MP News: भोपाल में डीजीपी सुधीर सक्सेना की विदाई परेड: DCP बेटी ने बतौर कमांडर दी सलामी
शनिवार को मध्य प्रदेश पुलिस के वर्तमान मुखिया डीजीपी सुधीर सक्सेना की विदाई परेड का आयोजन मोतीलाल नेहरू स्टेडियम में किया गया। इस विशेष अवसर पर, एमपी पुलिस के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ा, जब डीजीपी की आईपीएस बेटी सोनाक्षी सक्सेना ने बतौर कमांडर अपने पिता को सलामी दी।
सोनाक्षी सक्सेना फिलहाल भोपाल पुलिस में डीसीपी इंटेलिजेंस के रूप में कार्यरत हैं। उनके द्वारा अपने पिता को सलामी देना इस पल को और भी भावुक और यादगार बना गया।

डीजीपी सुधीर सक्सेना का संदेश
समारोह के दौरान डीजीपी सुधीर सक्सेना ने अपनी पुलिस फोर्स को संबोधित करते हुए कहा कि "मध्यप्रदेश पुलिस देश में सर्वोत्तम है। हमारी पुलिस की आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई की देशभर में सराहना की गई है। विशेष रूप से जेएमबी, सिमी, पीएफआई के मॉड्यूल को प्रदेश में ध्वस्त किया गया।" उन्होंने राज्य पुलिस की कड़ी मेहनत और उत्कृष्टता को सराहा, विशेष रूप से आतंकवाद और नक्सलवाद के खिलाफ की गई कार्रवाई को।

सुधीर सक्सेना के कार्यकाल की उपलब्धियां
डीजीपी सुधीर सक्सेना का कार्यकाल 30 नवंबर 2024 को समाप्त हुआ। वह 87 बैच के भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारी हैं और प्रदेश के 30वें पुलिस महानिदेशक के रूप में कार्यरत थे। उन्होंने 4 मार्च 2022 को पदभार ग्रहण किया था, जब पूर्व डीजीपी विवेक जौहरी सेवानिवृत्त हुए थे। उनके कार्यकाल में मध्यप्रदेश पुलिस ने कई महत्वपूर्ण कदम उठाए, जिनमें साइबर सुरक्षा को लेकर राष्ट्रीय स्तर के सेमिनार का आयोजन और नक्सल प्रभावित जिलों में पुलिस की कार्रवाई शामिल हैं।
सुधीर सक्सेना की अगुवाई में पुलिस ने प्रदेश में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई अहम कदम उठाए और साथ ही आतंकवाद, नक्सलवाद और साइबर अपराध से संबंधित मुद्दों पर भी प्रभावी कार्रवाई की।

भव्य विदाई समारोह
डीजीपी की सेवानिवृत्ति के मौके पर पुलिस विभाग ने उनके सम्मान में भव्य विदाई समारोह का आयोजन किया। पुलिस का अभ्यास एक सप्ताह पहले शुरू कर दिया गया था, ताकि वे इस अवसर पर गार्ड ऑफ ऑनर और परेड की पूरी तैयारी कर सकें। यह परेड डीजीपी के योगदान और उनके कार्यकाल के दौरान प्रदेश पुलिस द्वारा की गई उत्कृष्ट सेवाओं को सम्मानित करने का एक खास अवसर था।
सुधीर सक्सेना की पृष्ठभूमि
सुधीर सक्सेना मूलतः ग्वालियर के रहने वाले हैं। उनका कार्यकाल हमेशा पुलिस विभाग की सफलता और नफरत फैलाने वाली ताकतों के खिलाफ संघर्ष के रूप में याद किया जाएगा। उनकी सेवाओं को हमेशा एक प्रेरणा के रूप में देखा जाएगा, खासकर आतंकवाद, नक्सलवाद, और साइबर अपराध जैसी जटिल चुनौतियों के खिलाफ उनकी नेतृत्व क्षमता को लेकर।
डीजीपी सुधीर सक्सेना का कार्यकाल मध्यप्रदेश पुलिस के लिए एक ऐतिहासिक और समृद्ध दौर रहा। उनकी विदाई परेड ने न केवल उनके द्वारा किए गए कार्यों को सम्मानित किया, बल्कि उनकी बेटी सोनाक्षी सक्सेना की सलामी भी इस समारोह को और खास बना गई। पुलिस विभाग में उनका योगदान हमेशा याद किया जाएगा, और उनके कार्यों का प्रभाव राज्य की कानून-व्यवस्था पर लंबे समय तक देखा जाएगा।












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