Varanasi News: काशी के इस घाट पर शवों की लग रही लंबी कतार, भीषण गर्मी में करना पड़ रहा घंटों इंतजार
UP Varanasi News: भीषण गर्मी में शवों की संख्या बढ़ने से काशी के मणिकर्णिका घाट पर दाह संस्कार करने वालों को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। आलम यह है कि घाट पर शवों की कतारें देखी जा रही हैं।
UP Varanasi News: भीषण गर्मी के बीच वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर शव का दाह संस्कार करने के लिए लोगों को 2 से 3 घंटे इंतजार करना पड़ रहा है। आलम यह है कि मणिकार्णिका घाट पर शवों की कतार देखने को मिल रही है और भीषण गर्मी में दाह संस्कार करने के लिए पहुंचने वाले लोग परेशान नजर आ रहे हैं।
दरअसल, काशी के मणिकर्णिका घाट पर वाराणसी के अलावा आसपास के अन्य जनपदों के लोग भी मोक्ष प्राप्ति के लिए मृतकों का दाह संस्कार करने के लिए पहुंचते हैं। मौजूदा समय में भीषण गर्मी पड़ रही है ऐसे में मरने वालों की संख्या में भी इजाफा हुआ है। जानकारों का कहना है कि भीषण गर्मी और भीषण ठंड के समय मरने वालों की संख्या अधिक हो जाती है जिसके चलते मणिकर्णिका घाट पर शवों की कतार लग जाती है।

शवयात्रा में शामिल होने के बाद वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर पहुंचने के बाद मृतक के शव को गंगा स्नान कराने के बाद घाट की सीढ़ियों पर रखकर मृतक के परिजनों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ रहा है। चिलचिलाती धूप में शवयात्रा निकालने के बाद घाट पर इंतजार करने में लोगों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
रोजाना 100 से अधिक शवदाह: मणिकर्णिका घाट के आसपास दुकान करने वाले दुकानदारों का कहना है कि सामान्य दिनों में मणिकर्णिका घाट पर प्रतिदिन 50 से 60 शवों का ही अंतिम संस्कार होता है लेकिन मौजूदा समय में प्रतिदिन 100 या उससे अधिक शवों का दाह संस्कार किया जा रहा है।
घाट से जुड़े लोगों का कहना है कि भीषण गर्मी के चलते शवदाह में अधिक समय नहीं लग रहा है। एक चिता को जलाने में 3 से चार घंटे लगते हैं। हालांकि मृतक के शरीर के ऊपर भी यह निर्धारित होता है कि चिता जलाने में कितना समय लग सकता है। लोगों ने यह भी कहा कि चिता जलाने के दौरान वहां पर मौजूद लोगों को धूप के चलते परेशान होना पड़ रहा है। वहीं शवदाह के बाद चिता की राख को ठंडा होने में काफी समय लग रहा है।












Click it and Unblock the Notifications