन्ने के बाद से ही राजद नेताओं के बीच मतभेद शुरू होने लगा है। लालू प्रसाद यादव के खास जगदानंद सिंह ने पार्टी से इस्तीफ़ा दे दिया है। वहीं खबर आ रही है कि अभी इस्तीफ़ा मंज़ूर नहीं किया गया है। अगर इस्तीफ़ा मंजूर होता है तो बिहार राज्द के प्रदेश अध्यक्ष कौन बनेगा। इन सब मुद्दों पर सियासी गलियारों में चर्चा शुरू हो चुकी है। आपको बताएंगे कि राजद में जगदानंद सिंह के बाद प्रदेश अध्यक्ष की रेस में कौन-कौन से नाम शामिल हैं। इससे पहले जगदानंद सिंह की नाराज़गी से लेकर इस्तीफ़ा प्रकरण के बारे में आपको बताते हैं।

जगदानंद सिंह ने दिया पार्टी से इस्तीफा
दिल्ली में राजद की तीन दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। जिससें आरजेडी राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव और जगदानंद सिंह के बीच दिल्ली में में बैठक होने वाली थी। राजद की राष्ट्रीय स्तर बैठक में शामिल होने जगदानंद सिंह दिल्ली रवाना हुए थे, लेकिन बीच रास्ते से ही वह वापस लौट गए थे। जगदानंद सिंह दिल्ली जाने के लिए राजधानी एक्सप्रेस से ट्रेन से चले थे लेकिन वह आधे रास्ते में ही वापस लौट गए। जिसके बाद से सियासी गलियारों में यह चर्चा तेज़ हो गई थी कि लालू प्रसाद यादव के खास जगदानंद सिंह पार्टी से इस्तीफा दें देंगा। आखिर उन्होंने इस्तीफा सौंप दिया है लेकिन अभी इस्तीफा मंजूर नहीं हुआ है। जगदानंद सिंह के इस्तीफा के बाद राजद प्रदेश अध्यक्ष के लिए किन नामों पर सहमति बन सकती है। वह भी आपको बताएंगे, उससे पहले जान लेते हैं कि जगदानंद सिंह के इस्तीफे की नौबत क्यों आई ?

बेटे के इस्तीफा से नाराज चल रहे थे जगदानंद
महागठबंधन की सरकार में राजद खाते से कृषि मंत्री बने सुधाकर सिंह के इस्तीफा के बाद से ही पार्टी में समीकरण बदलते हुए नज़र आ रहे हैं। सियासी गलियारों में यह चर्चा भी तेज़ थी कि एक बार के विधायक को राजद कोटे से मंत्री पद इसलिए दिया गया क्योंकि वह जगदानंद सिंह के बेटे हैं। आपको बता दें कि जगदानंद सिंह राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के बहुत ही खास हैं। सियासी गलियारों में यह भी चर्चा है कि जगदानंद सिंह के बेटे सुधाकर सिंह से पार्टी ने इस्तीफ़ा लिया है, इसलिए वह नाराज़ पार्टी से नाराज चल रहे हैं।

अपने ही विभाग पर उठाया था सवाल
सुधाकर सिंह मंत्री बन्ने के बाद अपने ही विभाग में भ्रष्टाचार का मुद्दे को उठाकर सुर्खियों में आए थे। उन्होंने कृषि रोड मैप पर सवाल उठाते हुए सरकार की नीतियों पर ही सवाल खड़ा कर दिया था। उन्होंने कहा था कि महागठंबधन की सरकार में वह भाजपा के एजेंडे को अपने विभाग में नहीं चलने देंगे। वहीं उन्होंने कहा था कि कृषि विपणन समिति (एपीएमसी) अधिनियिम और मंडी व्यवस्था बहाल नहीं होने तक वह आराम नहीं करेंगे। सुधाकर सिंह ने कहा था कि 2006 में इसे खत्म करने का फ़ैसला 'किसान विरोधी' था। उनके एक और बयान विभाग के सभी अधिकारी "चोर हैं और इस तरह विभाग के प्रमुख होने के नाते वह चोरों के मुखिया हैं" से सियासी पारा चढ़ गया था। इसके बाद ही सुधाकर सिंह निशाने पर आ गए थे और इस्तीफ़ा भी दे दिया था।

राजद प्रदेश अध्यक्ष के लिए 4 नामों पर चर्चा
जगदानंद सिंह का राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को इस्तीफा मिल गया है। लालू प्रसाद यादव उनके इस्तीफ़ा पर फ़ैसला लेंगे। वहीं सूत्रों की मानें तो पार्टी आलाकमान ने जगदानंद सिंह से बात कर रही है। अगर वह नहीं मानते हैं तो इस्तीफ़ा मंजूर कर लिया जाएगा। इसके साथ ही अब यह भी चर्चा शुरू हो गई है कि अगर जगदानंद सिंह का इस्तीफ़ा मंज़ूर होता है तो उसके बाद राजद का प्रदेश अध्यक्ष कौन बनेगा ? जगदानंद सिंह के बाद राजद प्रदेश अध्यक्ष के के लिए तीन नाम पर चर्चा हो रही है। सबसे पहले अब्दुल बारी सिद्दीकी का नाम है। उनके नाम पर सहमति नहीं बनी तो उदय नारायण चौधरी या फिर शिवचंद्र राम को राजद का बिहार अध्यक्ष बनाया जा सकता है। वहीं प्रदेश अध्यक्ष की रेस में श्याम रजक का नाम भी शामिल है लेकिन तेज प्रताप की वजह से उनकी संभावना कम लग रही है।
ये भी पढ़ें: Bihar Municipal Elections:चुनाव स्थगित होने से प्रत्याशियों में मायूसी, कहा- क्या पहले नहीं था आरक्षण मुद्दा ?












Click it and Unblock the Notifications