उड़ीसा में कोयले की 8 खदानें बंदी के कगार पर
एमसीएल के प्रवक्ता दिक्कन मेहरा ने आईएएनएस को बताया कि अंगुल जिले के तलचर स्थित खदानों का विस्तार हो रहा है, लेकिन ग्रामीण खनन गतिविधियों का विरोध कर रहे हैं।
मेहरा ने कहा, "अधिकांश खदानों के बंद होने का भय बढ़ गया है। हम ग्रामीणों को वहां से अन्यत्र हटाने में सक्षम नहीं हैं, क्योंकि हमें पुनर्वास स्थल नहीं मिल रहे हैं।"
मेहरा ने कहा, "जिन ग्रामीणों ने अपनी जमीन दी है, उन्हें कंपनी की ओर से नौकरी दी गई है और मुआवजे की राशि प्रदान की गई है। लेकिन पुनर्वास के लिए भूमि की अनुपलब्धता उन्हें वहां से हटाने में एक बड़ी समस्या बन गई है।"
जिले के कलेक्टर स्वामी डोड्डा वेंकट ने कहा कि राज्य सरकार समस्याओं से परिचित है।
वेंकट ने आईएएनएस से कहा, "आसपास के इलाके में हमारे पास पर्याप्त सरकारी जमीन नहीं है। हम जितना कुछ कर सकते हैं, उनकी मदद करने की कोशिश कर रहे हैं।"
वेंकट ने कहा, "उनके पुनर्वास के लिए उपयोगी सरकारी जमीन तलाशना हमारे लिए एक चुनौती है। हमने उन्हें निजी जमीन खरीदने की सलाह दी है।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications