Kudhni By Election: एक तीर से कई निशाने लगाने की कोशिश में मुकेश सहनी, चली ये चुनावी चाल
Kudhni By Election: विकासशील इंसान पार्टी के प्रमुख मुकेश सहनी के इस फ़ैसले से प्रदेश का सियासी पारा चढ़ गया है। हालांकि इससे पहले दबाव की सियासत में मुकेश सहनी के सियासी सफर पर ग्रहण लग चुका है। मुकेश सहनी की चुनावी...
Kudhni By Election: बिहार में दो सीटों पर हुए उपचुनाव के बाद अब सियासी दलों ने कुढ़नी उपचुनाव की तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में विकासशील इंसान पार्टी के सुप्रीमो मुकेश सहनी ने एक तीर से कई निशाना साधने की कोशिश कर रहे हैं। दरअसल मुकेश सहनी ने कुढ़नी उपचुनाव में अपनी सियासी पहुंच दिखाने के लिए दबाव की सियासत कर रहे हैं। मुकेश सहनी ने राजनीतिक पार्टियों के सामने शर्त रखी है कि अगगर वह निषाद समुदाय से उम्मीदवार को टिकट देते हैं तो वीआईपी उपचुनाव में अपने प्रत्याशी नहीं उतारेगी।

मुकेश सहनी ने चढ़ाया सियाली पारा
कुढ़नी उपचुनाव के बहाने एक बार फिर मुकेश सहनी ने चुनावी चाल चली है, इसमें कितने कामयाब होंगे यह तो आने वाला वक्त ही तय करेगा। फिलहाल अगर उनकी सियासी चाल कामयाब होती है तो बिहार की सियासत में फिर से मुकेश सहनी अपना दबदबा क़ायम करने में सफल हो पाएंगे। सियासी गलियारों में यह चर्चा तेज़ है कि मुकेश सहनी की शर्त मान कर अगर सियासी दल ने निषाद समुदाय को उम्मीदवार बनाया तो, यह साफ हो जाएगा की मुकेश सहनी भले ही बिहार की सियासत में किसी पद पर नहीं हैं। लेकिन वह सियासी फिज़ा बदलने की दम रखते हैं।

कुढ़नी उपचुनाव के बहाने सहनी का शक्ति प्रदर्शन
कुढ़नी उपचुनाव के बहाने एक बार फिर मुकेश सहनी ने चुनावी चाल चली है, इसमें कितने कामयाब होंगे यह तो आने वाला वक्त ही तय करेगा। फिलहाल अगर उनकी सियासी चाल कामयाब होती है तो बिहार की सियासत में फिर से मुकेश सहनी अपना दबदबा क़ायम करने में सफल हो पाएंगे। सियासी गलियारों में यह चर्चा तेज़ है कि मुकेश सहनी की शर्त मान कर अगर सियासी दल ने निषाद समुदाय को उम्मीदवार बनाया तो, यह साफ हो जाएगा की मुकेश सहनी भले ही बिहार की सियासत में किसी पद पर नहीं हैं। लेकिन वह सियासी फिज़ा बदलने की दम रखते हैं।

निषाद समुदाय से उम्मीदवार घोषित करने की चली चाल
मुकेश सहनी ने बिहार कि सियासत में राजद और भाजपा के खिलाफ चुनावी चाल चलकर मुंह की खा चुके हैं। एक बार फिर उन्होंने निषाद उम्मीदवार के नाम पर दांव खेला है। आपको बता दें वीआईपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव मिश्रा ने कह कि 16 तारीख को पार्टी के उम्मीदवार नामांकन दाखिल करेंगे। इसके साथ ही उन्होंने साफ कर दिया है कि निषाद उम्मीदवार के नाम पर अगर कोई दल टिकट की घोषणा करता है तो उपचुनाव लडने पर विचार किया जाएगा। राजीव मिश्रा के इस बयान से यह तो साफ हो गया है कि अगर कोई भी गठबंधन निषाद समुदाय के उम्मीदवार को टिकट देगा तो वीआईपी उसे समर्थन दे सकती है।

राजद-जदयू के साथ भाजपा की भी बढ़ी मुश्किलें
विकासशील इंसान पार्टी के सियासी दांव ने राजद-जदयू की मुश्किलें तो बढ़ाई ही हैं, इसके साथ ही भाजपा को भी भाजपा सोचने पर मजबूर कर दिया है। भाजपा की वजह से ही सहनी की सियासत थम सी गई थी। अब अगर विकासशील इंसान पार्टी के दांव पर भाजपा ने उम्मीदवार उतारे तो, सियासी गलियारों में मुकेश सहनी का दबदबा कायाम हो सकता है। सियासी गलियारों में यह साफ संदेश जाएगा कि जिस भाजपा की वजह से मुकेश सहनी की राजनीति संकट में थी। कुढ़नी उपचुनाव में सहनी ने भाजपा को झुकाते हुए अपनी अपमान का बदला ले लिया। इसके साथ ही मुकेश सहनी की निषाद समुदाय में पकड़ भी मज़बूत हो जाएगी।
ये भी पढ़ें: Bihar Politics: कौन हैं उपेंद्र कुशवाहा जिन्होंने CM नीतीश कुमार की शराबबंदी पर उठाए सवाल ?












Click it and Unblock the Notifications