ममता बनर्जी के 'गंदे धर्म' वाले बयान ने मचाया घमासान! भिड़ी TMC-BJP, कहा-उड़ाया जा रहा हिन्दुओं का मजाक
Mamata Banerjee vs BJP: पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर सियासी पारा चढ़ गया है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। इस बार विवाद की वजह बना है ममता बनर्जी का बयान, जिसमें उन्होंने बीजेपी की राजनीति को "गंदा धर्म" करार दिया।
ममता बनर्जी ने यह बयान कोलकाता के रेड रोड पर आयोजित ईद की नमाज के बड़े कार्यक्रम में दिया, जहां हजारों लोग इकट्ठा हुए थे। इस मौके पर ममता ने बीजेपी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बीजेपी का "गंदा धर्म" असली हिंदू धर्म के सिद्धांतों के खिलाफ है। उन्होंने दावा किया कि बीजेपी की राजनीति केवल नफरत फैलाने और समाज को बांटने की कोशिश करती है।

मुख्यमंत्री ने सभी समुदायों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की उकसावेबाजी में न फंसे और राज्य में शांति बनाए रखें। उनके इस बयान के बाद बीजेपी ने जोरदार प्रतिक्रिया दी, जिससे राज्य की राजनीति में हलचल मच गई है।
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BJP का पलटवार
पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता और बीजेपी के वरिष्ठ नेता सुवेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "आप किस धर्म को 'गंदा' कह रही हैं? क्या वह सनातन हिंदू धर्म है? आपने ईद के कार्यक्रम में ऐसा भड़काऊ भाषण क्यों दिया? यह धार्मिक कार्यक्रम था या राजनीतिक? आप जानबूझकर नफरत फैला रही हैं और समुदायों के बीच दुश्मनी पैदा कर रही हैं।"
बीजेपी आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने भी आक्रामक बयान देते हुए कहा, "क्या ममता बनर्जी के लिए सनातन धर्म 'गंदा धर्म' है? उनके शासन में कई हिंदू-विरोधी दंगे हुए हैं और अब वे हिंदुओं की आस्था का मजाक उड़ा रही हैं। उन्होंने एक बार फिर मुसलमानों को हिंदुओं को निशाना बनाने की खुली छूट दे दी है - वो भी एक ईद के मंच से। शर्मनाक।"
TMC ने दिया जवाब
तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राज्य उपाध्यक्ष जयप्रकाश मजूमदार ने बीजेपी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि ममता बनर्जी ने कभी भी हिंदू धर्म के खिलाफ कुछ नहीं कहा। उन्होंने सिर्फ बीजेपी की सांप्रदायिक राजनीति की आलोचना की।
मजूमदार ने कहा, "उन्होंने कभी हिंदू धर्म के खिलाफ कुछ नहीं कहा। वो सिर्फ बीजेपी की उस सांप्रदायिक राजनीति के खिलाफ बोल रही थीं, जो खुद को हिंदुओं का स्वघोषित रक्षक मानती है।"
क्या कहा ममता बनर्जी ने?
ईद की नमाज के मौके पर ममता बनर्जी ने कहा, "मैं वही धर्म मानती हूं जो श्री रामकृष्ण परमहंस और स्वामी विवेकानंद ने सिखाया। मैं उस 'गंदा धर्म' को नहीं मानती जो उन्होंने (BJP) ने बनाया है। वे तो खुद हिंदू धर्म के खिलाफ हैं।"
ममता बनर्जी ने कहा कि कोई भी धर्म इंसानों के खिलाफ नफरत फैलाने की बात नहीं करता, लेकिन कुछ नेता और राजनीतिक पार्टियां अपने फायदे के लिए नफरत भड़काते हैं।
दंगों को रोकने की अपील
उन्होंने लोगों से अपील की, "दंगे भड़काने की कोशिशें हो रही हैं, लेकिन आप इन जालों में न फंसे। पश्चिम बंगाल सरकार अल्पसंख्यकों के साथ खड़ी है। कोई भी राज्य में तनाव नहीं फैला सकता।"
ममता बनर्जी ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए पूछा, "अगर उन्हें (बीजेपी) अल्पसंख्यकों से दिक्कत है, तो क्या वे देश का संविधान बदल देंगे?" उन्होंने सभी धर्मों का सम्मान करने की बात कही और बीजेपी की "विभाजनकारी राजनीति" को "जुमला राजनीति" कहा।
लेफ्ट पर भी निशाना
ममता बनर्जी ने लेफ्ट पर भी निशाना साधते हुए कहा, "लाल और भगवा मिल गए हैं। लेकिन निश्चिंत रहें, मैं आपको कोई नुकसान नहीं होने दूंगी।"
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