यूपी में योगी की तर्ज पर MP में शिवराज सिंह चौहान सरकार भी अपराधियों के घरों पर चला रही बुलडोजर
भोपाल। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तरह मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का बुलडोजर भी जमकर चल रहा है। प्रदेश में भी अपराधियों के घरों को तुरंत नष्ट किया जा रहा है। ताजा मामले में रायसेन और श्योपुर के हैं। यहां अपराधियों के घर तोड़ दिए गए। रायसेन में जहां हिंसा करने वालों पर कार्रवाई की गई, वहीं श्योपुर में बलात्कार के आरोपियों के ठिकाने गिरा दिए गए।

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा था कि अपराधियों को किसी कीमत पर नहीं बख्शेंगे। कई को तो उन्होंने दस फीट जमीन के नीचे गाड़ने की बात भी कही थी। उनके निर्देश पर शासन-प्रशासन ने नीतियों में बदलाव कर अपराधियों के लिए कड़े प्रावधान कर दिए। एक तरफ जहां अपराधियों का जुलूस निकाला जा रहा है, तो वहीं उनके घर भी तोड़े जा रहे हैं। इसका उद्देश्य समाज को अपराध मुक्त और अपराधियों में शासन का भय पैदा करना है।
रायसेन में हुई बड़ी कार्रवाई
गौरतलब है कि रायसेन का खमरिया खुर्द गांव कुछ दिनों से हिंसा की चपेट में है। खमरिया गांव में दो गुटों की झड़प के बाद प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई की और 16 लोगों पर मामला दर्ज किया। इनमें 13 तुरंत हिरासत में ले लिए गए। आरोपियों के पास से 12 बोर की दो राइफल, दो ट्रैक्टर, बोलेरो सहित कई सामान जब्त किया गया।
घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और कई घरों को जला दिया गया था। घटना की जानकारी मिलते ही आईजी दीपका सूरी, डीआईजी जगत सिंह राजपूत और कलेक्टर अरविंद कुमार दुबे सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए थे। इसके बाद प्रशासन ने आरोपियों के घर तोड़ दिए। एक घर से बड़ी मात्रा में सागौन की लकड़ी और फर्नीचर भी जब्त किया गया।
श्योपुर में रेप के आरोपियों के घर तोड़े
दूसरी ओर, श्योपुर में भी कुछ दिन पहले नाबालिग युवती के साथ गैंगरेप हुआ था। युवती शहर से सटे हुए रामपुरा डांग इलाके के जंगल में अपने दोस्त के साथ घूमने गई थी। आरोप है कि यहां बालापुरा और बगवाज इलाके के तीन आरोपियों ने युवती के साथ दुष्कर्म किया। आरोपियों के नाम मोहसीन, रियाज और सहवाज हैं।
इसके बाद बवाल मचा था और लोगों ने प्रशासन को सीएम के नाम ज्ञापन सौंपकर आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाने की मांग की थी। ये भी मांग की गई थी कि उनकी संपत्ति कुर्क कर दी जाए। इसके बाद प्रशासन ने आरोपियों के घर तोड़ दिए थे। हालांकि, प्रशासन का कहना था कि ये कार्रवाई अतिक्रमण हटाने के लिए की गई है।












Click it and Unblock the Notifications