बिहारः बच्चों की आंखों की सेहत को लेकर नीतीश सरकार का बड़ा फैसला
पटना। सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की कमजोर आंखों की समस्या का समाधान अब खुद सरकार करेगी। स्कूली बच्चों की आंखों की जांच के लिए पूरे राज्य में विस्तृत अभियान चलेगा और जिन्हें दरकार होगी उन्हें चश्मे भी दिए जाएंगे। इसका फायदा केवल और केवल सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को ही मिलेगा। ऐसे में अभिभावकों के ऊपर बच्चों की आंखें कमजोर होने की चिंता नहीं रहेगी। छात्रों की आंख की फिक्र अभ बिहार सरकार करेगी। बताया जाता है कि पहले दो लाख बच्चों को चश्मे दिए जाएंगे, उसके बाद लक्ष्य को बढ़ाया जाएगा। इसके लिए दिल्ली के एक गैर सरकारी संगठन से बिहार सरकार की वार्ता चल रही है।

पिछले वर्ष शुरू होनी थी योजना
इस योजना को बीते वर्ष ही शुरू करना था। इसके पूर्व किसी गैर सरकारी संगठन से चश्मे की आपूर्ति के लिए करार किया जाना था। परंतु करार में विलंब हुआ और इसी बीच देश में कोरोना का प्रकोप भी शुरू हो गया। नतीजा योजना अटक गई।
अब इस वर्ष स्कूली बच्चों को चश्मा देने की योजना पर काम शुरू हो गया है। विभाग की ओर से मार्च से योजना प्रारंभ होने की बात कही जा रही है। सूत्रों ने बताया कि तीन चरणों में चलने वाली योजना के पहले दौर में माध्यमिक स्कूलों में लगातार कैंप लगाकर विद्यार्थियों की आंखों की जांच की जाएगी। इसके बाद उन्हें उनकी आंखों के पावर के मुताबिक मुफ्त चश्मे दिए जाएंगे।
दो लाख बच्चों को दिए जाएंगे चश्मे
माध्यमिक स्कूलों के बाद यह अभियान उच्च माध्यमिक स्कूल और इसके बाद प्राथमिक स्कूलों में चलेगा। सूत्रों ने बताया कि फिलहाल दो लाख बच्चों की आंख जांच और चश्मा देने की योजना है। बाद में लक्ष्य और बढ़ाया जा सकता है। बताया जाता है कि मुफ्त चश्मा योजना के लिए दिल्ली के एक गैर सरकारी संगठन से सरकार की वार्ता भी चल रही है।












Click it and Unblock the Notifications