मुंबई के मामलों से दूर रहे संघ : शिव सेना
शिव सेना के कार्यकारी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने सोमवार को पत्रकारों से चर्चा में कहा, "हमें संघ से सीख नहीं चाहिए। यह उनके हित में होगा कि वे इस मामले में न पड़े। इस मुद्दे पर हमारा रुख कोई नया नहीं है। मुंबई मराठियों की है।"
उन्होंने कहा कि संघ को राम माधव द्वारा उठाए गए बिन्दुओं पर अपना रुख स्पष्ट करना चाहिए। ठाकरे ने कहा, "यह संघ का आधिकारिक रुख है या राम माधव के निजी विचार हैं, स्पष्ट होना चाहिए।"
उन्होंने कहा कि उत्तर भारतीयों के मुद्दे पर शिव सेना की आलोचना करने से बेहतर होगा कि संघ असम में उत्तर भारतीयों की चिंता करे या वह दक्षिण भारत के राज्यों में जाए और वहां के लोगों को हिंदी सिखाए।
उल्लेखनीय है कि महाराष्ट्र में भाषा के नाम पर हिंदी भाषी और उत्तर भारतीयों पर हो रहे हमलों से क्षुब्ध संघ ने रविवार को अपने स्वयंसेवकों को हिंदी भाषियों व उत्तर भारतीयों की रक्षा के लिए आगे आने का निर्देश दिया था।
मध्य प्रदेश के जबलपुर में संघ के एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने आए वरिष्ठ पदाधिकारी राम माधव ने कहा था कि संघ प्रमुख (मोहन भागवत) ने अपने स्वयंसेवकों को निर्देश दिए हैं कि वे ऐसी घटनाओं को रोकें और सभी की रक्षा करें।
उन्होंने कहा कि भाषा के नाम पर किसी दूसरे व्यक्ति के साथ दुर्व्यवहार करना पूरी तरह अनुचित है और संघ इसके खिलाफ है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
*












Click it and Unblock the Notifications