साड़ी, टी-शर्ट बांटी तो खैर नहीं: चुनाव आयोग

UP Assembly Polls
मुरादाबाद। यूपी के चुनावी दंगल में पार्टी कार्यकर्ता अपने स्टार प्रचारक को खुश करने के लिए क्या-क्या नहीं करते। कभी कोई टी-शर्ट पर पार्टी चिन्ह लगा लेता है तो कोई साड़ी व शर्ट पर पार्टी के रंग की पहन लेता है। लेकिन इस बार चुनाव आयोग इस प्रकार के चुनाव प्रचार पर रोक लगा चुका है। चुनाव आयोग ने राजनेताओं को स्पष्ट कर दिया है कि पार्टी के चुनाव प्रचार के लिए वे अपने कार्यकर्ताओं को सिर्फ टोपी और पटका ही पहननें दें।

प्रचार के लिए टी-शर्ट, कमीज, साड़ी वगैरह का इस्तेमाल उम्मीदवार पर भारी पड़ेगा। जी हां, आयोग के प्रचार माध्यम में कपड़े शामिल हैं, इसलिए इसे आचार संहिता और प्रचार माध्यमों का उल्लंघन माना जाएगा। आयोग ने प्रचार के लिए माध्यम भी तय कर रखे हैं। पहनावे से प्रचार के लिए सिर्फ टोपी और पटका (मफलर) की छूट है। अक्सर देखा जाता है कि स्टार प्रचारक की सभा में कार्यकर्ता टोपी और पटके से आगे बढ़ते हुए पार्टी के रंग के कपड़े पहन कर आते हैं जिसपर पार्टी का चुनाव चिन्ह, वोट देने की अपील भी छपी हुई होती है। इसी तरह चुनाव प्रचार में भी अलग दिखाई देने वाले प्रचार के कपड़े पहने कार्यकर्ता दिखाई देते हैं।

दरअसल, आयोग ने कपड़े, बर्तन और खाना वितरण को मतदाताओं को घूस अथवा रिश्वत की श्रेणी में रखा है। इसी क्रम में आयोग ने प्रचार के कपड़े बांटने को भी रिश्वत माना है। आयोग ने जिला निर्वाचन अधिकारियों को प्रचार के लिए वस्त्रों का प्रयोग अथवा वितरण की निगरानी की हिदायत दी है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+