Bhopal MP News: पुलिस का एक्शन मोड ऑन, तब्लीगी इज्तिमा से पहले हाई लेवल मीटिंग, जानिए सुरक्षा का पूरा प्लान
Ijtema News: भोपाल एक बार फिर दुनिया के सबसे बड़े धार्मिक समागमों में से एक - आलमी तब्लीगी इज्तिमा - की मेजबानी करने को तैयार है। 14 से 17 नवंबर 2025 तक ईंटखेड़ी के घासिपुरा में आयोजित होने वाले इस 78वें इज्तिमा में 10 लाख से अधिक श्रद्धालु (जमातें) शामिल होंगे, जो 15 देशों से आएंगे। इस विशाल आयोजन की सुरक्षा और व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए पुलिस ने एक्शन मोड चालू कर दिया है।
शुक्रवार (7 नवंबर 2025) को पुलिस आयुक्त हरिनारायणाचारी मिश्र और आईजी देहात अभय सिंह की संयुक्त बैठक कमिश्नर कार्यालय सभागार में संपन्न हुई, जिसमें इज्तिमा आयोजन समिति के पदाधिकारी, शहर और देहात के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। बैठक में इज्तिमा स्थल की सुरक्षा, पार्किंग, ट्रैफिक रूट, बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन की व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा हुई।

आयुक्त मिश्र ने साफ निर्देश दिए, "श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता है। किसी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।" 5,000 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात होंगे, ड्रोन से निगरानी होगी, और 300 एकड़ पार्किंग एरिया तैयार है। यह इज्तिमा न केवल धार्मिक महत्व का है, बल्कि शांति और एकता का प्रतीक भी - लेकिन इतनी बड़ी भीड़ में व्यवस्था का दबाव भी कम नहीं। आइए, जानते हैं इस हाई लेवल मीटिंग की पूरी डिटेल - सुरक्षा प्लान से लेकर रूट, सुविधाओं और इज्तिमा के महत्व तक।
हाई लेवल मीटिंग का जश्न: आयुक्त मिश्र और आईजी अभय सिंह की संयुक्त बैठक, व्यवस्था पर फोकस
भोपाल के कमिश्नर कार्यालय सभागार में शुक्रवार को आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में इज्तिमा आयोजन समिति के पदाधिकारी डॉ. उमर हाफिज खान, इकबाल हाफिज खान, शहर पुलिस अधीक्षक, देहात एसपी, ट्रैफिक इंचार्ज, नगर निगम आयुक्त, PWD और अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक का उद्देश्य आने वाले इज्तिमा के दौरान किसी भी तरह की असुविधा न हो, यह सुनिश्चित करना था। पुलिस आयुक्त हरिनारायणाचारी मिश्र ने कहा, "इज्तिमा में 10 लाख श्रद्धालु आ रहे हैं, जो शांति और भाईचारे का संदेश देते हैं। हमारी जिम्मेदारी है कि हर जमात को सुरक्षित सुविधा मिले।"
आईजी अभय सिंह ने बताया, "बैठक में इज्तिमा स्थल की सुरक्षा, पार्किंग, ट्रैफिक रूट, बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन की व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। भीड़ नियंत्रण, ट्रैफिक डायवर्जन और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए रूपरेखा तैयार की गई।" मीटिंग में मिनट-टू-मिनट एक्शन प्लान पर जोर दिया गया। आयुक्त ने निर्देश दिए कि सभी विभाग निर्धारित समयसीमा में काम पूरा करें, और वॉलंटियर्स को प्रशिक्षित करें। यह बैठक इज्तिमा से एक हफ्ता पहले हुई, जो व्यवस्था को अंतिम रूप देने का प्रयास है।
इज्तिमा का महत्व: 78वां आलमी तब्लीगी इज्तिमा, 14-17 नवंबर को 10 लाख श्रद्धालु, 15 देशों से जमातें
भोपाल का आलमी तब्लीगी इज्तिमा दुनिया के चार सबसे बड़े धार्मिक समागमों में से एक है - अन्य रायविंड (पाकिस्तान), टोंगी (बांग्लादेश) और जकार्ता (इंडोनेशिया)। 1949 से शुरू यह आयोजन नवंबर में होता है, लेकिन 2025 में 14-17 नवंबर को ईंटखेड़ी घासिपुरा में होगा। इज्तिमा समिति के अनुसार, 30,000 से अधिक जमातें (समूह) शामिल होंगी, जिनमें 10-12 लाख श्रद्धालु होंगे। 15 देशों - इंडोनेशिया, मलेशिया, यूके, यूएसए, यूएई, पाकिस्तान, बांग्लादेश आदि से जमातें आ रही हैं।
समिति के मीडिया कोऑर्डिनेटर डॉ. उमर हाफिज खान ने कहा, "यह इज्तिमा इस्लामिक जीवनशैली, छह सिद्धांतों (कलिमा, नमाज, इल्म, इकराम, खिदमत, दावत) पर आधारित है। जायरीन यहां आध्यात्मिक ऊर्जा से लौटेंगे।" आयोजन 600 एकड़ में फैलेगा, जिसमें 120 एकड़ पंडाल, 300 एकड़ पार्किंग (70 जोन)। 45,000 वॉलंटियर्स व्यवस्था संभालेंगे।
सुरक्षा का पूरा प्लान: 5 हजार पुलिसकर्मी, ड्रोन निगरानी, ट्रैफिक डायवर्जन - मीटिंग में तय
बैठक में सबसे ज्यादा फोकस सुरक्षा पर रहा। पुलिस आयुक्त मिश्र ने स्पष्ट निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च है।
मुख्य व्यवस्थाएं:
- पुलिस तैनाती: 5,000 से अधिक पुलिसकर्मी, जिसमें 1,000 शहर पुलिस, 2,000 देहात, 1,000 RPF/GRP, 1,000 होम गार्ड। 24x7 पेट्रोलिंग।
- ड्रोन और टेक्नोलॉजी: 20 ड्रोन से हवाई निगरानी, CCTV कैमरे 100 से बढ़ाकर 200। AI आधारित भीड़ मॉनिटरिंग।
- ट्रैफिक और पार्किंग: भोपाल-विदिशा रोड पर डायवर्जन - वैकल्पिक रूट (कोलार बायपास)। 300 एकड़ पार्किंग, 50,000 वाहनों की क्षमता। 70 जोन, वॉलंटियर्स गाइड।
- रेलवे-बस स्टैंड: हबीबगंज और भोपाल जंक्शन पर विशेष काउंटर, 200 बसें अतिरिक्त। स्टेशन पर भीड़ नियंत्रण।
- मेडिकल और हाइजीन: 20 एम्बुलेंस, 50 मेडिकल टेंट। स्वच्छता के लिए 1,000 स्वीपर, प्लास्टिक-फ्री इज्तिमा।
आईजी अभय सिंह ने कहा, "तैयारियां पूरी हैं। इज्तिमा शांतिपूर्ण होगा।" समिति ने भी सहयोग का वादा किया।
इज्तिमा का इतिहास: 1949 से भोपाल का गौरव, 10 लाख श्रद्धालुओं का समागम
भोपाल इज्तिमा 1949 में शकूर खान मस्जिद से शुरू हुआ, 2005 से ईंटखेड़ी में। तब्लीगी जमात की स्थापरा 1926 में मौलाना इलियास कंधलवी ने की। यह आयोजन शांति का प्रतीक है - 2023 में 10 लाख श्रद्धालु, 350 निकाह। इस बार 30,000 जमातें। समिति ने कहा, "शांति और भाईचारा हमारा संदेश।"












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