दिल्ली पुलिस ने कहा, केजरीवाल पर कार्रवाई नहीं

महानगर दंडाधिकारी पुरुषोत्तम पाठक ने उक्त मामले की अगली सुनवाई के लिए 29 मई की तारीख तय की है। अदालत में याचिकाकर्ता विभोर आनंद ने एक एफआईआर की प्रति भी पेश की और बताया कि उसके ऊपर मामले को वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। इसके चलते बीते दिनों पिस्तौल के बल पर उसका अपहरण भी कर लिया गया था, मगर बाद में उसे कई घंटों बाद हिदायत देकर छोड़ दिया गया। आस्था संस्था के महासचिव विभोर आनंद ने अपने अधिवक्ता वीके आनंद के माध्यम से तीसहजारी कोर्ट में अरविंद केजरीवाल के खिलाफ याचिका दायर की थी।
अपनी याचिका में विभोर का कहना था कि अरविंद केजरीवाल ने विगत दिनों गाजियाबाद में संसद के संबंध में अपना एक बयान देते हुए कहा कि संसद, लुटेरों और बलात्कारियों से भरी हुई है। इसे बदलने की जरूरत है। केजरीवाल के इस बयान से संसद के गरिमामयी इतिहास को ठेस पहुंची है। लिहाजा, उन पर आपराधिक मामला दर्ज किया जाना चाहिए।












Click it and Unblock the Notifications