Motivational Story: ‘मेरे सपने को बेटे ने सच कर दिखाया’, असिस्टेंट कमांडेंट बनने पर बोले ऋतुराज के पिता अरूण
UPSC CAPF News: बिहार में प्रतिभा की कमी नहीं है, इस बात का डंका देश से लेकर विदेशों तक बजता आया है। एक बार फिर बिहार मुंगेर ज़िला के निवासी ऋतुराज ने हुनर का परचम लहराते हुए प्रदेश का नाम रोशन किया है। UPSC द्वारा आयोजित सेंट्रल आर्म्ड पुलिस फोर्स (CAPF) की परीक्षा में ऋतुराज को 136वां रैंक हासिल हुआ है।
मय दरियापुर (सदर प्रखंड, मुंगेर) के रहने वाले अरूण कुमार शांडिल्य (गुड्डू) के बेटा ऋतुराज ने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) द्वारा आयोजित CAPF (सेंट्रल आर्म्ड फोर्स की परीक्षा) पास कर असिस्टेंट कमांडेंट बन गये हैं। ऋतुराज की कामयाबी से परिजनों में खुशी का माहौल है।

ऋतुराज के पिता अरूण कुमार शांडिल्य (गुड्डू) ने बताया कि बचपन से ही उन्हें सेना में जाने का शौक था। मैं तो अपने सपने को पूरा नहीं कर सका, लेकिन मेरे बेटे ऋतुराज ने मेरे ख्वाब को सच कर दिखाया है। उन्होंने बताया कि नवोदय विद्यालय (रमनकाबाद, हवेली खड़गपुर) से ऋतुराज ने 10वीं तक पढ़ाई की।
मुंगेर के निजी न्यू एरा स्कूल में 12वीं की पढ़ाई करने बाद आगे की पढ़ाई के लिए बनारस हिंदू विश्वविद्यालय का रुख किया। वहां से अंग्रेजी से स्नातक किया। मौजूदा वक्त में ऋतुराज बीएचयू से ही लॉ कर रहे हैं। ग़ौरतलब है कि उन्होंने सेल्फ स्टडी से ही यूपीएससी परीक्षा पास की, कोई विशेष कोचिंग नहीं की।
ऋतुराज ने उनकी कामयाबी का श्रेय मां सुनीता देवी, पिता अरूण कुमार और भैया प्रणय प्रसून को जाता है। इन लोगों ने हमेशा मेरी मदद की। वहीं ऋतुराज ने कहा कि कामयाबी हासिल करने के लिए ये ज़रूरी है कि एक लक्ष्य बनाये और उसे हासिल करने के लिए लगन से जुट जाएं।
आपको बता दें कि ऋतुराज के पिता प्राइवेट टीचर हैं, जो कि घर पर ही बच्चों को पढ़ाकर ज़िंदगी बसर कर रहे हैं। उनकी मां सुनीता देवी घरेलू महिला है। बीएचयू से ही ऋतुराज की छोटी बहन पीजी कर रही है। सभी लोग इस कामयाबी से खुश हैं, वहीं ग्रामीणों ने शुभकामनाएं दी हैं।












Click it and Unblock the Notifications