गुजरात सरकार का ऐलान, घर में हो टॉयलेट तभी लड़ सकेंगे चुनाव
अहमदाबाद। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश भर के सांसदों और बिजनेस घरानों से अपील करते हुए कहा कि वो देश में शौचायल बनवाने में मदद करें। मोदी की अस अपील का असर सबसे पहले गुजरात में होता दिख रहा है।

राज्य को स्वंच्छ बनाने के लिए गुजरात सरकार ने एक ऐसे अध्यादेश को मंजूरी दी है जिसके मुताबिक अब कोई शख्स तब तक चुनाव नहीं लड़ सकता जब तक कि उससे घर में शौचालय हो। गुजरात सरकार के आदेश के मुताबिक जिस शख्स के घर में टॉयलेट नहीं होगा, तो सूबे में पंचायत चुनाव नहीं लड़ सकेगा। पंचायत चुनाव लड़ने के लिए घर में टॉयलेट होना जरूरी है।
गौरतलब है कि गुजरात कैबिनेट ने 1993 के गुजरात पंचायत एक्ट में बदलाव के लिए अध्यादेश को मंजूरी दे दी है। गुजरात सरकार द्वारा दी गई इस मंजूरी के बाद गुजरात में अब पंचायत कानून बदल जाएगा। नए कानून के मुताबिक अगर किसी शख्स के यहां टॉयलेट नहीं है तो वो पंचायत चुनाव नहीं लड़ सकता है। ऐसे में नए पंचायत चुनाव लड़ने के लिए अब प्रत्याशी के घर में टॉयलेट होना जरूरी है।












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