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छात्र नेता अच्युतानंद की हत्या के बाद रोहित संभाल रहा था उसका बिजनेस, शेयर विवाद में हुई हत्या

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Prayagraj news, प्रयागराज। इलाहाबाद यूनिवर्सिटी के छात्र नेता अच्युतानंद उर्फ सुमित शुक्ला की हत्या के बाद उनका ठेका व सारे बिजनेस को संभाल रहे रोहित शुक्ला की जान बिजनेस में शेयर बंटवारे को लेकर हुई है। पुलिस की प्राथमिक जांच में बिजनेस के शेयर बंटवारे में हत्या होने की बात सामने आई है। पता चला है कि शेयर बंटवारे में आए विवाद ने इतना बड़ा रूप अख्तियार कर लिया कि रोहित को रास्ते से ठिकाने लगाना ही दूसरे पार्टनरों ने ठीक समझा। दरअसल, अच्युतानंद शुक्ला अपने छात्र कार्यकाल के दौरान से ही सुमित को अपने सगे भाई जैसा स्नेह देता था। यहां तक कि सुमित के हर काम में रोहित हाथ बंटाया करता था और छोटी सी छोटी जरूरत व समस्याओं को वही हैंडल किया करता था।

भदोही से वापस आया था प्रयागराज

भदोही से वापस आया था प्रयागराज

अच्युतानंद शुक्ला ने रोहित को भदोही इलाके के अपने बिजनेस कार्यों में सेटल कर दिया था और वह वहीं पर रहने लगा था। इधर, जब अच्युतानंद शुक्ला की हत्या हो गई तब अच्युतानंद की मां की गुजारिश के बाद वह प्रयागराज आ गया और यहां पर अच्युतानंद के बड़े पैमाने पर फैले बिजनेस को संभालने लगा। हालांकि, अच्युतानंद के बिजनेस में कई सारे पार्टनर थे, जिसमें हत्यारोपी भी शामिल है। पुलिस की प्राथमिक जांच में पता चला है कि बिजनेस में रोहित सुमित के बराबर का शेयर मांग रहा था। जबकि दूसरे पार्टनर उसे पैसे देने को तो राजी थे, लेकिन शेयर नहीं देना चाहते थे। इस बात को लेकर दोनों पक्षों में बहस भी हो चुकी थी और एक दूसरे को देख लेने की धमकियां दी गई थी। इधर, सोमवार की भोर में जब हॉस्टल से किसी काम के रोहित निकल रहा था उस दरमियान उसे घेरकर गोली मार दी गई। सुमित के शरीर से कई गोलियां मिली हैं, जिससे यह पता चला है कि उसे उस पर कई राउंड फायर किया गया था। सबसे आश्चर्य की बात है कि रोहित शुक्ला को भी पीसीबी छात्रावास में उसी स्थान पर गोली मारी गई, जहां पिछले साल सुमित शुक्ला की गोली मारकर हत्या की गई थी। हालांकि, रोहित की लाश गेट के पास मिली है।

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इन पर दर्ज हुआ मुकदमा

इन पर दर्ज हुआ मुकदमा

रोहित के परिजनों ने इस मर्डर केस में छात्र नेता आदर्श त्रिपाठी, नवनीत यादव समेत छह के खिलाफ हत्या की तहरीर दी है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बता दें कि जिस छात्र नेता आदर्श त्रिपाठी पर हत्या का आरोप है वो इलाहाबाद यूनिवर्सिटी से अध्यक्ष का चुनाव लड़ चुका है और उसे सुमित शुक्ला का सपोर्ट भी मिला था। हालांकि, वह चुनाव में जीत नहीं पाया था। फिलहाल, पुलिस आरोपियों की तलाश में लगी है, लेकिन सभी आरोपियों के मोबाइल नंबर बंद हैं। पुलिस उनके नजदीकियों से लोकेशन ट्रेस करने की कोशिश कर रही है।

यूनिवर्सिटी में तनाव, पुलिस तैनात

यूनिवर्सिटी में तनाव, पुलिस तैनात

छात्र नेता रोहित शुक्ला उर्फ बीटू शुक्ला को अच्युतानंद शुक्ला की वजह से खासी चर्चा मिली थी और वह भी लोगों के बीच खासा लोकप्रिय हो गया था। यही कारण है कि बिटू की हत्या के बाद अब पूरे यूनिवर्सिटी में छात्रों के बीच आक्रोश है और हालात बेहद ही तनावपूर्ण है। गनीमत है कि पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के समय रहते कड़े इंतजाम किए हैं, जिसके कारण सोमवार को कहीं भी कोई बड़ा बवाल नहीं हो सका। लेकिन अगले दो दिनों तक हालात बिगड़ने की संभावना है, जिसे देखते हुए पुलिस ने यूनिवर्सिटी कैंपस समेत सभी छात्रावासों के बाहर भारी सुरक्षा व्यवस्था की है।

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इलाहाबाद की जंग, आंकड़ों की जुबानी
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BJP 40%
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English summary
allahabad university student shot dead for business shares
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