पशु चिकित्सा विश्वविद्यालय में ठहाकों के बाद पढ़ाई
विश्वविद्यालय की एक छात्रा सोनम कहती हैं कि पढ़ाई और रोजमर्रा के तनावों के चलते कई बार तो हमें हंसने की भी सुध नहीं रहती लेकिन यह प्रयास हमें रोजाना हंसने का मौका देता है।
प्राध्यापक ओ. पी. श्रीवास्तव का कहना है कि प्रार्थना करने से शांति मिलती है और ठहाकों से तनाव दूर भाग जाता है। इतना ही नहीं इन सबसे नई ऊर्जा का संचार होता है।
विश्वविद्यालय के कुलपति गोविंद प्रसाद मिश्रा ने बताया कि प्रार्थना और हास्य योग दवा और जादू है, जो नई ऊर्जा का संचार करता है। इसलिए विश्वविद्यालय में प्रार्थना और हास्य योग के बाद ही पढ़ाई का सिलसिला शुरू किया जाता है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












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