'जबरन काम शुरू नहीं होगा, ना अन्याय होने देंगे', बारसू रिफाइनरी विवाद पर बोले सीएम शिंदे
अब विरोध के बीच गुरुवार को राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा, किसी भी हालात में महाराष्ट्र सरकार लोगों के साथ अन्याय करके या जबरन या लोगों की मर्जी के बिना बारसू रिफाइनरी प्रोजेक्ट शुरू नहीं करेगी।

महाराष्ट्र में बारसू रिफाइनरी को लेकर विवाद चल रहा है। अब राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा है कि वह जबरन बारसू रिफाइनरी का काम शुरू नहीं करेंगे और ना ही लोगों के साथ अन्याय होने देंगे। बता दें कि महाराष्ट्र के रत्नागिरि जिले में बारसू रिफाइनरी स्थापित की जा रही है लेकिन स्थानीय लोगों द्वारा इसका विरोध किया जा रहा है। हजारों करोड़ के इस प्रोजेक्ट पर राजनीति भी खूब हो रही है। सत्ता पक्ष का आरोप है कि विपक्षी पार्टियां राजनीति के तहत इस प्रोजेक्ट का विरोध कर रहे हैं।
क्या है विवाद
बता दें कि रत्नागिरि जिले के राजापुर तहसील के बारसू में पेट्रोकेमिकल का प्लांट स्थापित किया जाना है। इसके तहत एक मेगा रिफाइनरी-पेट्रोकेमिकल कॉम्पलेक्स का निर्माण किया जाना है लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि इस प्लांट के निर्माण से क्षेत्र की जैव विविधता तबाह हो जाएगी। यही वजह है कि स्थानीय लोग इसका विरोध कर रहे हैं।
अब विरोध के बीच गुरुवार को राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि किसी भी हालात में महाराष्ट्र सरकार लोगों के साथ अन्याय करके या जबरन या लोगों की मर्जी के बिना बारसू रिफाइनरी प्रोजेक्ट शुरू नहीं करेगी। उन्होंने मुंबई नागपुर के समृद्धि एक्सप्रेस प्रोजेक्ट का उदाहरण दिया और बताया कि शुरुआत में इस प्रोजेक्ट का भी विरोध हुआ था। शिंदे ने कहा कि सभी पक्षों को विश्वास में लेकर ही कोई कदम उठाया जाएगा। सीएम ने कहा कि कई लोग अभी भी प्रोजेक्ट का समर्थन कर रहे हैं। फिलहाल प्रोजेक्ट साइट पर बोरिंग और मिट्टी की जांच चल रही है लेकिन तुरंत बारसू प्रोजेक्ट पर काम शुरू नहीं हो रहा।












Click it and Unblock the Notifications