Lok sabha elections 2024: अखिलेश यादव किस सीट से चुनाव लड़ेंगे? ये दो सीटें चर्चा में
Lok sabha elections 2024, समाजवादी पार्टी ने मंगलवार को 2024 के लोकसभा चुनावों के लिए अपने प्रत्याशियों की पहली सूची जारी कर दी। पार्टी ने पहली लिस्ट में 16 उम्मीदवारों के नामों का ऐलान किया है।पहली लिस्ट में पत्नी डिंपल यादव, चचेरे भाई धर्मेंद्र यादव, अक्षय यादव को टिकट दिए गए हैं।
इस लिस्ट में उनके चाचा शिवपाल सिंह यादव या फिर उनके बेटे आदित्य यादव के नामों का ऐलान नहीं किया गया है। इसी बीच ऐसी खबरें सामने आ रही है कि, अखिलेश यादव दो सीटों पर चुनाव चल सकते हैं।

मीडिया में चल रही खबरों के मानें तो अखिलेश यादव कन्नौज और आमजगढ़ सीट से लोकसभा चुनाव लड़ सकते हैं। बता दें कि, 2019 के लोकसभा चुनावों में अखिलेश यादव आजमगढ़ सीट से चुनाव जीतकर संसद पहुंचे थे। लेकिन विधानसभा चुनाव लड़ने के बाद उन्होंने आजमगढ़ सीट से इस्तीफा दे दिया था। जिसके बाद इस सीट पर उपचुनाव हुआ था। जिसमें बीजेपी के प्रत्याशी दिनेश यादव निरहुआ ने धर्मेंद्र यादव को एक करीबी मुकाबले में हरा दिया था।
जिसके बाद माना जा रहा है कि, अखिलेश यादव एक बार फिर से अपनी इस लोकसभा सीट पर वापसी कर सकते हैं। बता दें कि हाल ही में अखिलेश यादव ने कन्नौज में ऐलान किया था कि वे लोकसभा का चुनाव लड़ेंगे। लेकिन उन्होंने इस बात का खुलासा नहीं किया था। कि वे किस सीट से चुनाव लड़ेंगे। ऐसे इस बात के कयास लग रहे हैं कि अखिलेश दो सीटों पर चुनाव लड़ सकते हैं। हालांकि पार्टी की ओर से इसकी पुष्टि नहीं की गई है।
वहीं दूसरी ओर समाजवादी पार्टी की ओर से पहली लिस्ट जारी किए जाने के बाद सियासी गलियारों में गलियारों में शिवपाल सिंह यादव के नाम को लेकर भी चर्चा चल रही है। ऐसे भी कयास लगाए जा रहा है कि, समाजवादी पार्टी आजमगढ़ सीट से शिवपाल सिंह को मैदान में उतार सकती है। हालांकि शिवपाल यादव अभी विधायक हैं। ऐसे में वे अपने बेटे को आजमगढ़ से उतार सकते हैं।
इसके अलावा एक खबर ये भी चल रही है कि, अखिलेश यादव ये चाहते हैं कि, शिवपाल यादव जिस तरह से समाजवादी पार्टी के संगठन को संभाल रहे हैं। वह उसी तरह से लोकसभा चुनावों संगठन की देखरेख करें। यही नहीं लोकसभा चुनावों के दौरान शिवपाल यादव पर रैलियों और कार्यक्रमों की जिम्मेदारी भी होगी। ऐसे में शिवपाल यादव को चुनाव से मुक्त रखा जाए। वे संगठन और पार्टी का कामकाज देखें।
अगर समाजवादी पार्टी इस स्थिति में आती है कि, वह केंद्र की सरकार में शामिल होगी, या अहम भूमिका निभाती है, तो राज्य की जिम्मेदारी शिवपाल सिंह यादव को सौंपी जा सकती है। ऐसी स्थिति में नेता प्रतिपक्ष शिवपाल सिंह यादव को बनाया जा सकता है। जिसे फिलहाल खुद अखिलेश यादव संभाल रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications