कोरोना के खिलाफ एकजुटता की मिसाल, हिन्दू युवक ने रोजा रख मांगी अल्लाह से दुआ
अजमेर।
तुम राम कहो, वो रहीम कहें...
दोनों की ग़रज़ अल्लाह से है...
तुम दीन कहो, वो धर्म कहें...
मंशा तो उसी की राह से है !
जी हां। यही हिन्दुस्तान की खूबसूरती है। जब जब देश पर संकट आता है। हिन्दू-मुस्लिम सिख-इसाई सब एक हो जाते हैं। ऐसा ही कुछ देखने को मिला गरीब नवाज की नगरी अजमेर में जहां इन दिनों रमजान का पाक महिना चल रहा है।

इस दौरान मुस्लिम समाज के बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक रोजा रखते हैं और इबादत करते हैं। लेकिन अजमेर के लोंगिया मोहल्ले के रहने वाले एक हिन्दू युवक राहुल रेगर ने भी इस बार रोजा रखा है और कोरोना जैसी महामारी से दुनिया को मुक्ति दिलाने के लिए अल्लाह से दुआ मांगी है।
राहुल ने बताया कि उसने पहली बार रोजा रखा है। इस दौरान उसने अपने मुस्लिम दोस्तों से वो पूछकर उन सभी जरूरी चिजों का ख्याल किया जो एक आम मुस्लिम रोजा रखने के दौरान रखता है। बहरहाल राहुल हो या रहमत हो। यही एकजुटता। यही कौमी एकता हमारे देश की पहचान है।












Click it and Unblock the Notifications