• search

हिंदू मु्स्लिम एकता की मिसाल है बलिया में आयोजित होने वाली लट्ठपूजा

Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    बलिया। उत्तर प्रदेश के बलिया जनपद के रसड़ा तहसील में ऐतिहासिक रोट (लट्ठ) पूजन का आयोजन किया गया। जहां हजारों लोगों ने श्री नाथ बाबा की जन्मस्थली पर लाठियों को लड़ाकर पूजन किया। गंगा यमुनी सभ्यता का प्रतीक यह पूजन अंग्रजों द्वारा जजिया कर के खिलाफ शुरू किया गया था।

    बलिया में हुआ एतिहासिक लट्ठ पूजा का आयोजन, हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल है यह पूजा

    लाठियों की चटकार और गूंजते नारों के बीच बलिया के ऐतिहासिक रोट पूजन का आयोजन रसड़ा तहसील के महाराज पुर के मठ पर किया गया। सिद्ध संत श्री नाथ बाबा की जन्मस्थली पर हजारों श्रद्धालुओं ने लाठियों का प्रदर्शन करते हुए रोट चढ़ाया। बसपा विधायक उमाशंकर सिंह ने कहा कि यह गंगा यमुनी सभ्यता का प्रतीक एक ऐसा आयोजन है जहां पहले रोशन साह की मजार की पूजा होती है फिर श्री नाथ बाबा को रोट चढ़ाया जाता है।

    यहां के मठाधीश अवध बिहारी के अनुसार, सेंगर वंशियों के लिए यह पूजन खासा महत्व रखता है। दरसल आजादी के पूर्व अंग्रेजों द्वारा किसानों के शोषण के लिए जजिया कर लगाया गया था। उस दौरान रोशन शाह और श्रीनाथ बाबा मित्र हुआ करते थें। जिन्होंने लाठियों के बल पर जजिया कर का विरोध किया और किसानों को मुक्ती दिलाई। श्रीनाथ बाबा के 6 मठ हैं जहां हर 2 वर्ष बाद रोट पूजन का आयोजन किया जाता है। यहां लोग अपने अपने गावों व घरों से लाठियां लेकर आते है।

    चलिये आपको बताते हैं इसके पीछे की पूरी कहानी, बलिया के महाराजपुर गांव में रक्षाबंधन के दिन श्रीनाथ बाबा के मंदिर पर लाखों की संख्या में भक्त अपने अपने हांथो में लाठियां लेकर आते है और श्रीनाथ बाबा की पूजा और परिक्रमा करते हैं। दरअसल परंपरा के अनुसार यहां के किसानों पर अंग्रेजी हुकूमत ने जजिया कर लगा दिया था और इस नए जजिया कर से परेशान किसानों ने श्रीनाथ बाबा से जजिया कर से मुक्त कराने का निवेदन कर दिया। तब श्रीनाथ बाबा ने परेशान किसानों को इन्ही लाठियों के बल पर अंग्रेजों से लड़ कर जजिया कर से मुक्त कराया था। तभी से ये अनोखी लट्ठ पूजा यहां के सेंगर राजपूतो के लिए परंपरा बन गयी जहां हर साल रक्षाबंधन के दिन हजारों गांवों के लाखों लोग फूलों से पूजा करने के बजाय जगह लाठियों से पूजा करते आ रहे हैं। इस पूजा में आज क्षेत्रीय बीएसपी विधायक उमाशंकर सिंह और सपा से राज्य सभा सांसद नीरज शेखर की उपस्थिति में एक बच्चे ने श्रीनाथ बाबा पर लिखी पुस्तक का विमोचन किया।

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    English summary
    seminar araange in balia of woods worship, symbol of hindu and muslim unity

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    Notification Settings X
    Time Settings
    Done
    Clear Notification X
    Do you want to clear all the notifications from your inbox?
    Settings X
    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more