नीतीश ने खुद रखा सबसे बड़ा मंत्रालय, उच्च शिक्षा मंत्री कौन? बिहार कैबिनेट के नए विभागों का हुआ बंटवारा
Bihar Cabinet Reshuffle: बिहार कैबिनेट की हालिया बैठक में कई अहम फैसले लिए गए, जिसके बाद विभागों की संख्या 45 से बढ़कर 48 हो गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुए इस बदलाव में तीन नए विभागों का सृजन किया गया है। इन नए विभागों के लिए मंत्रियों का चयन भी हो चुका है।
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि नवगठित सिविल विमानन विभाग की जिम्मेदारी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने पास ही रखी है, जिससे उनके पास अब कुल पांच विभाग हो गए हैं। इसके अलावा, शिक्षा और श्रम जैसे महत्वपूर्ण विभागों का भी विस्तार किया गया है, जिसका सीधा असर युवा रोजगार और उच्च शिक्षा पर दिखेगा।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पास पांच विभाग
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने पास पहले से मौजूद चार विभागों सामान्य प्रशासन, मंत्रिमंडल सचिवालय, निगरानी, और निर्वाचन विभाग के साथ अब सिविल विमानन विभाग (Civil Aviation) की जिम्मेदारी भी ले ली है। इस नए विभाग को अपने पास रखने का निर्णय यह दर्शाता है कि मुख्यमंत्री राज्य में हवाई संपर्क (Air Connectivity) बढ़ाने और नए एयरपोर्ट तथा हवाई सेवाओं के विस्तार पर व्यक्तिगत रूप से ध्यान केंद्रित करना चाहते हैं। अब कुल पांच विभागों की कमान सीधे उनके हाथों में रहेगी, जिससे महत्वपूर्ण परियोजनाएं तेजी से आगे बढ़ सकेंगी।
ये भी पढे़ं: Bihar News: तेज प्रताप ने चला 'प्रोफेसर कार्ड'! DU के राम कृष्ण कौन हैं? जिन्हें बनाया अपनी पार्टी का प्रवक्ता
शिक्षा मंत्री को मिली उच्च शिक्षा की जिम्मेदारी
कैबिनेट बंटवारे के तहत, शिक्षा मंत्री सुनील कुमार को अब उच्च शिक्षा विभाग की अतिरिक्त जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनके पास पहले से शिक्षा विभाग और विज्ञान प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग मौजूद था, जिससे अब उनके पास कुल तीन विभाग हो गए हैं। उच्च शिक्षा विभाग का प्रभार मिलने से राज्य के विश्वविद्यालयों, कॉलेजों और तकनीकी संस्थानों से जुड़े महत्वपूर्ण फैसलों में तेजी आने की उम्मीद है। यह कदम शिक्षा क्षेत्र में सुधार और आधुनिकीकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लिया गया है।
युवाओं के लिए नया रोजगार एवं कौशल विभाग
युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए, श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग का विस्तार कर एक नया विभाग युवा रोजगार एवं कौशल विकास विभाग (Youth Employment Skill Development) का सृजन किया गया है। इसकी जिम्मेदारी पहले से श्रम संसाधन विभाग संभाल रहे संजय सिंह टाइगर को दी गई है। इस नए विभाग का मुख्य उद्देश्य युवाओं को रोजगार से जोड़ना और उन्हें आधुनिक कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध कराना है। श्रम संसाधन विभाग के साथ इस नए विभाग को जोड़ने से रोजगार सृजन की योजनाओं को एकीकृत रूप से लागू किया जा सकेगा।
ये भी पढे़ं: Bihar में पुलिस का 'एनकाउंटर मोड' ऑन, गोली लगने के बाद अपराधी गिरफ्तार, मची दहशत
अन्य विभागों में भी हुआ फेरबदल
कैबिनेट विस्तार में कला संस्कृति विभाग का भी विस्तार किया गया है, जिसकी जिम्मेदारी अरुण शंकर प्रसाद को मिली है, जो पहले पर्यटन विभाग संभाल रहे थे। इसके अलावा, सुरेंद्र मेहता को मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग के साथ-साथ विस्तारित किए गए डेयरी विभाग का भी प्रभार मिला है। डेयरी विभाग को अलग से विस्तार देने का मकसद राज्य में पशुपालन और दुग्ध उत्पादन क्षेत्र को बढ़ावा देना है। ये सभी बदलाव राज्य के विकास को गति देने के लिए किए गए हैं।
ये भी पढे़ं: Bihar: RJD विधायक भाई वीरेंद्र पर लटकी गिरफ्तारी की तलवार, पंचायत सचिव के साथ वायरल वीडियो में बड़ी कार्रवाई












Click it and Unblock the Notifications