हरियाणा: CM खट्टर का ऐलान, प्रदेश की सभी रेहड़ी मार्केट्स में पक्की दुकानें बनवाएगी सरकार
हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने इस बाबत हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के अधिकारियों को जल्द कार्य करने के आदेश दिए हैं।

हरियाणा के जिन भी शहरों में रेहड़ी मार्केट हैं, उन सभी जगहों पर पक्की दुकानें बनाई जाएंगी। इन दुकानों का मालिकाना हक भी लोगों को मिलेगा। पंचकूला के सेक्टर-9 की रेहड़ी मार्केट में कुछ माह पूर्व हुई आगजनी को देखते हुए सरकार ने यह निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने इस बाबत हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के अधिकारियों को जल्द कार्य करने के आदेश दिए हैं। मुख्यमंत्री सोमवार को चंडीगढ़ में एचएसवीपी की 125वीं बैठक ले रहे थे।
बैठक में फरीदाबाद के सेक्टर-18ए में फरीदाबाद स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा प्राधिकरण की लगभग 4 हजार वर्ग मीटर जमीन पर बनाये जा रहे बहुमंजिला कार पार्किंग और वाणिज्यिक परिसर के निर्माण को भी घटनोत्तर स्वीकृति प्रदान की। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस जमीन के बदले हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण इतनी ही जमीन नगर निगम, फरीदाबाद या फरीदाबाद स्मार्ट सिटी से हस्तांतरित करवाए।
बैठक में पंचकूला के सेक्टर-9 की रेहड़ी मार्केट में पिछले दिनों हुई आग लगने की घटना के बाद मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार प्राधिकरण द्वारा दुकानदारों को बड़ी राहत देते हुए रेहड़ी मार्केट के स्थान पर अंत्योदय मार्केट का निर्माण किया जा रहा है। 131 दुकानदारों को मालिकाना हक के आवंटन लेटर जारी करने को भी घटनोत्तर स्वीकृति प्रदान की गई। पंचकूला के सेक्टर, 7, 11 व 17 में भी रेहड़ी मार्केट के स्थान पर अंत्योदय मार्केट के रूप में पक्की दुकानें बनाई जाएंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन-जिन शहरों में रेहड़ी मार्केट चल रही है, वहां पर पक्की दुकानें बनाई जाएं। इस पर प्राधिकरण के मुख्य प्रशासक अजीत बालाजी जोशी ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि प्राधिकरण का गुरुग्राम, फरीदाबाद तथा करनाल में भी रेहड़ी मार्केट के स्थाीन पर अंत्योदय मार्केट बनाने का प्रस्ताव है। सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन-जिन शहरों में प्राधिकरण की जमीन या अन्य विभागों की जमीनों पर भवन या कोई अन्य प्रकार का निर्माण किया हुआ है और उन पर किसी भी प्रकार की गतिविधियां संचालित हैं, ऐसी जमीनों की सूची बनाने के लिए एक कमेटी गठित की जाए।
बैठक में बताया गया कि प्राधिकरण के पास 5418 आवासीय, 2688 वाणिज्यिक तथा 230 इंस्टीट्यूशनल संपत्तियां हैं। इनमें से ई-ऑक्शन के माध्यम से 4804 आवासीय, 2305 वाणिज्यिक तथा 205 इंस्टीट्यूशनल संपत्तियों की बिक्री की जा चुकी है। इस पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि एचएसवीपी की सभी संपत्तियों के लिए एक अलग डैशबोर्ड तैयार किया जाए। इस पर संपत्ति का स्थान, मालिक का नाम इत्यादि सभी जानकारियां दर्ज हों। बैठक में बताया गया कि संपत्तियों की ई-नीलामी प्रक्रिया में लिए गए प्लॉट के जिन बोलीदाताओं ने पूरे पैसे नहीं दिए और उनका प्लॉट 3 दिसंबर, 2022 की तिथि तक कैंसिल हो गया था। ऐसे बोलीदाताओं को अपने बकाया पैसे का भुगतान 18 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर के साथ करने का मौका दिया गया। ऐसे 374 बोलीदाता थे, जिन्हें 14 मार्च, 2023 तक बकाया राशि का भुगतान करने का मौका दिया गया था।
14719 करोड़ की प्राप्तियां होने का अनुमान
बैठक में बताया गया कि 2023-24 के लिए प्राधिकरण की नॉन-ईडीसी से लगभग 14719 करोड़ रुपये की प्राप्तियां होने का अनुमान है। 2023-24 में ई-ऑक्शन के माध्यम से लगभग 3 हजार करोड़ रुपये की प्राप्तियां आवासीय संपत्तियों तथा 2080 करोड़ रुपये की प्राप्तियां वाणिज्यिक संपत्तियों से प्राप्त होने का अनुमान है। प्राधिकरण की पुरानी संपत्तियों से भी लगभग 8326 करोड़ रुपये प्राप्त होने का अनुमान है।
पूर्व विधायकों के लिए बनेगी ग्रुप हाउसिंग पॉलिसी
बैठक में मुख्यमंत्री ने प्राधिकरण अधिकारियों को निर्देश दिए कि पंचकूला में पूर्व विधायकों के लिए भी को-ऑपरेटिव ग्रुप हाउसिंग सोसायटी बनाने की पॉलिसी तैयार की जाए। इससे पूर्व सरकार पंचूकला में एमएलए, कर्मचारियों-अधिकारियों, पत्रकारों और वकीलों के लिए को-ऑपरेटिव ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी बनाने की स्कीम को मंजूरी दे चुकी है। बैठक में प्राधिकरण द्वारा 9 मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को अनुकंपा के आधार पर नौकरी देने निर्णय लिया गया।












Click it and Unblock the Notifications