Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

NCRB की रिपोर्ट में उत्तराखंड पुलिस ने यहां किया टॉप, दो अफसरों को स्मार्ट पुलिसिंग अवार्ड

NCRB 2021 रिपोर्ट: समान की रिकवरी में उत्तराखंड पुलिस नंबर 1

देहरादून, 3 सितंबर। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो यानी एनसीआरबी की क्राइम इन इंडिया 2021 रिपोर्ट में चोरी हुई संपत्ति,समान की रिकवरी में उत्तराखंड पुलिस को पहला स्थान मिला है। इसके साथ ही उत्तराखंड सीनियर सिटीजन के लिए एक सुरक्षित राज्य है। उत्तराखण्ड 0.8 से कम अपराध दर के साथ श्रेणी में असम के बाद दूसरा सुरक्षित राज्य है।

क्राइम इन इंडिया 2021 की रिपोर्ट

क्राइम इन इंडिया 2021 की रिपोर्ट

क्राइम इन इंडिया 2021 की रिपोर्ट में चोरी हुई संपत्ति की रिकवरी में उत्तराखंड पुलिस 68 7 प्रतिशत के साथ नंबर वन पर है । जो कि अन्य समस्त राज्यों के राष्ट्रीय औसत 30 2 प्रतिशत के दुगने से भी अधिक है। उत्तराखंड पुलिस के बाद तमिलनाडु 64.8 प्रतिशत दूसरे नंबर एवं हिमाचल प्रदेश 55 प्रतिशत रिकवरी के साथ तीसरे नंबर पर है।

स्मार्ट पुलिस के विजन के अंतर्गत की गई पुलिसिंग का नतीजा

स्मार्ट पुलिस के विजन के अंतर्गत की गई पुलिसिंग का नतीजा

पुलिस महानिदेशक उत्तराखंड अशोक कुमार ने बताया कि चोरी के मामलों में आधुनिक तकनीक के अधिकतम प्रयोग से राज्य पुलिस को यह सफलता प्राप्त हुई है। उत्तराखंड पुलिस के द्वारा चोरी की घटनाओं में गहनता से विवेचना करते हुए अभियुक्तों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई के साथ ही संपत्ति की प्राप्ति हेतु किए गए विशेष प्रयासों के कारण राज्य पुलिस का रिकवरी रेट देश में सबसे अधिक है। उन्होंने कहा कि यह प्रधानमंत्री के स्मार्ट पुलिस के विजन के अंतर्गत की गई पुलिसिंग का नतीजा है।

उत्तराखण्ड में सुरक्षित माहौल ज्यादा

उत्तराखण्ड में सुरक्षित माहौल ज्यादा

प्रोफेशनल पुलिसिंग से अन्य राज्यों की अपेक्षा उत्तराखण्ड में सुरक्षित माहौल ज्यादा है। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो ,एनसीआरबी की क्राइम इन इंडिया 2021 रिपोर्ट के अनुसार उत्तराखंड सीनियर सिटीजन के लिए एक सुरक्षित राज्य है। उत्तराखण्ड 0.8 से कम अपराध दर के साथ श्रेणी में असम के बाद दूसरा सुरक्षित राज्य है। वर्ष 2021 में राज्य में वरिष्ठ नागरिकों के साथ हुए अपराधों के कुल 07 मामले दर्ज हुए। इस सम्बन्ध में राष्ट्रीय औसत 24.5 है।

दो अफसरों को स्मार्ट पुलिसिंग अवार्ड

दो अफसरों को स्मार्ट पुलिसिंग अवार्ड

उत्तराखण्ड पुलिस को दो अफसरों को स्मार्ट पुलिसिंग अवार्ड से नवाजा गया है। देश भर के राज्यो, सेंट्रल पैरा मिलिट्री ऑर्गेनाइजेशन में 192 एंट्रीज में से उत्तराखंड के दो अधिकारियों का चयन हुआ है। उत्तराखण्ड पुलिस ने एक बार फिर प्रदेश का मान राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ाया है। नई दिल्ली में आयोजित एक समारोह में फेडरेशन ऑफ इंडियन चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री FICCI द्वारा पुलिस महानिरीक्षक, एससीआरबी / महा समादेष्टा होमगार्ड व सिविल डिफेन्स केवल खुराना और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ अजय सिंह को स्मार्ट पुलिसिंग अवार्ड से सम्मानित किया गया।

पुलिसिंग में बेहतर कार्य करने पर सम्मान

पुलिसिंग में बेहतर कार्य करने पर सम्मान

फेडरेशन ऑफ इंडियन चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा प्रत्येक वर्ष पुलिसिंग में बेहतर कार्य करने पर यह सम्मान प्रदान किया जाता है। वर्ष 2021 के लिए केवल खुराना को पहला अवार्ड Road Safety & Traffic Management श्रेणी के तहत सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के लिए बनाए गए Uttarakhand Traffic Eyes App के लिए दिया गया। पुलिस महानिरीक्षक केवल खुराना द्वारा निदेशक यातायात, उत्तराखण्ड के पद पर रहते हुए राज्य में आये दिन लगने वाले जाम की समस्या से निजात दिलाने एवं यातायात व्यवस्था को सदृढ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई गई। इस दौरान 29 फरवरीए 2020 को उनके निर्देशन में यातायात निदेशालय द्वारा Uttarakhand Traffic Eyes App का शुभारम्भ किया गया, जिसका उद्देश्य यातायात व्यवस्था बनाने और नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरूद्व वैधानिक कार्यवाही किये जाने में आम जनता को उत्तराखण्ड पुलिस की आंखों की तरह प्रयोग कर उनका सहयोग लेना है। Uttarakhand Traffic Eyes App को वर्तमान में Uttarakhand Police App में इंट्रीग्रेड किया गया है।

साइबर हैकाथॉन का दूसरा संस्करण आयोजित करने वाली पहली राज्य पुलिस

साइबर हैकाथॉन का दूसरा संस्करण आयोजित करने वाली पहली राज्य पुलिस

दूसरा अवार्ड अजय सिंह को Cyber Crime Management श्रेणी में स्मार्ट पुलिसिंग की पहलों के लिए शुरू किए गए e-Suraksha Chakra 2.0 के लिए प्रदान किया गया। स्पेशल टास्क फोर्स उत्तराखण्ड राज्य में घटित गम्भीर प्रकृति के अपराधों, साइबर क्राईम के अपराधों की रोकथाम के लिए नोडल एजेन्सी के रुप में कार्यरत है । स्पेशल टास्क फोर्स द्वारा सयुक्त रुप से घटित साइबर क्राईम, वित्तीय हानि के अपराधों के प्रति आम जनता को जागरुक किये जाने के लिए व्यापक स्तर पर कार्य किया जा रहा है । साथ ही समय समय. पर सम्पूर्ण भारतवर्ष से ऐसे अपराधियों की गिरफ्तारी कर साइबर क्राईम के अपराधों में काफी हद तक अंकुश लगाया गया है। साइबर अपराधों से निपटने के लिए साइबर हैकाथॉन का दूसरा संस्करण Hackathon 2.0 आयोजित करने वाली देश की पहली राज्य पुलिस बनी।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+