भाजपा के अनिल बलूनी के उत्तराखंड में हाउसफुल बयान के बाद चढ़ा सियासी पारा, कांग्रेस के निशाने पर आए बलूनी
उत्तराखंड में भाजपा कांग्रेस में दलबदल को लेकर बहस
देहरादून, 25 सितंबर। उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव से पहले दलबदल को लेकर एक बार फिर राजनैतिक गलियारों में चर्चांऐ तेज हो गई है। भाजपा ने दो विधायकों को अपने पाले में लाकर कांग्रेस को तगड़ा झटका दिया तो कांग्रेस ने भी भाजपा के कई विधायकों के संपर्क में होने का दावा किया था, हालांकि लंबा समय बीत जाने के बाद अभी कांग्रेस किसी बड़े चेहरे को अपने पाले में लाने में कामयाब नहीं हुआ है। ऐसे में भाजपा को एक बार फिर कांग्रेस पर हमला करने का मौका मिल गया है।

बलूनी बोले-हरदा को छोड़कर हर कोई भाजपा में आने का इच्छुक
भाजपा की और से राज्यसभा सांसद व भाजपा के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनिल बलूनी के बयान से दलबदल को लेकर एक बार फिर कयास लगने शुरू हो गए हैं। अनिल बलूनी ने देहरादून में एक कार्यक्रम में कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और उनके इर्द-गिर्द एक दो लोगों को छोड़कर हर कांग्रेसी भाजपा में आने का इच्छुक है और संपर्क कर रहा है। लेकिन भाजपा में हाउस फुल है। अनिल बलूनी के हाउसफुल बयान के बाद कांग्रेस में हलचल तेज हो गई है।
गणेश और हरदा ने संभाला मोर्चा
कांग्रेस की और से प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने सबसे पहले मोर्चा संभालते हुए कहा कि 15 दिन के अंदर ये साफ हो जाएगा कि हाउसफुल कहां है। गणेश ने ये भी कहा कि भाजपा के कई नेता हमोर संपर्क में हैं। जितने भी लोग हमारे संपर्क में हैं। हम उनमें से कुछ को ही पार्टी में शामिल करेंगे। अनिल बलूनी ने हरीश रावत पर तंज कसा तो हरीश रावत कहां पीछे रहने वाले थे। हरीश रावत ने हाउसफुल के बयान पर चुटकी लेते हुए कहा कि लगता है उज्याड़ू बल्द से बहुत जल्दी मेरे प्रिय अनुज घबरा गए हैं। 2017 विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस से बागी हुए विधायकों को हरीश रावत उज्याड़ू बल्द कहकर पुकारते हैं। हरीश रावत ने कहा कि बलूनी बेशक दल-बदल कराने में पारंगत हो गए हों। परंतु भाजपा अपने नेताओं व कार्यकर्ताओं का दलबदल-धन बल से दूसरी पार्टी की कीमत पर उनके अधिकार को लेकर किए जाने वाले मुखर विरोध से भी त्रस्त हो रही है। बलूनी को अपने घर को संभाल कर रखने की सलाह देते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता ने भी भाजपा के दल-बदल के पाप को देखा है। सर्वोच्च न्यायालय ने भी इसको पाप माना था। बता दें कि भाजपा के अंदरखाने सर्वे में खराब परफोर्मेेंस और टिकट कटने के डर से कुछ विधायक कांग्रेस के संपर्क में है। हालांकि फिलहाल इन विधायकों के कांग्रेस में जाने की संभावना कम ही है। लेकिन कांग्रेस अध्यक्ष के 15 दिन के बयान के बाद सियासी पारा बढ़ना तय है।
बजट के खर्च की सुस्ती पर राज्य सरकार को घेरा
हरीश रावत ने बजट के धन खर्च की सुस्ती पर भी राज्य सरकार को घेरा है और कहा कि मैंने बजट खर्च न करने के लिये उत्तराखंड सरकार पर कुछ सवाल दागे थे। आज मैं फिर से केंद्र पोषित योजनाओं की स्वीकृति और केंद्र पोषित योजनाओं में धन न खर्च कर पाने की राज्य की असमर्थता पर सवाल उठा रहा हूं। जब आप पैसा खर्च नहीं करेंगे तो फिर बजट का आकार आप कितना ही बना लीजिये, कोई लाभ नहीं है। हमारे राज्य की अर्थव्यवस्था का विस्तार रुक गया है, प्रति व्यक्ति औसत आय की वृद्धि दर जो हमारे समय में 37 प्रतिशत वार्षिक थी, वो अब घटकर के 8 प्रतिशत पर आ गई है। रोजगार वृद्धि दर शून्य से नीचे की तरफ, नकारात्मक दिशा की तरफ जा रही है।












Click it and Unblock the Notifications