CM Yogi Adityanath: सीएम योगी ने कर व्यवस्था में पारदर्शिता और तकनीकी दक्षता बढ़ाने के दिए कड़े निर्देश
CM Yogi Adityanath News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में कर व्यवस्था को पारदर्शी और तकनीकी रूप से मजबूत बनाने के लिए अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं। शुक्रवार को लखनऊ में हुई समीक्षा बैठक में उन्होंने साफ किया कि कर चोरी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ईमानदार करदाताओं को सुविधा मिले और कर अपवंचन करने वालों पर सख्त कार्रवाई हो।
बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से अपील की कि वे सिर्फ आंकड़ों तक सीमित न रहें, बल्कि प्रदेश के सामाजिक और आर्थिक विकास में सक्रिय भागीदार बनें। उन्होंने यह भी कहा कि व्यापारियों के साथ संवाद बढ़ाया जाए ताकि कर प्रणाली में विश्वास बना रहे। योगी ने जोर देकर कहा कि नवाचारों को अपनाना और टेक्नोलॉजी का उपयोग कर सिस्टम को ज्यादा सरल और पारदर्शी बनाया जाए।

समीक्षा बैठक के दौरान बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2024-25 में राज्य कर विभाग ने 1.14 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का राजस्व संग्रह किया है। अब नए वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए सरकार ने 1.75 लाख करोड़ रुपये का बड़ा लक्ष्य रखा है। अप्रैल महीने में 9,986 करोड़ रुपये का संग्रह हुआ, जिसे सरकार ने संतोषजनक बताया है।
कुछ ज़ोन चमके, कुछ पर उठे सवाल
मुख्यमंत्री ने गौतमबुद्ध नगर, अयोध्या, लखनऊ द्वितीय, अलीगढ़, कानपुर प्रथम और झांसी जैसे ज़ोन की सराहना की, जहां अप्रैल में 60 प्रतिशत से ज्यादा लक्ष्य पूरा किया गया। खासकर लखनऊ ने 71.66 प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर दूसरों के लिए उदाहरण पेश किया।
हालांकि, मुख्यमंत्री ने कुछ ज़ोन और सेक्टरों पर नाराजगी भी जताई। उन्होंने कहा कि वाराणसी, इटावा, गोरखपुर, कानपुर द्वितीय और आगरा को बेहतर प्रदर्शन करना होगा। इसके अलावा मुज़फ्फरनगर, मेरठ, सहारनपुर और जालौन के कुछ सेक्टरों में भी सुधार की आवश्यकता है।
अधिकारियों को ठोस कार्ययोजना बनाने का निर्देश
योगी आदित्यनाथ ने संबंधित अधिकारियों को सख्त हिदायत दी कि वे अपने-अपने क्षेत्रों के लिए ठोस और क्षेत्रीय कार्ययोजना बनाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि लक्ष्य पूर्ति के लिए हर स्तर पर सुनियोजित प्रयास जरूरी हैं ताकि निर्धारित लक्ष्यों को समय से पूरा किया जा सके।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मुख्यमंत्री ने एडिशनल कमिश्नरों से भी संवाद किया और उनके अधीन अधिकारियों की उपलब्धता की समीक्षा की। उन्होंने फील्ड में आ रही चुनौतियों पर चर्चा करते हुए व्यापारियों के साथ सतत संवाद बनाये रखने के निर्देश दिए।
तकनीकी सशक्तिकरण की रफ्तार और तेज करने का आह्वान
बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि कर विभाग को तकनीकी सशक्तिकरण की दिशा में तेजी से काम करना होगा। आईटी टूल्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डेटा एनालिटिक्स का भरपूर इस्तेमाल कर संग्रहण क्षमता बढ़ाई जा सकती है।
योगी आदित्यनाथ ने यह भी कहा कि करदाताओं को सरल और भरोसेमंद अनुभव देना विभाग की प्राथमिकता होनी चाहिए। फील्ड अधिकारी व्यापारियों को सही समय पर रिटर्न फाइल करने में मदद करें ताकि करदाताओं में सकारात्मक माहौल बने।












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