बेंगलुरु भगदड़ केस में बड़ी कार्रवाई: CM सिद्धारमैया के राजनीतिक सचिव बर्खास्त, खुफिया प्रमुख का तबादला
Bengaluru Stampede: आईपीएल 2025 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की ऐतिहासिक जीत के जश्न में बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी क्रिकेट स्टेडियम के बाहर मची भगदड़ के बाद कर्नाटक सरकार ने एक और बड़ी कार्रवाई की है। कर्नाटक मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के राजनीतिक सचिव के. गोविंदराज को उनके पद से हटा दिया गया है, जबकि राज्य खुफिया विभाग के प्रमुख हेमंत निंबालकर का भी तबादला किया गया है।
सूत्रों के हवाले से खबर है कि गोविंदराज को हटाए जाने का कारण एक अहम बैठक में उनकी भूमिका रही। यह बैठक सीएम के आवास पर बुधवार सुबह हुई थी, यानी भगदड़ के कुछ घंटे पहले। इसमें पुलिस कमिश्नर ने तीन कार्यक्रमों की अनुमति देने से साफ इनकार कर दिया था, लेकिन गोविंदराज ने इसके बावजूद विधानसभा और एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में आयोजन के लिए दबाव बनाया।

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4 जून 2025 (बुधवार) की दोपहर को मची इस भगदड़ में 11 लोगों की मौत हो गई, जिनमें एक 14 वर्षीय बच्ची भी शामिल थी। 47 लोग घायल हुए। हादसा तब हुआ जब RCB खिलाड़ियों को देखने के लिए लाखों की भीड़ जमा हो गई। बताया गया कि फ्री एंट्री की अफवाह से भगदड़ की स्थिति बन गई। हादसे के बाद कर्नाटक सरकार ने पहले ही बेंगलुरु पुलिस कमिश्नर और कई अन्य अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया था। अब यह कार्रवाई राजनीतिक और खुफिया स्तर तक पहुंच गई है।
इधर, एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम भगदड़ को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान कर्नाटक हाईकोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया है। वकील श्यामसुंदर एम.एस. ने बताया कि एक मैजिस्ट्रेटी जांच शुरू की गई है और कब्बन पार्क पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई है। एफआईआर में आयोजकों RCB, DNA नेटवर्क और कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (KSCA) पर लापरवाही का आरोप है। हालांकि याचिकाकर्ताओं ने कोर्ट से कहा है कि KSCA पर आपराधिक जिम्मेदारी नहीं थोपी जानी चाहिए क्योंकि पुलिस ने अपनी तरफ से पूरी कोशिश की थी, फिर भी हादसा हुआ।












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