MP News: मुख्यमंत्री मोहन यादव का जर्मनी दौरा, मध्य प्रदेश में लैंग्वेज इंस्टीट्यूट खोलने की घोषणा

मुख्यमंत्री मोहन यादव 28 नवंबर से 29 नवंबर तक जर्मनी के दौरे पर हैं, जहां उन्होंने जर्मनी के बावेरिया स्टेट के मंत्री और स्टेट चांसलर-इन-चीफ डॉ हरमन से मुलाकात की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जर्मनी और मध्यप्रदेश (एमपी) के बीच आर्थिक, तकनीकी और रोजगार से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।

मुख्यमंत्री ने जर्मनी की आबादी और रोजगार की जरूरतों पर बात करते हुए कहा, "जर्मनी की आबादी बहुत थोड़ी सी है और इनमें भी ज्यादातर बुजुर्ग हो चुके हैं या फिर इस अवस्था को पहुंचने के करीब हैं। यहां टेक्नोलॉजिकल क्षेत्र में वर्कर्स की आवश्यकता है, जबकि हमारे राज्य में युवाओं को रोजगार की जरूरत है।"

CM Mohan Yadav visits Germany announces opening of language institute in Madhya Pradesh

उन्होंने यह भी जोड़ा, "दोनों एक-दूसरे पर निर्भर हैं, और इसलिए हम जर्मनी की तकनीकी जरूरतों को पूरा करने के लिए मध्यप्रदेश में लैंग्वेज इंस्टीट्यूट खोलेंगे ताकि हमारे युवा यहां की भाषा में दक्ष हो सकें और उन्हें बेहतर रोजगार के अवसर मिल सकें।"

मुख्यमंत्री ने यह स्पष्ट किया कि जर्मनी और मध्यप्रदेश के बीच एक आपसी सहयोग स्थापित करने के लिए यह पहल महत्वपूर्ण होगी, जिससे दोनों पक्षों के लिए लाभकारी स्थितियाँ उत्पन्न हो सकें।

एमपी में निवेश और उद्योगों का विकास

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इन दिनों जर्मनी के दौरे पर हैं, जहां उन्होंने बावेरिया स्टेट के मंत्री और स्टेट चांसलर-इन-चीफ डॉ. हरमन से मुलाकात की। इस मुलाकात में उन्होंने जर्मनी और मध्यप्रदेश के बीच संभावित सहयोग को लेकर अहम विचार साझा किए। विशेष रूप से, उन्होंने मध्यप्रदेश में युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने और जर्मनी की तकनीकी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए लैंग्वेज इंस्टीट्यूट खोलने की योजना की घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने कहा, "जर्मनी की आबादी वृद्धावस्था की ओर बढ़ रही है, और यहां की अधिकांश आबादी बुजुर्ग हो चुकी है या इस अवस्था तक पहुँचने वाली है। जर्मनी में वर्कर्स की कमी है, जबकि हमारे राज्य में युवा कार्यबल की प्रचुरता है।" सीएम ने यह भी बताया कि यह स्थिति दोनों देशों के लिए एक साथ काम करने का अवसर प्रस्तुत करती है। "हमारी युवा शक्ति को जर्मनी की तकनीकी जरूरतों के अनुसार तैयार करने के लिए हम मध्यप्रदेश में लैंग्वेज इंस्टीट्यूट खोलेंगे। इससे हमारे युवा जर्मनी में उपलब्ध तकनीकी और रोजगार के अवसरों का लाभ उठा सकेंगे," सीएम ने कहा।

जर्मनी में रोजगार के अवसर: एमपी के युवाओं के लिए नई दिशा

सीएम डॉ. मोहन यादव ने जर्मनी की बढ़ती हुई वृद्धावस्था जनसंख्या और उसके परिणामस्वरूप वर्कफोर्स की कमी पर भी बात की। उन्होंने यह बताया कि जर्मनी को अपनी औद्योगिक और तकनीकी क्षमताओं को बनाए रखने के लिए नए वर्कर्स की आवश्यकता है, जो मुख्य रूप से मध्यप्रदेश जैसे युवा राज्य से मिल सकते हैं। इस संदर्भ में, सीएम ने मध्यप्रदेश में लैंग्वेज इंस्टीट्यूट खोलने की योजना का जिक्र किया, जिसका उद्देश्य युवाओं को जर्मन भाषा में दक्ष बनाना है, ताकि वे वहां के उद्योगों में काम कर सकें।

मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यह पहल जर्मनी और मध्यप्रदेश के बीच सहयोग को बढ़ावा देने में मदद करेगी। "हमारे युवाओं को रोजगार की जरूरत है, और जर्मनी में कामकाजी पेशेवरों की कमी है। दोनों एक-दूसरे पर निर्भर हैं। हम इस अवसर का लाभ उठाकर अपनी युवाशक्ति को बेहतर तकनीकी और भाषा कौशल से लैस करेंगे," उन्होंने कहा।

निवेश और तकनीकी साझेदारी पर चर्चा

मुख्यमंत्री ने जर्मनी के उद्योगपतियों से मध्यप्रदेश में निवेश की संभावनाओं पर भी चर्चा की। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री के हाल ही में संपन्न यूके दौरे के दौरान राज्य को 60,000 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले थे, जो राज्य के विकास और रोजगार सृजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। मुख्यमंत्री ने जर्मनी के उद्योगपतियों से मध्यप्रदेश में निवेश के लिए आग्रह किया, विशेष रूप से ऑटोमोटिव सेक्टर में, जहां जर्मनी की तकनीकी उन्नति को मध्यप्रदेश के उद्योगों में लागू किया जा सकता है।

उन्होंने जर्मनी के औद्योगिक विकास को भी सराहा, विशेष रूप से द्वितीय विश्व युद्ध के बाद जर्मनी के आर्थिक पुनर्निर्माण और तकनीकी विकास को। "द्वितीय विश्व युद्ध के बाद जर्मनी ने तकनीकी नवाचार और उत्पादन के क्षेत्र में जिस तरह से खुद को फिर से स्थापित किया, वह एक आदर्श उदाहरण है," सीएम ने कहा।

ग्लोबल समिट के लिए जर्मनी को आमंत्रण

मुख्यमंत्री ने जर्मनी में आगामी वैश्विक समिट (Global Summit) के आयोजन की बात भी की और जर्मन उद्योगपतियों को इस समिट में भाग लेने का निमंत्रण दिया। "हमने जर्मनी के उद्योगपतियों को आगामी ग्लोबल समिट में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया है, ताकि हम एक-दूसरे के साथ सहयोग को बढ़ावा दे सकें और भविष्य में आर्थिक साझेदारी को मजबूत कर सकें," उन्होंने कहा।

मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव का जर्मनी दौरा मध्यप्रदेश के लिए महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकता है। जर्मनी के तकनीकी और औद्योगिक अनुभव को मध्यप्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार के अवसरों में बदलने के लिए उनकी योजना एक सकारात्मक पहल है। जर्मन उद्योगों के साथ संभावित साझेदारी और निवेश की दिशा में यह दौरा दोनों देशों के बीच एक मजबूत और लाभकारी सहयोग की नींव रख सकता है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+